

President Award: नागपुर सिटी के लिए गर्व की बात थी। राष्ट्रपति भवन में नागपुर की बेटी अबोली विजय जारित को उनकी सेवा, प्रेरणा, समाज के लिए किए गए कार्यों को देखते हुए ‘सर्वश्रेष्ठ दिव्यांगजन पुरस्कार’ से सम्मानित किया गया। राष्ट्रपति भवन में बुधवार को दिव्यांगजन सशक्तिकरण के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार के सर्वश्रेष्ठ दिव्यांगजन पुरस्कार से सम्मानित किया।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने नागपुर की अबोली विजय जारित को व्यक्तिगत उत्कृष्टता श्रेणी में पुरस्कार प्रदान किया। अबोली ने ‘नवभारत’ से चर्चा करते हुए बताया कि वे धंतोली में रहती हैं। मां एक निजी कंपनी में काम करती हैं। 22 वर्षीय अबोली ग्रेजुएशन कर चुकी हैं। शुरू से ही उन्हें देश-समाज के लिए कुछ करने की इच्छा थी।
इसी उद्देश्य को लेकर वे कई सेक्टर में कार्य कर रही हैं। दिव्यांग होने के बाद भी उनके हौसले काफी बुलंद हैं। दिव्यांगता को मात देकर खुद व्हीलचेयर में होने के बाद भी वे रोगियों को प्रेरित करती हैं। अपने भाषणों से आशा की किरण जगाती हैं। रोगियों को निराशा से बाहर निकलने के लिए मानसिक रूप से तैयार करती हैं।
इतना ही नहीं, वे मोटिवेशनल स्पीकर भी हैं और नेशनल-इंटरनेशनल आर्टिस्ट भी। अबोली गाना भी गाती हैं और लोगों को ‘हैप्पीनेस’ का संदेश भी देती हैं। अबोली ने बताया कि अब तक उन्हें कई पुरस्कार मिल चुके हैं लेकिन यह सबसे खास है क्योंकि यह देश और नागपुर की शान में इजाफा करता है।