
भारसिंगी बनी आदर्श ग्रामपंचायत (सौजन्य-नवभारत)
Adarsh Gram Panchayat Nagpur: मुख्यमंत्री समृद्ध पंचायत राज अभियान के माध्यम से गट ग्रामपंचायत भारसिंगी (सहजापुर) में केवल विकास कार्य ही नहीं हुए, बल्कि जनसहभागिता के बल पर गांव के भविष्य को एक नई दिशा मिली है। आज यह ग्रामपंचायत आईएसओ प्रमाणित, डिजिटल और पर्यावरण-अनुकूल पहचान के साथ एक आदर्श मॉडल के रूप में उभरकर सामने आई है, जो प्रत्येक ग्रामवासी के लिए गर्व का विषय बन गया है।
गांव का प्रशासनिक केंद्र रहा ग्रामपंचायत भवन अब केवल कार्यालय नहीं, बल्कि प्रगति का प्रतीक बन चुका है। ग्रामपंचायत भवन के साथ-साथ आंगनवाड़ी और जिला परिषद स्कूलों पर सौर ऊर्जा (सोलर पैनल) परियोजनाएं स्थापित की गई हैं, जिससे बिजली की बचत के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास का सशक्त संदेश दिया गया है।
ग्रामपंचायत, आंगनवाड़ी और जिला परिषद स्कूलों को प्राप्त आईएसओ प्रमाणन नियोजित और गुणवत्तापूर्ण कार्यप्रणाली का स्पष्ट उदाहरण है। गांव का संपूर्ण परिसर स्वच्छ, सुंदर और सुव्यवस्थित रूप में विकसित किया गया है। दिशादर्शक फलक, चौराहों को दिए गए प्रेरणादायी नामों से गांव की सांस्कृतिक पहचान और भी समृद्ध हुई है। कभी पुराने नाम से पहचाना जाने वाला गावठाण क्षेत्र आज ‘आनंदवन उद्यान’ और ‘मैत्री मैदान’ के रूप में नई पहचान बना चुका है।
श्रमदान से निर्मित ‘वनराई बंधारा’ न केवल जलसंरक्षण का महत्वपूर्ण प्रकल्प है, बल्कि ग्रामवासियों की एकजुटता का जीवंत प्रमाण भी है। स्कूलों की परसबाग, तीर्थ स्थलों का सौंदर्यीकरण, जाम नदी व नदी संगम का विकास, बस स्टैंड और स्मशानभूमि का कायाकल्प कर गांव की स्वच्छ और पर्यावरण-अनुकूल छवि को और मजबूती दी गई है। प्लास्टिक प्रतिबंध को लेकर जनजागृति और उसपर सख्ती से अमल किया जा रहा है।
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वहीं, टैक्स वसूली में नागरिकों को 50 प्रतिशत की छूट देकर प्रोत्साहनात्मक नीति अपनाई गई है, जिससे 100 प्रतिशत कर वसूली का लक्ष्य ईमानदारी से साधा जा रहा है। इस परिवर्तन यात्रा में युवाओं, विद्यार्थियों और महिलाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही। आर. एम. इंगोले हाईस्कूल के विद्यार्थियों ने स्वच्छता और मानसिक स्वास्थ्य पर पथनाट्य प्रस्तुत कर समाज में सकारात्मक जागरूकता फैलाई।
महिला सशक्तिकरण के लिए बचत समूहों के माध्यम से गृह उद्योगों को प्रोत्साहन दिया गया, जिससे कई महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने का नया आत्मविश्वास मिला। संजय गांधी निराधार योजना, एनीमिया जांच शिविर जैसे जनकल्याणकारी उपक्रम भी सफलतापूर्वक क्रियान्वित किए गए।
नियोजनबद्ध कार्यप्रणाली के कारण सोलर प्रकल्प, प्लास्टिक प्रतिबंध, स्वच्छता और कर छूट के साथ वसूली सफल हो पाई। प्रशासन और ग्रामवासियों के समन्वय से यह विकास संभव हुआ।
– संध्या रक्षित, ग्रामसेवक, ग्रापं भारसिंगी।
मुख्यमंत्री समृद्ध पंचायत राज अभियान से भारसिंगी (सहजापुर) के विकास को नई दिशा मिली। जनसहभागिता से आईएसओ प्रमाणित, डिजिटल ग्रामपंचायत खड़ी होना हर ग्रामवासी के लिए गर्व की बात है।
– शारदा धवराल, सरपंच, ग्रापं भारसिंगी
आज गट ग्रामपंचायत भारसिंगी (सहजापुर) केवल विकास कार्यों का उदाहरण नहीं, बल्कि आईएसओ प्रमाणित, डिजिटल और पर्यावरण-अनुकूल आदर्श ग्रामपंचायत के रूप में पूरे क्षेत्र के लिए प्रेरणास्थान बन गई है।
– अक्षय रा. विरखड़े, मंडल अध्यक्ष, भाजपा व सदस्य, ग्रापं भारसिंगी।






