29 अगस्त को महाराष्ट्र में फिर होगा बड़ा आंदोलन? मराठा आरक्षण को लेकर जालना से निकले मनोज जरांगे की चेतावनी
Manoj Jarange News: मराठा आरक्षण नेता मनोज जरांगे पाटिल ने जालना से पश्चिम महाराष्ट्र के दौरे की शुरुआत कर दी है। उन्होंने कुणबी रिकॉर्ड रद्द करने की साजिश का गंभीर आरोप लगाया है।
- Written By: आकाश मसने
मनोज जरांगे (सोर्स: सोशल मीडिया)
Manoj Jarange Tour For Maratha Reservation: मराठा आरक्षण की मांग को लेकर आंदोलन का नेतृत्व कर रहे मनोज जरांगे पाटिल ने एक बार फिर राज्यव्यापी दौरे की शुरुआत की। 29 अगस्त को प्रस्तावित राज्यव्यापी आंदोलन की पृष्ठभूमि में उन्होंने जालना जिले के अंतरवाली सराटी गांव से अपने पश्चिम महाराष्ट्र दौरे का शुभारंभ किया। यह दौरा 12 अगस्त तक चलेगा, जिसके दौरान वे विभिन्न जिलों में समाज के लोगों से संवाद करेंगे। दौरे पर रवाना होने से पहले मीडिया से बातचीत में जरांगे पाटिल ने राज्य सरकार और सत्ताधारी नेताओं पर गंभीर आरोप लगाए।
कुणबी रिकॉर्ड मिटाने की रची जा रही साजिश: जरांगे
मनोज जरांगे ने दावा किया कि मराठा समाज के कुणबी रिकॉर्ड को रद्द करने की साजिश रची जा रही है। उन्होंने कहा, कुणबी रिकॉर्ड कम करने की बड़ी साजिश चल रही है। कल रात मुझे कुछ नए दस्तावेज मिले हैं। इनमें मराठा समाज को मिली कुणबी प्रविष्टियों को सीधे रद्द करने का पत्र जारी किए जाने का उल्लेख है। उनके इस दावे से मराठा आरक्षण आंदोलन में एक बार फिर राजनीतिक हलचल तेज होने की संभावना है।
मराठा आरक्षण कार्यकर्ता मनोज जरांगे ने भाजपा, शिवसेना और एनसीपी के वरिष्ठ नेताओं पर भी निशाना साधा। जरांगे ने कहा कि इन दलों के बड़े नेता पैसे के दम पर अपने बच्चों को विदेश में पढ़ने भेज सकते हैं, लेकिन उन्हीं नेताओं के लिए काम करने वाले सामान्य कार्यकर्ता अपने बच्चों की स्कूल फीस तक नहीं भर पाते। गरीब अपने बच्चों को विदेश नहीं भेज सकते, इसलिए मैं कार्यकर्ताओं और गरीबों के बच्चों के भविष्य के लिए लड़ रहा हूं।
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Dharashiv, Maharashtra: Maratha quota activist Manoj Jarange Patil strongly criticised Minister Chandrashekhar Bawankule over the Kunbi certificate cancellation issue, while making it clear that he has always maintained a positive stand towards Deputy Chief Minister Eknath… pic.twitter.com/s0YpKu2M0D — IANS (@ians_india) August 7, 2026
किसी भी कीमत पर मराठा समाज का नुकसान नहीं होने दूंगा
समाज से एकजुट रहने की अपील करते हुए मनोज जरांगे पाटिल ने कहा कि जाति के उपकार कभी नहीं भूलने चाहिए। उन्होंने कहा कि मैं किसी भी कीमत पर मराठा समाज का नुकसान नहीं होने दूंगा। पश्चिम महाराष्ट्र के साथ-साथ अब मराठवाड़ा और विदर्भ के सभी क्षेत्रों का भी दौरा करूंगा और समाज को संगठित करूंगा।
मराठा समाज के लिए किए गए फैसले नहीं बदलेंगे : सामंत
मराठा आरक्षण आंदोलन के नेता मनोज जरांगे पाटिल द्वारा कुणबी रिकॉर्ड रद्द करने की साजिश का आरोप लगाए जाने के बाद महाराष्ट्र सरकार ने अपनी स्थिति स्पष्ट की है। उद्योग मंत्री उदय सामंत ने कहा कि मराठा समाज के हित में लिए गए सरकार के फैसले किसी भी परिस्थिति में बदले नहीं जाएंगे और कुणबी प्रमाणपत्र को लेकर फैली सभी गलतफहमियां दूर की जाएंगी।
मंत्री उदय सामंत ने कहा कि इस पूरे मामले पर उन्होंने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष चंद्रशेखर बावनकुले से भी चर्चा की है। उन्होंने बताया कि वर्तमान विवाद केवल गलतफहमियों के कारण पैदा हुआ है। सरकार का मराठा समाज के लिए लिए गए निर्णयों को बदलने का कोई इरादा नहीं है। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर कुछ वीडियो के जरिए जानबूझकर भ्रम फैलाने की कोशिश की जा रही है।
उदय सामंत ने कहा कि मराठा समाज को 10 प्रतिशत आरक्षण और कुणबी प्रमाणपत्र को लेकर जो निर्णय लिए गए हैं, वे महाराष्ट्र के तत्कालीन मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और तत्कालीन उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के नेतृत्व में ही लिए गए थे।
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ओबीसी समाज के साथ भी नहीं होगा अन्याय
उदय सामंत ने कहा कि सरकार मराठा समाज को न्याय देने के साथ-साथ ओबीसी समाज के हितों की भी पूरी रक्षा करेगी। यदि जरूरत पड़ी तो ओबीसी नेता लक्ष्मण हाके सहित सभी संबंधित पक्षों से सकारात्मक बातचीत की जाएगी। उन्होंने सभी राजनीतिक और सामाजिक नेताओं से जातीय तनाव बढ़ाने से बचने की अपील करते हुए कहा कि महाराष्ट्र की सामाजिक एकता बनी रहनी चाहिए। किसी भी जाति या धर्म के साथ अन्याय नहीं होने देना महायुति सरकार की स्पष्ट नीति है।
