Accident से पहले चेतावनी देगा सिस्टम, 869 ब्लैक स्पॉट्स पर लगेगा 5G ट्रैफिक मैनेजमेंट
Maharashtra सरकार ने सड़क हादसों पर लगाम लगाने के लिए 5G आधारित इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम को मंजूरी दी है। 923 करोड़ की इस परियोजना से 869 ब्लैक स्पॉट्स पर हादसों से पहले चेतावनी दी जाएगी।
- Written By: अपूर्वा नायक
AI बेस्ड ट्रैफिक मॉनिटरिंग (सौ. सोशल मीडिया )
Mumbai News In Hindi: महाराष्ट्र में सड़क हादसों पर लगाम कसने के लिए सरकार ने एक बड़ा तकनीकी कदम उठाया है। राज्य के 36 जिलों में सिस्टम दुर्घटना-संभावित इलाकों पर 5G-आधारित इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट (आईटीएमएस) लगाने को प्रशासनिक मंजूरी दी गई है।
इस महत्वाकांक्षी परियोजना पर करीब 923 करोड़ खर्च होंगे और इसका फोकस “हादसे के बाद कार्रवाई की बजाय हादसे से पहले चेतावनी” पर होगा। अधिकारियों के मुताबिक, यह सिस्टम राज्य के 869 ब्लैक स्पॉट्स पर लगाया जाएगा।
पश्चिम महाराष्ट्र, कोंकण, मराठवाड़ा और विदर्भ के प्रमुख जिलों-ठाणे, पुणे, नाशिक, छत्रपति संभाजीनगर और नागपुर में इसे चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा। आईटीएमएस राष्ट्रीय व राज्य राजमार्गों सहित लगभग 21,400 किलोमीटर सड़कों पर सक्रिय रहेगा।
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AI-आधारित पहचान के जरिए सीधे ई-चालान
परियोजना के तहत हाईवे पर एडवांस सीसीटीवी कैमरे, स्मार्ट सेंसर और डिजिटल साइन बोर्ड ब्लगाए जाएंगे। गलत लेन ड्राइविंग, खतरनाक ओवरटेकिंग या अचानक ब्रेक जैसी स्थितियों में ड्राइवरों को तुरंत चेतावनी मिलेगी, नियंत्रण कक्ष में रियल टाइम डेटा पहुंचते ही ट्रैफिक प्रवर्तन और आपात सेवाएं तेजी से सक्रिय हो सकेगी।
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मशीन लर्निंग और डेटा एनालिटिक्स से लैस यह सिस्टम वाहन की गति, ब्लेन अनुशासन और ड्राइवर व्यवहार का लगातार विश्लेषण करेगा। नियम उल्लंघन पर AI-आधारित पहचान के जरिए सीधे ई-चालान जारी होंगे।
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इस पहल से महाराष्ट्र बनेगा स्मार्ट
- इसमें ओवरस्पीडिंग, सिग्नल जंपिंग, हेलमेट/ सीट बेल्ट न पहनना और गलत लेन ड्राइविंग सहित कुल 11 अपराध शामिल है।
- राज्य सरकार का मानना है कि जोखिम की पहचान पहले कर ड्राइवरों की अलर्ट देने से दुर्घटनाओं में उल्लेखनीय कमी आएगी और प्रवर्तन अधिक पारदर्शी बनेगा। यह पहल महाराष्ट्र को स्मार्ट और सुरक्षित सड़क नेटवर्क की दिशा में आगे बढ़ाने वाली मानी जा रही है।
