विश्व क्षयरोग दिवस 2026: “Yes! We Can End TB” के संकल्प के साथ मुंबई में टीबी के खिलाफ महाभियान
World TB Day 2026: मुंबई में पिछले 8 वर्षों में दवा प्रतिरोधी टीबी (DRTB) रिकवरी रेट बढ़कर 81% हुआ। बीएमसी की नई तकनीक और मुफ्त उपचार से मरीजों को मिल रहा है नया जीवन।
- Written By: अनिल सिंह
BMC TB Mission प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स AI)
BMC TB Mission: बृहन्मुंबई नगर निगम (BMC) के सार्वजनिक स्वास्थ्य विभाग द्वारा किए गए निरंतर प्रयासों के कारण मुंबई में क्षय रोग (TB) के खिलाफ जंग में एक बड़ी सफलता मिली है। ताज़ा आंकड़ों के अनुसार, पिछले 8 वर्षों में दवा प्रतिरोधी क्षयरोग (DRTB) के रोगियों के ठीक होने की दर दोगुनी होकर 81 प्रतिशत तक पहुंच गई है। विश्व क्षयरोग दिवस (24 मार्च 2026) के अवसर पर इस उपलब्धि को साझा करते हुए बीएमसी ने “Yes! We can end TB!” के संकल्प को दोहराया है।
वर्ष 2025 के दौरान मुंबई के विभिन्न स्वास्थ्य संस्थानों में कुल 54,390 टीबी रोगियों का पंजीकरण किया गया, जिनमें से 48,835 मुंबई के निवासी थे। इनमें से 40 प्रतिशत एक्स्ट्रा पल्मोनरी और 8 प्रतिशत दवा प्रतिरोधी (DRTB) श्रेणी के मरीज थे। बीएमसी की नई उपचार पद्धतियों और निरंतर फॉलो-अप के कारण ही आज मुंबई में टीबी के गंभीर मरीजों के स्वस्थ होने की दर में ऐतिहासिक सुधार देखा जा रहा है।
🩺क्षयरोगाविरुद्धचा लढा, आता अधिक प्रबळ! 🏥बृहन्मुंबई महानगरपालिकेचे शिवडी येथील ‘क्षयरोग रुग्णालय समूह’ अत्याधुनिक तंत्रज्ञान आणि सेवेच्या जोमाने रुग्णांच्या सेवेसाठी सज्ज आहे. 🔹केवळ उपचारच नव्हे, तर रुग्णांची संपूर्ण काळजी घेणे हेच बृहन्मुंबई महानगरपालिकेचे ध्येय!… pic.twitter.com/PEDNcPtwqY — माझी Mumbai, आपली BMC (@mybmc) March 24, 2026
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उन्नत नैदानिक सुविधाएं और मॉलिक्यूलर टेस्ट की ताकत
मुंबई में टीबी के सटीक और त्वरित निदान के लिए तकनीक का बड़े पैमाने पर उपयोग किया जा रहा है। वर्तमान में शहर में 45 CBNAAT और 34 TruNAAT पोर्टेबल मशीनें उपलब्ध हैं, जो मुफ्त जांच सुविधा प्रदान करती हैं। वर्ष 2025 में कुल 2 लाख मॉलिक्यूलर (NAAT) परीक्षण किए गए। इसके अलावा, केंद्रीय क्षय रोग विभाग अब 4 नई ‘पॅथोडिटेक्ट’ मशीनें उपलब्ध करा रहा है, जिनसे रिफैम्पिसिन और आइसोनियाज़िड जैसी दवाओं के प्रति प्रतिरोध का भी पता लगाया जा सकेगा।
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BPaLM उपचार पद्धति और पोषण सहायता अभियान
दवा प्रतिरोधी क्षय रोग (DRTB) के लिए बीएमसी ने प्रगत BPaLM उपचार पद्धति शुरू की है, जो केवल 6 महीने की होती है। दिसंबर 2025 तक, 1093 मरीजों ने यह उपचार शुरू किया है। इसके साथ ही, मरीजों की रिकवरी में पोषण की भूमिका को देखते हुए ‘निक्षय पोषण योजना’ के तहत पिछले दो वर्षों में 1,48,867 राशन किट वितरित किए गए हैं। निक्षय मित्रों के माध्यम से मरीजों को हर महीने पौष्टिक आहार किट दी जा रही है, ताकि उनकी प्रतिरोधक क्षमता मजबूत हो सके।
जनजागृती और प्रारंभिक लक्षणों की पहचान
विश्व क्षयरोग दिवस 2026 के अवसर पर बीएमसी मुंबई के सभी 26 वार्डों में विशेष जागरूकता अभियान चला रही है। इसमें होर्डिंग्स, बेस्ट बस स्टॉप, नुक्कड़ नाटक और जिंगल्स के जरिए लोगों को टीबी के लक्षणों के प्रति सचेत किया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग ने अपील की है कि यदि किसी को दो सप्ताह से अधिक खांसी, बुखार, वजन घटना या रात में पसीना आने जैसे लक्षण महसूस हों, तो वे तुरंत नजदीकी बीएमसी क्लिनिक या ‘आपला दवाखाना’ में मुफ्त जांच कराएं।
