नागपुर में सियासत गरमाई, NCP की नई सूची से बढ़ीं चर्चाएं, प्रफुल पटेल-तटकरे पर क्यों उठे सवाल?
Maharashtra Political News: राष्ट्रवादी कांग्रेस अजीत पवार गुट की नई कार्यकारिणी सूची में वरिष्ठ नेताओं के पद उल्लेख नहीं होने से सियासी चर्चाएं तेज हो गई हैं। पार्टी ने इसे प्रिंटिंग मिस्टेक बताया।
- Written By: अंकिता पटेल
कांग्रेस नेता नाना पटोले(सोर्स: सोशल मीडिया)
Maharashtra Political Discussion: नागपुर राष्ट्रवादी कांग्रेस अजीत पवार गुट की नई राष्ट्रीय कार्यकारिणी की सूची से राष्ट्रीय कार्याध्यक्ष प्रफुल पटेल और प्रदेशाध्यक्ष सुनील तटकरे के नाम के सामने उनके पद का उल्लेख ही नहीं है। हालांकि इसे सुनेत्रा पवार ने प्रिंटिंग मिस्टेक बताया है लेकिन दोनों दिग्गज नेताओं के नाम सूची में नहीं होने के चलते राजनीतिक महकमे में उलट-सुलट चर्चा शुरू हो गई है।
कांग्रेस नेता नाना पटोले ने तो प्रफुल पटेल के जख्मों पर नमक रगड़ते हुए इसे पटेल का अपमान बताया है। सूची में नाम नहीं होने के बाद से पटेल को पद से तो नहीं हटा दिया गया, यह शंका जताई जा रही है।
राष्ट्रीय अध्यक्ष सुनेत्रा पवार ने भले की प्रिंटिंग मिस्टेक बताकर पर्दा डालने का प्रयास किया है लेकिन अजीत पवार के निधन के बाद से जिस तरह पटेल व तटकरे को पवार परिवार ने साइड किया है उससे पार्टी के भीतर सब कुछ सही नहीं है यह चर्चा है। इसके पहले भी जब पटेल को साइड करने की चर्चा चली थी तब पार्थ पवार ने संभालने की कोशिश की थी।
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हो सकता है बड़ा फेरबदल
भंडारा-गोंदिया जिले में वर्वस्व बनाए रखने के लिए पटोले व पटेल के बीच हमेशा संघर्ष देखने को मिलता है। लोकसभा चुनाव से लेकर जिला बैंक या दूध संघा तक दीनों नेताओं द्वारा एक दूसरे को नीचा दिखाने का अवसर नहीं छोड़ा जाता है। अब पटीले ने पटेल पर चिमटी ली है। पटीले ने कहा कि प्रफुल पटेल पार्टी स्थापना के सम्मय से साथ है।
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अजीत पवार द्वारा पार्टी पफोड़ने के बाद भी उन्होंने दिल्ली में पार्टी की दाल की तरह काम किया लेकिन अब उन्हें साइड किया जा रहा है तो यह उनका बड़ा अपमान है, राकां की अंदरूनी कलह के कारण विदर्भ की राजनीति में आगामी समय में बड़ा फेरबदल होने की संभावना जताई जा रही है।
