गड़चिरोली में किसानों का विरोध प्रदर्शन, भूमि अधिग्रहण करारनामे रद्द करने की मांग
Gadchiroli Land Dispute: गड़चिरोली जिले के गहूबोडी-जामगिरी क्षेत्र में आदिवासी किसानों ने कथित भूमि अधिग्रहण और निजी कंपनी के खिलाफ विरोध जताते हुए सभी करारनामे रद्द करने की मांग की है।
- Written By: आंचल लोखंडे
Chamorshi Farmers (सोर्सः फाइल फोटो-सोशल मीडिया)
Gadchiroli Tribal Farmers Protest: चामोर्शी तहसील के गहूबोडी-जामगिरी क्षेत्र में आदिवासी किसानों ने कथित भूमि अधिग्रहण और एक निजी कंपनी के खिलाफ तीव्र नाराजगी जताई है। किसानों का आरोप है कि उनकी अज्ञानता का फायदा उठाकर कुछ दलालों द्वारा जमीन हड़पने की साजिश रची जा रही है। कांग्रेस के जिलाध्यक्ष एड। विश्वजित कोवासे के नेतृत्व में किसानों के शिष्टमंडल ने जिलाधिकारी को दिए ज्ञापन में मांग की कि भूमि अधिग्रहण के नाम पर किए गए सभी करारनामे तुरंत रद्द किए जाएं।
जमीन हड़पने का लगाया आरोप
ज्ञापन के अनुसार, बिना किसी सरकारी आदेश या अधिसूचना के ही भूमि अधिग्रहण के नाम पर सौदे किए जा रहे हैं। कई किसानों से अग्रिम राशि लेकर करारनामे किए गए हैं। अब तक लगभग 100 एकड़ से अधिक भूमि के ऐसे करार होने का आरोप लगाया गया है। किसानों ने इन सभी सौदों को तत्काल रद्द करने की मांग की है।
किसानों ने की करारनामा रद्द करने की मांग
मारोडा ग्राम पंचायत अंतर्गत गहूबोडी गांव में बिना ग्रामवासियों को विश्वास में लिए ‘ना हरकत प्रमाणपत्र’ जारी किए जाने का भी आरोप लगाया गया है। इस मामले में विशेष ग्रामसभा में यह स्पष्ट प्रस्ताव पारित किया गया कि गांव की किसी भी भूमि के अधिग्रहण को मंजूरी नहीं दी गई है।
सम्बंधित ख़बरें
मुंबई में Gen Z और Gen Alpha के साथ कल सीधा संवाद करेंगे RSS प्रमुख मोहन भागवत; NMACC में तैयारी पूरी
बिना टिकट यात्रा पड़ेगी भारी! पश्चिम रेलवे ने वसूला ₹83.25 करोड़ जुर्माना, फर्जी UTS ऐप पर FIR दर्ज
आंगन में चाय बांट रहे थे अभिजीत दीपके, पीछे से शराब लेकर पहुंच गया शख्स; VIDEO देख लोग बोले टायफाइड की दवा है
VIDEO: जब टिकट कलेक्टर ने महिला यात्री को गोद में उठाया! जानें डोम्बिवली स्टेशन की यह भावुक कहानी
परिजनों के बीच विवाद पैदा करने की कोशिश
किसानों ने आशंका जताई है कि कुछ दलाल गलत जानकारी फैलाकर वारिसों और परिजनों के बीच विवाद पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं। इस पूरे प्रकरण की उच्च स्तरीय जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई करने की मांग भी की गई है। प्रतिनिधिमंडल में निकेश गद्देवार, रुपेश टिकले, रजनीकांत मोटघरे, सुधीर बांबोडे, राकेश तोरे, सूर्यकांत शेडमाके, देवाजी कुळमेथे, विशाल सोयाम सहित कई पदाधिकारी आदि उपस्थित थे।
