Nari Shakti Conference Mumbai (सोर्सः सोशल मीडिया)
Nari Shakti Conference Mumbai: मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि देश का आगे सचमुच विकास करना है तो देश की आधी आबादी को भी उसका अधिकार देना होगा। दादर (पूर्व ) योगी सभागृह में नारी शक्ति विचार मंच की ओर से आयोजित नारी शक्ति महिला सम्मेलन में उन्होंने कहा कि 33 प्रतिशत महिला आरक्षण से देश में नई क्रांति की शुरुआत होगी। नारी शक्ति के बलबूते भारत तेजी से विकास करेगा। उन्होंने कहा कि भारत के इतिहास में बड़ा बदलाव होने जा रहा है।
पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने महिला आरक्षण को लेकर बहुत प्रयास किया लेकिन सरकार को अन्य दलों का समर्थन नहीं मिला। पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने प्रयास किया मगर इच्छाशक्ति की कमी थी। फड़नवीस ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सरकार बनने के बाद ही बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान से महिलाओं के विकास का काम शुरू किया।
सरकार को लिंग समानुपात पर सफलता मिली। उन्होंने कहा कि विकसित भारत में महिलाओं का योगदान जरूरी है। आज महिलाएं हर क्षेत्र में अपना योगदान दे रही हैं। सेना, स्पेस सब जगह महिलाओं की भागीदारी देख रही है। महिला आरक्षण से संसद में महिला सांसदों की संख्या बढ़ेगी जिससे देश तेजी से तरक्की करेगा।
फिल्म अभिनेत्री रवीना टंडन ने मोदी सरकार के काम की तारीफ करते हुए कहा कि आज की सरकार सिर्फ़ बातें नहीं करती, करके दिखाती है। महिलाओं के अधिकारों के लिए भारत सबसे अच्छा देश है। क्योंकि, कुछ देशों में महिलाओं के अधिकार नहीं के बराबर हैं। यह सिर्फ़ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की वजह से मुमकिन हो पाया है। हम महिलाओं को एयर फ़ोर्स, आर्मी में काली-चंडी का रूप देखते हैं। महिला अकाउंटेंट जो बाहर जाकर मेहनत करती हैं, पैसा कमाती हैं, वे सब लक्ष्मी हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने हमें वह ताकत दी है, जिससे हम पार्लियामेंट में भी अपनी आवाज़ उठा सकते हैं और देश को तरक्की की ओर ले जाएंगे।
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अभिनेत्री प्राजक्ता माली ने कहा अगर मैं कुछ साल पहले पैदा हुई होती, तो यह मुश्किल होता, मैं यह नहीं कर पाती। कुछ साल पहले औरतें बहुत मुश्किल में थीं। लेकिन, पिछले कुछ सालों में महिलाओं को आगे लाने के लिए कई स्कीम और कोशिश की गई हैं। हमें महिलाओं के अच्छे भविष्य के लिए कोशिश करनी चाहिए, उन्हें बराबरी का हक देना चाहिए। समारोह में प्रज्ञा पोनसे,स्नेहलता स्वामी,रूबल नागी,अर्चना कोचर,गायिका वैशाली सावंत आदि ने भी अपने विचार रखे।