रिक्शा-टैक्सी चालकों को मराठी सीखने में सरकार करेगी मदद, कैबिनेट में जारी की गई गाइड पुस्तिका
Pratap Sarnaik: महाराष्ट्र सरकार ने रिक्शा-टैक्सी चालकों के लिए ‘प्रैक्टिकल मराठी’ सीखने की पहल शुरू की है, जिसके लिए गाइड बुक जारी की गई है और 15 अगस्त तक सीखने की मोहलत भी दी गई है।
- Written By: सूर्यप्रकाश मिश्र
Pratap Sarnaik (सोर्सः फाइल फोटो- सोशल मीडिया)
Marathi Drivers Maharashtra: मुंबई एमएमआर सहित पूरे राज्य में परप्रांतीय रिक्शा टैक्सी चालकों को व्यवहारिक मराठी भाषा सिखाने की शुरुआत स्वयं सरकार ने शुरू की है। राज्य के परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक की पहल पर ट्रांसपोर्ट डिपार्टमेंट ने अमराठी ड्राइवरों को ‘प्रैक्टिकल मराठी’ सिखाने के लिए एक मार्गदर्शक पुस्तिका भी तैयार की है। इस पहल के तहत तैयार की गई छोटी गाइड बुक को मुख्यमंत्री माननीय देवेंद्र फडणवीस, डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे डिप्टी सीएम सुनेत्राताई पवार ने कैबिनेट की बैठक में जारी किया। सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि ‘प्रैक्टिकल मराठी’ के ज़रिए ड्राइवरों और यात्रियों के बीच बातचीत ज़्यादा असरदार होगी और सर्विस में क्वालिटी में सुधार आएगा।
परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने बताया कि यह बुकलेट खास तौर पर रिक्शा, टैक्सी के ड्राइवरों के साथ-साथ ओला और उबर जैसी पैसेंजर सर्विस के ड्राइवरों के लिए काम आएगी। इसमें रोज़मर्रा की ज़िंदगी में इस्तेमाल होने वाले आसान और ज़रूरी मराठी वाक्य शामिल हैं। इस पहल के पीछे मुख्य मकसद पैसेंजर से बात करते समय भाषा की दिक्कतों से बचना और सर्विस को और आसान बनाना है।
प्रेक्टिकल मराठी का ज्ञान आवश्यक
सरनाईक ने एक बार फिर स्पष्ट किया कि महाराष्ट्र में सर्विस देते समय लोकल भाषा का ज्ञान बहुत ज़रूरी है। ट्रांसपोर्ट डिपार्टमेंट की इस पहल का स्वागत किया जा रहा है। भविष्य में पूरे राज्य में ऐसे ट्रेनिंग प्रोग्राम आयोजित किए जाएंगे। रिक्शा और टैक्सी ड्राइवर एसोसिएशन के पदाधिकारियों से भी अपील की गई कि वे पहल करें और मराठी भाषा को बढ़ावा देने के लिए इस कैंपेन को सफल बनाएं।
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🗓️ २९ एप्रिल २०२६ | 📍मंत्रालय अमराठी चालकांना ‘व्यवहारिक मराठी’ शिकविण्यासाठी परिवहन विभागाचा पुढाकार राज्यातील प्रवासी सेवा अधिक सुसंवादी व प्रभावी करण्याच्या दृष्टीने परिवहन विभागाने अमराठी चालकांना ‘व्यवहारिक मराठी’ शिकविण्याचा महत्त्वपूर्ण उपक्रम हाती घेतला आहे. या… pic.twitter.com/OVVdeRmPOm — Pratap Baburao Sarnaik (@PratapSarnaik) April 29, 2026
रिक्शा टैक्सी चालकों को राहत
मुंबई एमएमआर सहित राज्य भर में रिक्शा-टैक्सी-कैब चलाने वाले परप्रांतियों के लिए राहत की खबर है कि व्यवहारिक मराठी भाषा ज्ञान की अनिवार्यता को लेकर सरकार ने 15 अगस्त तक उन्हें सीखने का समय दिया दिया है। इसके पहले बड़ी संख्या में परप्रांतिय रिक्शा टैक्सी चालकों को डर था कि 1 मई से उनका लायसेंस परमिट छिन न जाए। शिवसेना के संगठक शशि यादव ने कहा कि परिवहन मंत्री की पहल स्वागत योग्य है।
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उन्होंने पहले ही कहा था कि सरकार किसी की रोजी रोटी नहीं छीनेगी। शशि यादव ने कहा कि रिक्शा टैक्सी चालकों को व्यवहारिक मराठी भाषा सीखने के लिए थोड़ा ज्यादा वक्त मिलना चाहिए। सभी अमराठी को व्यवहारिक मराठी सीखाने का पूरा प्रयास किया जाएगा। उसके लिए परिवहन विभाग पर सकारात्मक पहल कर रहा है। इसकी हमें खुशी है।
