भाई जगताप और वर्षा गायकवाड़ (सौ. डिजाइन फोटो )
Mumbai News In Hindi: बीएमसी चुनाव में करारी हार के बाद मुंबई कांग्रेस में घमासान मच गया है। मुंबई कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष भाई जगताप ने वर्तमान अध्यक्ष वर्षा गायकवाड़ को इस हार के लिए जिम्मेदार ठहराते हुए उनका इस्तीफा माँगा है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस के इतिहास में इतनी बड़ी हार कभी नहीं मिली। यह बेहद चिंताजनक है। अब दिल्ली में बैठे कांग्रेस के शीर्ष नेताओं को मुंबई कांग्रेस के भविष्य के बारे में गंभीरता से विचार करना चाहिए।
सिर्फ चिंता नहीं, अब चिंतन भी जरूरी है। बड़ा सवाल यह है कि आखिर कांग्रेस को इतनी बड़ी हार का सामना क्यों करना पड़ा। इसके लिए किसी को जिम्मेदारी लेनी होगी।
जगताप ने कहा कि कांग्रेस ने सही रणनीति के साथ चुनाव नहीं लड़ा। उन्होंने कहा कि अगर प्रकाश आंबेडकर की वंचित आघाडी का साथ न होता, तो कांग्रेस की स्थिति और भी खराब हो सकती थी। पूर्व मुंबई अध्यक्ष ने कहा कि महादेव जानकर की राष्ट्रीय समाज पक्ष के साथ गठबंधन करने का कोई मतलब नहीं था। इस पार्टी को 12 सीटें देने का फैसला भी गलत साबित हुआ। इसका सीधा नुकसान कांग्रेस को उठाना पड़ा है।
ये भी पढ़ें :- Mumbai Airport पर सीमा शुल्क की बड़ी कार्रवाई, 7 दिनों में 61 करोड़ का नशा, सोना और विदेशी मुद्रा जब्त
जगताप ने कहा कि जब कैंडिडेट चुने गए, तो मुझे बताया गया कि टिकट एक सर्वे के आधार पर बांटे गए थे। उस समय मैंने कोई आपत्ति नहीं जताई, लेकिन जब मैंने सर्वे मांगा, तो वह मुझे नहीं दिखाया गया। सूत्रों के मुताबिक़ टिकट बंटवारे में जम कर पैसे के लेन-देन की शिकायत मिली है।