महाराष्ट्र-कर्नाटक सीमा विवाद, CM देवेंद्र फडणवीस बोले- मराठी बंधुओं के अधिकारों के लिए संघर्ष जारी रहेगा
Maharashtra Devendra Fadnavis: महाराष्ट्र-कर्नाटक सीमा विवाद पर मुख्यमंत्री फडणवीस की अध्यक्षता में हाई-पावर्ड कमेटी की बैठक हुई। सरकार सुप्रीम कोर्ट में जल्द सुनवाई और मजबूत पैरवी के लिए अर्जी देगी।
- Written By: रूपम सिंह
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस (फोटो सोर्स- सोशल मीडिया)
Maharashtra Karnataka Border Dispute Devendra Fadnavis: महाराष्ट्र-कर्नाटक सीमा विवाद के मसले को लेकर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने स्पष्ट किया है कि महाराष्ट्र सरकार बॉर्डर इलाके में मराठी बंधुओं के साथ मजबूती से खड़ी है और उनके जायज अधिकारों के लिए पूरी कोशिश करती रहेगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि पूरा महाराष्ट्र एकजुट है। इस मसले को सुलझाने के लिए महाराष्ट्र सरकार का संघर्ष जारी रहेगा।
महाराष्ट्र-कर्नाटक बॉर्डर मुद्दे को लेकर बुधवार को मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हाई-पावर्ड कमेटी की बैठक विधान भवन में आयोजित की गई थी। इसमें डीसीएम एकनाथ शिंदे, सुनेत्रा पवार, राज्यसभा सदस्य शरद पवार, सांसद नारायण राणे, उच्च व तकनीकी शिक्षा मंत्री चंद्रकांत पाटिल, पर्यटन मंत्री शंभूराज देसाई, मेडिकल शिक्षा मंत्री हसन मुश्रीफ, विधायक जयंत पाटिल सहित बॉर्डर इलाके के जनप्रतिनिधि और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।
बैठक में इस बात पर सहमति बनी कि राज्य सरकार कोर्ट की लड़ाई मजबूती से लड़ेगी। इस मीटिंग में सभी नेताओं का रुख था कि बेलगाम-कारवार और संयुक्त महाराष्ट्र को हर हाल में एक होना चाहिए।
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वरिष्ठ कानूनी विशेषज्ञों की नियुक्ति की जाएगी
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि हम एक लंबी लड़ाई लड़ रहे है। इस मुद्दे पर पूरा महाराष्ट्र एकजुट है। सरकार फिर से सुप्रीम कोर्ट में अर्जी देगी और जल्द सुनवाई पर जोर देगी। फिर से केंद्रीय गृह मंत्री को पत्र भेजा जाएगा, जिसमें महाराष्ट्र के 3 मंत्रियों और कर्नाटक के 3 मंत्रियों के बीच बाइलेटरल बातचीत का अनुरोध किया जाएगा।
इसमें अदालत के बाहर कोई हल निकालने की कोशिश की जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि सीमा मुद्दे को लेकर कई वर्षों से लगातार संघर्ष चल रहा है। सर्वोच्च न्यायालय में सुनवाई शीघ्र शुरू हो, इसके लिए वरिष्ठ कानूनी विशेषज्ञों की नियुक्ति की जाएगी।
