आदमखोर तेंदुआ पिंजरे में कैद, वन विभाग ने इटियाडोह बांध के नहर के पास पकड़ा

Gondia News: गोंदिया के संजयनगर में बच्चे की मौत के बाद तीन दिन की मशक्कत के बाद वन विभाग ने आदमखोर तेंदुए को पिंजरे में कैद किया। नागरिकों ने राहत की सांस ली।
gondia-leopard-captured-after-child-death
पिंजरे में कैद तेंदुआ (फोटो नवभारत)
Published on: 
Updated on: 

Gondia Leopard Captured: गोंदिया के अर्जुनी मोरगांव तहसील के गोठनगांव वन क्षेत्र के संजयनगर में तेंदुए के हमले में एक छोटे बच्चे की मौत हो गई। इस मौके पर नागरिकों ने वन विभाग के कर्मचारियों पर अपना रोष जताया। वन विभाग के कर्मचारी पिछले तीन दिनों से आदमखोर तेंदूए को पकड़ने की कड़ी मेहनत कर रहे थे।

इसी बीच 28 सितंबर की शाम 4.30 बजे उन्हें सफलता मिली और आखिरकार वन विभाग की टीम और नागरिकों ने राहत की सांस ली। वन विभाग पिछले तीन दिनों से हमलावर तेंदुए की तलाश में अभियान चला रहा थी।

घटनास्थल और आसपास के इलाके में एक पिंजरा लगाया गया था। 28 सितंबर को दोपहर तेंदुआ शिकार की तलाश में उस जगह आ पहुंचा जहां पिंजरा लगाया गया था। उसने पिंजरे में रखे मुर्गे को शिकार बनाया व वह खुद पिंजरे में कैद हो गया।

तीन दिन पहले पांच साल बच्चे की हुई थी मौत

तीन दिन पहले करीब 5.30 बजे एक आदमखोर तेंदुए ने संजयनगर बंगाली कैंप में अपने घर के बरामदे में पेशाब कर रहे पांच साल के अंश प्रकाश मंडल नामक बच्चे पर हमला कर दिया। जिसमें उसकी मौत हो गई।

घटना की खबर जैसे ही लोगों के कानों तक पहुंची, इलाके में लोगों का गुस्सा बढ़ गया, जिसके कारण नागरिकों ने आंदोलन कर वन अधिकारी की गाड़ी में तोड़फोड़ की।

लार की जांच करने की मांग

लोगों की मांग थी कि आदमखोर तेंदुए को पकड़ा जाए और आखिरकार तीन दिन बाद वन विभाग ने आदमखोर तेंदूए को पकड़ने में सफलता हासिल कर ली है। लेकिन, क्या यह वही तेंदुआ है जिसने तीन बच्चों को गंभीर रूप से घायल कर दिया था और चौथे बच्चे को मौत के घाट उतारा था? ग्रामीणों को इस बात पर संदेह है। समझदार नागरिकों ने मांग की है कि प्रशासन तेंदुए की लार की जांच सुनिश्चित करें।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com