BMC बनाएगी 45 मीटर चौड़ी एलिवेटेड रोड, DBLR परियोजना से दहिसर-भायंदर का सफर होगा बेहद तेज
BMC 2,337 करोड़ की लागत से दहिसर-भायंदर लिंक रोड बनाएगी, जिससे 10 किमी की दूरी सिर्फ 5 मिनट में तय होगी। 3.5 वर्षों में पूरा होने वाले इस प्रोजेक्ट से ट्रैफिक और जाम में बड़ी कमी आएगी।
- Written By: अपूर्वा नायक
दहिसर भाईंदर लिंक रोड़ (सौ. सोशल मीडिया )
Dahisar Bhayandar News In Hindi: सड़क के रास्ते दहिसर से भाईंदर पहुंचने में अभी एक घंटा से अधिक का वक्त लगता है। इस यात्रा के समय को घटाकर मात्र 5 मिनट करने के लिए बीएमसी दहिसर और भाईंदर के बीच 2,337 करोड़ रुपये की लागत से दहिसर-भायंदर लिंक रोड (डीबीएलआर) का निर्माण करने जा रही है।
डीबीएलआर बीएमसी की महत्वाकांक्षी कोस्टल रोड परियोजना का अंतिम चरण है, जिसका समापन भायंदर में होता है। कोस्टल रोड का दूसरा चरण छह पैकेजों में विभाजित है, जिसमें डीबीएलआर अंतिम ‘एफ पैकेज’ से शुरू होता है, जो गोराई को दहिसर से जोड़ता है। दहिसर में यह एलिवेटेड कॉरिडोर कांदरपाड़ा मेट्रो स्टेशन के पास लिंक रोड (दहिसर पश्चिम) से शुरू होगा और भायंदर पश्चिम में सुभाषचंद्र बोस गार्डन के पास समाप्त होगा।
दहिसर-भाईंदर के बीच लगभग 10 किमी की दूरी
डीबीएलआर कई कोस्टल रेगुलेशन जोन (सीआरजेड) संरक्षित क्षेत्रों मैग्रोव वन, दहिसर खाड़ी और सॉल्ट पैन भूमि के ऊपर से गुजरेगा। वर्तमान में दहिसर और भायंदर के बीच लगभग 10 किलोमीटर की दूरी है। यह मार्ग भीडभाड वाले वेस्टर्न एक्सप्रेस हाईवे से होकर गुजरता है, जहां काशीमीरा और दहिसर चेक नाका जैसे जामग्रस्त जंक्शन है।
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अभी यात्रियों को बीएमसी सीमा के दहिसर से मीरा भायंदर महानगरपालिका (एमबीएमसी) सीमा के मीरा-भायंदर तक पहुंचने में 50 से 60 मिनट लगते हैं। एलिवेटेड डीबीएलआर सीधे दहिसर को भायंदर से जोड़ेगा, जिससे दहिसर चेक नाका जैसे भीड़भाड़ वाले जंक्शनों को बायपास किया जा सकेगा। इसका उद्देश्य यात्रा समय को घटाकर केवल पांच मिनट करना है।
3.5 वर्षों में पूरा होगा काम
परियोजना 3.5 वर्षों में पूरी होने का अनुमान है यानी दिसंबर 2028 तक पूर्ण होने की संभावना है। शुरुआती छह महीने आवश्यक वैधानिक अनुमतियां प्राप्त करने के लिए रखे गए हैं। वर्तमान में बीएमसी पर्यावरणीय मंजूरी की प्रतीक्षा कर रही है, जिसके बाद परियोजना के दूसरे चरण का कार्य पूरी गति से शुरू होगा।
इस परियोजना की लागत 2337 करोड़ रुपये है। मुंबई कोस्टल रोड प्रोजेक्ट के पहले चरण प्रिन्सेस स्ट्रीट फ्लाईओवर (मरीन ड्राइव) से बांद्रा-वीं सी-लिंक के वर्ली एंड तक को पूरा करने के बाद बीएमसी ने कोस्टल रोड उत्तर पर कार्य शुरू कर दिया है। यह चरण वर्सोवा से दहिसर के बीच 20 किलोमीटर का हिस्सा है, जिसकी लागत 16,621 करोड़ रुपये है।
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हमने दहिसर और भायंदर के बीच 45 मीटर चौड़ी एलिवेटेड रोड के निर्माण के लिए प्रोजेक्ट मैनेजमेंट कंसल्टेंट नियुक्त करने के लिए टेंडर जारी किया है, जो कोस्टल रोड के दूसरे चरण का अंतिम हिस्सा है। बाकी सभी पैकेजों के लिए कंसल्टेंट पहले ही नियुक्त्त किए जा चुके हैं। परियोजना पूरी होने पर ट्रैफिक में भारी कमी आएगी, समय और ईंधन बचेगा, कार्बन उत्सर्जन घटेगा और रोजगार के अवसर भी पैदा होंगे।
– बीएमसी अधिकारी
