Fadnavis power plan (सोर्सः सोशल मीडिया)
Maharashtra Energy Projects: महाराष्ट्र सरकार ने ऊर्जा क्षेत्र को सशक्त बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए जल संसाधन विभाग के माध्यम से पंप स्टोरेज (उदंचन जलविद्युत) परियोजनाओं के लिए विभिन्न कंपनियों के साथ कुल 55 सामंजस्य करार (MoU) किए हैं। इन करारों के जरिए 78,215 मेगावाट बिजली उत्पादन क्षमता स्थापित करने का प्रस्ताव है। इन परियोजनाओं में कुल ₹4,16,701 करोड़ का निवेश अपेक्षित है और इससे लगभग 1,27,990 लोगों को रोजगार मिलने का अनुमान है।
विधान भवन में आयोजित समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए देवेंद्र फडणवीस ने संबंधित एजेंसियों को निर्देश दिए कि परियोजनाओं को समयबद्ध तरीके से लागू किया जाए। बैठक में जल संसाधन मंत्री राधाकृष्ण विखे पाटील, गिरीश महाजन और विभाग के अपर मुख्य सचिव दीपक कपूर भी उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री फडणवीस ने बताया कि 55 करारों में से 10,300 मेगावाट क्षमता की 6 परियोजनाओं के विस्तृत प्रकल्प प्रतिवेदन (DPR) को केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण की मंजूरी मिल चुकी है और उन पर काम शुरू हो गया है। इसके अलावा 8,200 मेगावाट क्षमता की 5 परियोजनाओं के DPR अनुमोदन की प्रक्रिया में हैं।
इन करारों में देश की कई बड़ी कंपनियां शामिल हैं- Adani Green Energy (9,900 मेगावाट, ₹54,450 करोड़), JSW Energy (8,200 मेगावाट, ₹36,514 करोड़), NHPC Limited (7,350 मेगावाट, ₹44,100 करोड़), THDC India Limited (6,790 मेगावाट, ₹33,622 करोड़) और Torrent Power (5,600 मेगावाट, ₹28,000 करोड़)। इसके अलावा Tata Power, NTPC Limited, ReNew Power और Avaada Energy जैसी कंपनियों ने भी समझौते किए हैं।
ये भी पढ़े: इंदापुर में ‘महाराजस्व अभियान’ का बिगुल: 7 मार्च से 12 केंद्रों पर समाधान शिविर, मौके पर ही निपटेंगे काम
इसी कार्यक्रम में पुणे और रायगड जिलों में 2,100 मेगावाट क्षमता के पिंपलपाड़ा-सावले उदंचन जलविद्युत प्रकल्प के लिए चेंबरी पावर (EDF सॉल्यूशंस समूह) के साथ MoU पर हस्ताक्षर किए गए। इस परियोजना में ₹10,217 करोड़ का निवेश और लगभग 2,500 रोजगार सृजन प्रस्तावित है।
इन योजनाओं से औद्योगिक दर पर राज्य को प्रतिवर्ष ₹1,762.21 करोड़ तथा जल पुनर्भरण से ₹128.32 करोड़ का अतिरिक्त राजस्व मिलने की संभावना है। मुख्यमंत्री फडणवीस ने विश्वास जताया कि यह निवेश राज्य के औद्योगिक विकास को नई गति देगा और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान करेगा।