Udhhav Thackeray On Asha Bhosle Death (डिजाइन फोटो)
Uddhav Thackeray Tribute Asha Bhosle: भारतीय संगीत जगत के लिए आज का दिन एक अत्यंत दुखद समाचार लेकर आया है। सुप्रसिद्ध पार्श्व गायिका आशा भोसले का 92 वर्ष की आयु में निधन हो गया है। सात दशकों से अधिक समय तक अपनी जादुई आवाज से करोड़ों दिलों पर राज करने वाली ‘आशा ताई’ के निधन से देश भर में शोक की लहर दौड़ गई है। उनके निधन पर राजनीति और कला जगत की तमाम हस्तियों ने गहरा दुख व्यक्त किया है।
शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख और महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने आशा भोसले के निधन को भारतीय संगीत के एक युग का अंत बताया है।
उद्धव ठाकरे ने अपने शोक संदेश में कहा, “आशा भोसले के निधन की खबर सुनकर मुझे गहरा दुख हुआ है। आज भारतीय संगीत का एक मजबूत स्तंभ ढह गया है। उनकी सुरीली धुनें अनगिनत पीढ़ियों के लिए खुशियाँ लेकर आईं और उन्होंने मानवीय भावनाओं की गहराइयों को छुआ। लता दीदी के बाद वह संगीत के शानदार दौर को सहारा देने वाले एक मज़बूत स्तंभ के रूप में खड़ी रहीं।” ठाकरे ने आगे कहा कि अब केवल उनके गीत ही उनकी अमरता की पहचान बनकर हमारे बीच शेष रहेंगे।
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महाराष्ट्र सरकार के मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने भी आशा भोसले के निधन पर अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं। उन्होंने कहा, “आशा भोसले का जाना महाराष्ट्र और पूरे देश के लिए एक अपूरणीय क्षति है। उन्होंने 20 से अधिक भाषाओं में 12 हजार से ज्यादा गीतों को अपनी आवाज दी। उनकी विविधता और गायन शैली का कोई सानी नहीं है। हम दुख की इस घड़ी में उनके परिवार के साथ हैं।”
8 सितंबर 1933 को जन्मीं आशा भोसले ने शास्त्रीय संगीत से लेकर पॉप, गजल और भजन तक, हर विधा में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। 2026 में उनके निधन के साथ ही मंगेशकर परिवार की उस पीढ़ी का एक और सितारा अस्त हो गया है जिसने भारतीय फिल्म संगीत को विश्व पटल पर स्थापित किया। उनकी खनकती आवाज और वर्सटाइल गायकी हमेशा संगीत प्रेमियों के कानों में गूंजती रहेगी। प्रशासन द्वारा उनके अंतिम संस्कार की तैयारियों और राजकीय सम्मान को लेकर जल्द ही आधिकारिक घोषणा किए जाने की संभावना है।