क्या किसानों को खत्म करने के लिए सत्ता में आए हैं? नासिक कुंभ मेला विवाद, भूमि अधिग्रहण पर राजनीतिक बवाल
Nashik Kumbh Mela 2027: नासिक में कुंभ भूमि अधिग्रहण को लेकर विधायक हिरामण खोसकर ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। किसानों से अन्याय और लाठीचार्ज पर नाराजगी जताई।
- Written By: अंकिता पटेल
नाशिक कुंभ मेला, भूमि अधिग्रहण विवाद,हिरामण खोसकर, (सोर्स: सोशल मीडिया)
Nashik Land Acquisition Protest: नासिक में सत्ताधारी गठबंधन के ही एक विधायक ने राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए तीखा हमला बोला है। राकांपा (अजीत गुट) के विधायक हिरामण खोसकर ने किसानों के साथ हो रहे अन्याय को लेकर नाराजगी जताई है और कुंभमेला की तैयारियों के दौरान सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं।
विधायक खोसकर ने कहा कि सरकार स्थानीय किसानों और जन्प्रतिनिधियों को विश्वास में लिए बिना काम कर रही है उन्होंने सवाल उठाया कि क्या पहले कुंभमेले नहीं हुए थे? इस बार ऐसा क्या अलग हो रहा है? उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि किसानों को बेघर करके कुंभमेला आयोजित करने की तैयारी की जा रही है।
नासिक में हाल ही में भूमि अधिग्रहण के दौरान किसानों पर हुए कथित लाठीचार्ज को लेकर भी उन्होंने नाराजगी जताई। खोसकर ने कहा कि उन्होंने मुख्यमंत्री से इस विषय पर बात की थी और शिखर समिति की बैठक में भी किसानों को विश्वास में लेने की बात रखी थी, लेकिन ऐसा नहीं किया गया।
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उन्होंने कहा कि क्या हम सत्ता में इसलिए आए हैं कि किसानों को खत्म कर दें? एक बुजुर्ग महिला तक के साथ मारपीट की गई है। यह अत्याचार है। अधिकारियों को निर्देश दिए जाने चाहिए कि इस तरह की हिंसा न हो।
किसानों को विश्वास में लें, उन्हें उचित मुआवजा दें
विधायक ने आगे कहा कि प्रशासन द्वारा सीधे पुलिस बत का उपयोग करना गलत है। किसानी को विश्वास में लें, उन्हें उचित मुआवजा दें और मानसिक रूप से तैयार करें, बिना बातचीत के जमीन अधिडग्रहण और पुलिस कार्रवाई उचित नहीं है।
खोसकर ने यह भी आरोप लगाया कि नासिक, दिडोरी और त्र्यंबकेश्वर क्षेत्रों में भी ऐसी ही स्थिति बनी हुई है। किसानों को परेशान कर कुंभमेले की तैयारी की जा रही है, जो पूरी तरह गलत है।
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खोसकर ने मुख्यमंत्री से अप्रैल की कि सभी परियोजनाओं में स्थानीय किसानों को शामिल किया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि यदि रिंग रोड जैसी परियोजनाओं की पहले ही योजना बनती, तो आज यह स्थिति नहीं आती।
