- Hindi News »
- Maharashtra »
- Nagpur »
- Obc Protest Against Maratha Inclusion Hyderabad Gazette
मराठा हुए शांत अब OBC में उठेगा तूफान! कोर्ट जाने की तैयारी, महाराष्ट्र में फिर मचेगा बवाल
- Written By: आकाश मसने
OBC Protest: हैदराबाद गजट के आधार पर मराठा समुदाय को ओबीसी में शामिल करने पर ओबीसी संगठनों ने आपत्ति जताई। इसे 'घुसपैठ' बताया और न्यायालय में चुनौती देने की तैयारी की।

अनशन पर बैठे ओबीसी नेता (फोटो नवभारत)
Maharashtra News: हैदराबाद गजट लागू करते हुए वहां की लाखों प्रविष्टियां तथा मराठवाड़ा और पश्चिम महाराष्ट्र के कुनबी, कुनबी-मराठा तथा मराठा-कुनबी होने वाले और उनके रक्त संबंधियों को जाति वैधता प्रमाणपत्र मिलेगा। अर्थात वे ओबीसी में शामिल हो जाएंगे। यह एक प्रकार से एक जाति में दूसरी जाति की घुसपैठ है। राज्य सरकार को ऐसी घुसपैठ करने का अधिकार नहीं है। संवैधानिक दृष्टि से यह कानून के दायरे में नहीं आता। इसलिए इसके विरोध में न्यायालय में जाएंगे। यह इशारा ओबीसी संगठनों ने दिया है।
सरकार के जीआर से विदर्भ के ओबीसी में संदेह का तूफान खड़ा हो गया है और कई संगठनों के पदाधिकारी अब कानूनी सलाह ले रहे हैं। कुछ ने तो न्यायालय में जाने का मसौदा भी तैयार कर लिया है।
सरकार के दबाव में लिया गया निर्णय
राष्ट्रीय ओबीसी मुक्ति मोर्चा के मुख्य संयोजक नितिन चौधरी ने सरकार के जीआर पर विशेषज्ञों से सलाह ली। उनके अनुसार न्यायालय में जाने की तैयारी चल रही है। सरकार ने दबाव में लिया हुआ यह निर्णय है। सरकार एक जाति में दूसरी जाति को शामिल नहीं कर सकती। साथ ही उपसमिति द्वारा ऐसे निर्णय दिए नहीं जा सकते।
सम्बंधित ख़बरें
Mumbai-Ahmedabad की सुरंगों पर बन रहा टनल हुड्स, 300 Km/Hr की रफ्तार, सुरंगों में नहीं बनेगा सोनिक बूम
अमरावती जिला परिषद की समीक्षा बैठक, विकास योजनाओं में तेजी लाने के निर्देश
अंतरराष्ट्रीय साइकिलिस्टों से फिर सजेगा पुणे, ‘Pune Grand Tour 2027’ की तैयारियां हुई शुरू
अकोला में निःशुल्क पाठ्यपुस्तकों की कमी, हजारों विद्यार्थियों की पढ़ाई पर संकट
न्यायमूर्ति शिंदे समिति पिछले 2 वर्ष से मराठा आरक्षण का अध्ययन कर रही है। उन्हें अब तक समाधान नहीं मिला। उपसमिति को सिर्फ 5 दिनों में इस विवाद का उत्तर कैसे मिला, यह सवाल भी उठाया जा रहा है।
पितृसत्तात्मक वंशावली जरूरी
किसी को प्रमाणपत्र देते समय जाति की सत्यता पितृसत्तात्मक वंशावली से मानी जाती है। इस जीआर के अनुसार खेती करने वाला मराठा और उसकी प्रविष्टि, साथ ही उसने हलफनामे में रिश्तेदार का उल्लेख किया हो तो उसे ओबीसी का प्रमाणपत्र मिलेगा, ऐसा प्रावधान है लेकिन जाति प्रमाणपत्र ऐसे ही बांटे नहीं जाते। उसके लिए एक निर्धारित प्रक्रिया होती है। इस तरह सरसरी तौर पर जाति प्रमाणपत्र नहीं दिया जा सकता। ऐसा विशेषज्ञों का कहना है।
उपसमिति को संवैधानिक दर्जा कैसे?
चौधरी ने कहा कि जीआर या निर्णय लेने का अधिकार सरकार यानी मंत्रिमंडल को होता है। उपसमिति संवैधानिक नहीं है। उन्होंने कैसे निर्णय लिया? चौधरी ने कहा कि इसलिए यह कानून के दायरे में नहीं आएगा। जब यह मुद्दा न्यायालय में उठेगा तब सरकार को इन सभी सवालों के उत्तर देने होंगे।
यह भी पढ़ें:- जीआर जारी सस्पेंस बरकरार…क्या मराठों को मिलेगा लाभ? जानिए क्या कहते हैं एक्सपर्ट
लाभार्थी बोल नहीं सकते
कुछ ओबीसी नेता कह रहे हैं कि सरकार के निर्णय से ओबीसी को कोई नुकसान नहीं है लेकिन उनका अध्ययन अधूरा लगता है। उन्हें कुनबी के रूप में प्रमाणपत्र मिलना यानी ओबीसी में मान्यता पाना है। यह ओबीसी में शामिल किए जाने की प्रक्रिया है। यानी ओबीसी के आरक्षण में अब तक जो हिस्सा उन्हें नहीं मिला था, वह अब देना होगा।
आज मंत्री छगन भुजबल विरोध कर रहे हैं। वे व्यवस्था के लाभार्थी हैं। वे मंत्री हैं। उसी मंत्रिमंडल की उपसमिति ने जीआर निकालने का निर्णय लिया। तब उन्होंने विरोध क्यों नहीं किया? यह सवाल भी चौधरी ने उठाया। उन्होंने स्पष्ट तौर पर कहा कि इस निर्णय के खिलाफ न्यायालय में न जाने वाले सभी लोग व्यवस्था के लाभार्थी होंगे।
Obc protest against maratha inclusion hyderabad gazette
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
लेटेस्ट न्यूज़
वायुसेना के विमान में तकनीकी खराबी या कुछ और? कैसे हुआ IAF का AN-32 प्लेन क्रैश!
Jun 13, 2026 | 08:15 PMMumbai-Ahmedabad की सुरंगों पर बन रहा टनल हुड्स, 300 Km/Hr की रफ्तार, सुरंगों में नहीं बनेगा सोनिक बूम
Jun 13, 2026 | 08:13 PMमधुर विरली के विवादित रेप जोक पर भड़कीं Uorfi Javed, बोलीं- पुरुष कॉमेडियन्स अपनी टीम में महिलाओं को भी रखें
Jun 13, 2026 | 08:03 PMअमरावती जिला परिषद की समीक्षा बैठक, विकास योजनाओं में तेजी लाने के निर्देश
Jun 13, 2026 | 07:49 PMChanakya Niti : जीवन में कामयाबी पाने के 5 मंत्र, जो बोल गए आचार्य चाणक्य, आज़मा कर देख लीजिए
Jun 13, 2026 | 07:44 PMअंतरराष्ट्रीय साइकिलिस्टों से फिर सजेगा पुणे, ‘Pune Grand Tour 2027’ की तैयारियां हुई शुरू
Jun 13, 2026 | 07:32 PMराम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में 3 सदस्यीय SIT गठित, कमिश्नर-IG को जांच की कमान, 15 दिन में सच आएगा सामने
Jun 13, 2026 | 07:29 PMवीडियो गैलरी

असम का ‘डेंजर जोन’ कनेक्शन! 2026 में यहीं क्रैश हुआ था सुखोई, अब AN-32 विमान दो टुकड़ों में बंटा- VIDEO
Jun 13, 2026 | 07:16 PM
Europe Mission पर PM Modi! क्यों बढ़ी दुनिया की नजर? क्या है भारत का सीक्रेट प्लान?
Jun 13, 2026 | 05:11 PM
घर में घुसकर मारेंगे… CM योगी ने दी कड़ी चेतावनी; रक्षा नीति में पुरानी सरकार की खोली पोल- देखें VIDEO
Jun 13, 2026 | 01:51 PM
गाजियाबाद में ‘जिम-जिहाद’ पर प्रशासन सख्त, पहचान छुपाने वाले ट्रेनरों में हड़कंप; देखें VIDEO
Jun 13, 2026 | 01:37 PM
MP में UCC पर आया नया अपडेट, CM मोहन यादव ने बैठक में लिया बड़ा फैसला; देखें VIDEO
Jun 13, 2026 | 01:19 PM
कानपुर से दिल्ली जा रहे मोहन भागवत की ट्रेन पर हमला! फिरोजाबाद स्टेशन के पास की घटना, देखें VIDEO
Jun 12, 2026 | 11:11 PM











