Mumbai International Airport डिजी यात्रा में नंबर 1, 30% यात्री कर रहे डिजिटल सफर

Mumbai International Airport डिजी यात्रा में देश में अव्वल रहा है। 30% यात्री फेस रिकग्निशन से यात्रा कर रहे हैं। सीएसएमआईए 100% ग्रीन बिजली से संचालित और कार्बन न्यूट्रल एयरपोर्ट बन गया है।
Mumbai Airport
मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट (सौ. सोशल मीडिया )
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Mumbai International Airport News: मुंबई का छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट (सीएसएमआईए) अब सिर्फ पर्यावरण के क्षेत्र में ही नहीं, बल्कि डिजिटल तकनीक में भी देश के लिए मिसाल बन गया है।

मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट लिमिटेड ने वित्त वर्ष 2024-25 के लिए अपना सस्टेनेबिलिटी रिपोर्ट जारी करते हुए बताया कि एयरपोर्ट पर अब 'डिजी यात्रा' सुविधा का उपयोग 30 प्रतिशत यात्रियों द्वारा किया जा रहा है, जो देश के सभी हवाई अड्डों में सबसे अधिक है।

डिजी यात्रा से यात्रियों की पहचान और बोर्डिंग की प्रक्रिया पूरी तरह फेस रिकग्निशन तकनीक पर आधारित हो गई है। इससे यात्रियों को लंबी कतारों में लगने से राहत मिली है और पूरी यात्रा प्रक्रिया अधिक तेज, सुरक्षित और पारदर्शी बनी है।

एक दिन में 1,70,516 यात्रियों का बना नया रिकॉर्ड

सीएसएमआईए ने इस दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए 147 ई-गेट्स लगाए हैं जो किसी भी भारतीय हवाईअड्डे में सबसे ज्यादा हैं। एमआईएएल की रिपोर्ट के अनुसार, सीएसएमआईए ने इस साल 55.12 मिलियन यात्रियों की सेवा की, जिसमें एक दिन में सर्वाधिक 1,70,516 यात्रियों का नया रिकॉर्ड बना।

वहीं एयर कार्गो में 8.1 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जो मुंबई की आर्थिक वृद्धि में एयरपोर्ट की अहम भूमिका दशर्शाती है। सस्टेनेबिलिटी की दिशा में भी मुंबई एयरपोर्ट ने उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं।

अगस्त 2022 से यह पूरी तरह 100% ग्रीन बिजली पर संचालित है और अब स्कोप 1 और 2 उत्सर्जन के लिए कार्बन न्यूट्रल हो चुका है। साथ ही 98.7 प्रतिशत कचरा लैंडफिल में जाने से रोका गया और ऊर्जा उपयोग में 5.5 प्रतिशत की कमी आई है।

अत्याधुनिक बना एयरपोर्ट ऑपरेशंस कंट्रोल सेंटर

यात्रियों की सुविधा के लिए एयरपोर्ट ने हाल ही में एयरपोर्ट ऑपरेशंस कंट्रोल सेंटर को और आधुनिक बनाया है। जिससे रीयल-टाइम संचालन अधिक कुशल और प्रतिक्रियाशील हुआ है। दृष्टिबाधित यात्रियों के लिए टैक्टाइल फ्लोरिंग, व्हीलचेयर सहायता, साइन लैंग्वेज प्रशिक्षण और सभी महिला शौचालयों में सेनेटरी पैड डिस्पेंसर जैसी सुविधाएं भी जोड़ी गई है।

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