Sanjay Raut Statement On Rahul Gandhi
Sanjay Raut Statement On Rahul Gandhi: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के ‘कॉम्प्रोमाइज्ड पीएम’ वाले बयान के बाद देश की राजनीति में भूचाल आ गया है। इस मुद्दे पर शिवसेना (यूबीटी) के फायरब्रांड नेता और सांसद संजय राउत ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है।
मंगलवार (10 मार्च) को दिल्ली में मीडिया से बातचीत करते हुए राउत ने दावा किया कि मोदी सरकार राहुल गांधी के पास मौजूद ‘विस्फोटक जानकारियों’ से डरी हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि जब भी राहुल गांधी कोई गंभीर मुद्दा उठाते हैं, सरकार जवाब देने के बजाय मैदान छोड़कर भाग खड़ी होती है।
संजय राउत ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत की भूमिका और प्रधानमंत्री की चुप्पी पर भी गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि ईरान-इजरायल युद्ध के बीच देश की जनता महंगाई और ऊर्जा संकट से जूझ रही है, लेकिन प्रधानमंत्री इन विषयों पर बोलने को तैयार नहीं हैं। राउत के अनुसार, संसद में विपक्ष लगातार इन ज्वलंत मुद्दों पर चर्चा की मांग कर रहा है, लेकिन सरकार चर्चा से कतरा रही है। उन्होंने विदेश मंत्री एस जयशंकर के ‘शांति’ वाले बयान को भी खोखला करार दिया और प्रधानमंत्री के इजरायल दौरे के समय पर सवाल खड़े किए।
संजय राउत ने पश्चिम एशिया में जारी भीषण संघर्ष को लेकर केंद्र सरकार को घेरा है। उन्होंने सवाल पूछा कि जब ईरान से लेकर इजरायल और अफगानिस्तान तक ‘आग’ लगी हुई है, तो भारत केवल शांति की बात कैसे कर सकता है? राउत ने तीखा प्रहार करते हुए कहा, “प्रधानमंत्री युद्ध शुरू होने से ठीक एक दिन पहले इजरायल में क्या कर रहे थे? यदि आप वास्तव में शांति के पक्षधर हैं, तो ईरान के स्कूल पर हुए हमले में मारी गई 150 छोटी बच्चियों की मौत पर आपने दुख क्यों नहीं जताया?” उन्होंने ईरान के सुप्रीम लीडर की हत्या पर भी प्रधानमंत्री की चुप्पी को ‘रहस्यमयी’ बताया और सरकार से भारत की स्पष्ट भूमिका स्पष्ट करने की मांग की।
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संसद की कार्यवाही को लेकर संजय राउत ने स्पष्ट किया कि विपक्ष पीछे हटने वाला नहीं है। उन्होंने कहा कि लोकसभा स्पीकर के खिलाफ अविश्वास का मामला अपनी जगह चलता रहेगा। राउत ने चेतावनी दी कि बुधवार को संसद के दोनों सदनों में विपक्ष इस बात पर अड़ेगा कि वैश्विक युद्ध का भारत पर क्या आर्थिक असर पड़ रहा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दाम और ऊर्जा संकट जैसे विषयों पर चर्चा करना ही वास्तविक देशहित है, लेकिन सरकार इन बातों को नजरअंदाज कर रही है। राउत का मानना है कि सरकार की यह चुप्पी जनता के प्रति उसकी जवाबदेही पर बड़ा सवालिया निशान है।
संजय राउत ने बातचीत के दौरान पुणे के चर्चित पोर्श कार एक्सीडेंट मामले का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि सुप्रीम कोर्ट ने आरोपी के पिता विशाल अग्रवाल को 22 महीने जेल में रहने के बाद जमानत दे दी है। इस फैसले ने एक बार फिर महाराष्ट्र की न्याय व्यवस्था और रसूखदार लोगों के खिलाफ चल रही कानूनी लड़ाई को चर्चा में ला दिया है। राउत ने इस मामले को सत्ता और पैसे के प्रभाव से जोड़ते हुए कहा कि आम आदमी को न्याय मिलने में सालों लग जाते हैं, जबकि प्रभावशाली लोग अंततः राहत पा लेते हैं। इस मामले पर भी विपक्ष सरकार को घेरने की तैयारी में है।