Mumbai Pod Taxi Project (सोर्सः सोशल मीडिया)
Mumbai Transport Infrastructure: देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में आवागमन के विभिन्न साधनों के विस्तार पर जोर दिया जा रहा है। मुंबईकर लोकल, मोनो, मेट्रो के बाद अब ऑटोमेटेड रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (पॉड टैक्सी) की सवारी भी जल्द कर सकेंगे। लास्ट माइल कनेक्टिविटी को बढ़ावा देने वाली कुर्ला स्टेशन से बीकेसी तक एलिवेटेड पॉड टैक्सी प्रोजेक्ट का भूमिपूजन भी सीएम देवेंद्र फडणवीस ने किया। मंगलवार को दो मेट्रो के उद्घाटन के साथ पॉड टैक्सी प्रोजेक्ट की शुरुआत की गई। इस अवसर पर सीएम के साथ डीसीएम एकनाथ शिंदे, सुनेत्रा पवार सहित कई जनप्रतिनिधियों एवं वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति रही।
एमएमआरडीए के माध्यम से हो रहे पॉड टैक्सी प्रोजेक्ट के तहत बांद्रा से कुर्ला तक 22 स्टेशन बनाए जाएंगे। इसकी लंबाई 8.85 किमी होगी। फेज 1 में 3.36 किमी लंबे रुट पर कुर्ला, LBS मार्ग, MMRDA पे एंड पार्क (G ब्लॉक), BDB गेट-11, बांद्रा (ईस्ट), कलानगर, ओल्ड MMRDA बिल्डिंग, एक्साइज़ डिपार्टमेंट ये स्टेशन बनेंगे। मात्र 200 मीटर के अंतर में स्टेशन होने से बीकेसी आने वालों के लिए किसी दूसरे परिवहन साधनों की जरूरत नहीं पड़ेगी।
बांद्रा से कुर्ला तक कुल 22 एयर-कंडीशन्ड स्टेशन 2031 तक बनाए जाएंगे। एआई पर आधारित ड्राइवर लेस ऑपरेटिंग टेक्नोलॉजी वाली हर ‘पॉड’ 6 यात्रियों को ले जा सकेगी। इनकी अधिकतम स्पीड 40 kmph की होगी। जिन स्टेशनों पर यात्री नहीं होंगे वहां पॉड टैक्सी नहीं रुकेगी। यह प्रोजेक्ट ‘पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप’ (PPP) के आधार पर लागू किया जा रहा है। इसमें राज्य सरकार या MMRDA का कोई खर्च नहीं होगा। हालांकि, MMRDA को इस प्रोजेक्ट से रेवेन्यू मिलेगा।
‘फर्स्ट-एंड-लास्ट-माइल कनेक्टिविटी’ भी देगा। यह सिस्टम BKC मेट्रो स्टेशन पर मेट्रो लाइन-3 के साथ-साथ ‘मेट्रो लाइन-2B’ पर ITO और IL&FS स्टेशनों पर मेट्रो सर्विस के साथ इंटीग्रेट होगा; इससे मुंबई का ट्रांसपोर्ट नेटवर्क और मजबूत होगा।
ये भी पढ़े: समुद्री सुरक्षा होगी हाईटेक: अवैध मछलीमारी पर लगाम के लिए महाराष्ट्र खरीदेगा 10 नए ड्रोन
‘पॉड टैक्सी’ ट्रैफिक कंजेशन कम करने, यात्रा का समय बचाने और इको-फ्रेंडली यात्रा को बढ़ावा देने में मदद करेगी। हर पॉड 3.9 मीटर लंबा, 2.01 मीटर चौड़ा और 1.8 मीटर ऊंचा होगा। सर्विस का पूरा ऑपरेशन ‘सेंट्रल कंट्रोल रूम‘ से कंट्रोल किया जाएगा। पॉड्स एक खास रूट पर चलेंगे और सिर्फ़ पैसेंजर्स के बुक किए गए स्टेशनों पर ही रुकेंगे। सर्विस का आसान ऑपरेशन पक्का करने के लिए बांद्रा (ईस्ट) में ‘RLDA प्लॉट’ में एक डिपो (मेंटेनेंस सेंटर) बनाने का प्लान है।
इस प्रोजेक्ट के 2031 तक पूरा होने पर रोज़ाना 1.09 लाख पैसेंजर्स को सर्विस मिलने की उम्मीद है। जबकि किराया 21 प्रति km रखने का प्लान है।