

Nagpur Cheating Case: नागपुर शहर में मोदी योजना और निराधार योजना के नाम पर बुजुर्ग महिलाओं को ठगने वाली शातिर महिला आखिरकार पुलिस के हत्थे चढ़ गई। तहसील थाना पुलिस ने गोंदिया जिले के आमगांव से इस महिला को गिरफ्तार किया। आरोपी का नाम निशिगंधा उर्फ ज्योति रामटेके है। उसने एक ही दिन में तहसील और जरीपटका थाना क्षेत्रों में दो बुजुर्ग महिलाओं से सरकारी योजनाओं का लालच देकर सोने के गहने ठगे थे।
पहली वारदात तहसील थाना क्षेत्र की है, जहां घरों में काम करने वाली पाचपावली निवासी ताराबाई शिवनारायण हेडावु (70) को ठगा गया। 9 नवंबर की दोपहर पाचपावली फाटक के पास निहाल स्पोर्ट्स के समीप एक महिला ने उन्हें रोका। उसने खुद को सरकारी कर्मचारी बताते हुए कहा कि मोदीजी की योजना के तहत ताराबाई के बैंक खाते में पैसे भेजे गए हैं, जो उनके मोबाइल स्क्रीन पर दिखाई दे रहे हैं।
राशि प्राप्त करने के लिए महिला ने ताराबाई से उनका सोने का मंगलसूत्र गिरवी रखने को कहा। भरोसा कर ताराबाई ने 5 ग्राम सोने का मंगलसूत्र (कीमत लगभग 40,000 रुपये) उसे दे दिया। आरोपी महिला ने कहा कि वह पैसे लेकर लौटेगी, लेकिन वह मौके से फरार हो गई।
दूसरी घटना जरीपटका थाना क्षेत्र की है। कामठी रोड निवासी सुमन श्यामराव टेभुर्णे (80) दोपहर के समय घर लौट रही थीं। आईटीआई मैदान के पास लगभग 35-40 वर्ष की एक महिला ने उनसे कहा कि वह निराधार योजना के कार्ड बनवाने का काम करती है, जिसके तहत हर माह 7,000 रुपये की सरकारी सहायता मिलती है। कार्ड बनाने के लिए गहना गिरवी रखने की बात कहकर उसने सुमन को झांसे में लिया। सुमन ने 6 ग्राम की सोने की पोत (कीमत लगभग 30,000 रुपये) उसे सौंप दी, जिसके बाद वह भी फरार हो गई।
दोनों मामलों में पुलिस ने शिकायतें दर्ज कर जांच शुरू की। तहसील पुलिस को सीसीटीवी फुटेज में एक ही महिला द्वारा की गई दोनों वारदातों के स्पष्ट सुराग मिले। पुराने अपराध रजिस्टर की जांच में सामने आया कि वर्ष 2022 में कलमना और कामठी थानों में इसी प्रकार की धोखाधड़ी के मामले दर्ज हुए थे, जिनमें निशिगंधा उर्फ ज्योति रामटेके आरोपी थी।
इसके आधार पर पुलिस ने तलाश अभियान शुरू किया और उसे आमगांव से हिरासत में लिया। पूछताछ में उसने दोनों ठगी की घटनाओं को अंजाम देने की बात कबूल कर ली है। फिलहाल पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।