अहेरी महिला व बाल अस्पताल में डॉक्टरों की भर्ती की मांग, पार्षद अमोल मुक्कावार का बेमियादी अनशन शुरू
Aheri Hospital Protest: गडचिरोली के अहेरी महिला व बाल अस्पताल में रिक्त वैद्यकीय पदों को तत्काल भरने की मांग को लेकर पार्षद अमोल मुक्कावार के नेतृत्व में आंदोलन तेज हो गया है।
- Written By: आंचल लोखंडे
Aheri Hospital (सोर्सः फाइल फोटो-सोशल मीडिया)
Aheri Doctor Recruitment:अहेरी के महिला व बाल अस्पताल के रिक्त वैद्यकीय पद तत्काल भरें इस मांग को लेकर पार्षद अमोल मुक्कावार के नेतृत्व में 29 जून शुरू किए गए ताला जड़ों आंदोलन के दौरान पुलिस ने उन्हें प्रवेश द्वार पर ही रोका। इस दौरान पुलिस ने पार्षद समेत 4 आंदोलनकर्ताओं को हिरासत में लिया।
इसके बाद उन्हें रिहा किया गया, लेकिन मांग पूर्ण नहीं होने से नियोजन के तहत 30 जून से पार्षद व कार्यकर्ता अहेरी के स्थानीय गांधी चौक में बेमियादी अनशन शुरू किया है। इससे पूर्व पार्षदों ने 22 जून रोजी मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़णवीस की ओर अहेरी के उपविभागीय अधिकारी के मार्फत ज्ञापन देकर महिला व बाल चिकित्सा के वैद्यकीय अधिकारियों की नियुक्ति कर अन्य पद तत्काल भरने की मांग की थी।
मांग पूरी न होने पर अनशन
ज्ञापन में 28 जून तक पदभर्ती न होने पर 29 जून को ताला जड़ों आंदोलन तथा इसके बाद 30 जून से बेमियादी अनशन करने की चेतावनी दी गई थी। इसके तहत । सोमवार को अमोल मुक्कावार के नेतृत्व में कार्यकर्ता महिला व बाल रुग्णालय परिसर में दाखिल हुए। इस दौरान रिक्त पद तत्काल भरें इस मांग को लेकर जोरदार नारेबाजी की गई।
सम्बंधित ख़बरें
नागपुर: हाईटेक हुईं आदिवासी आश्रम शालाएं! 121 स्कूलों में डिजिटल क्लास रूम व 73 में विज्ञान केंद्रों की शुरुआत
पश्चिम रेलवे में नौकरी का मौका, मुंबई-सूरत रूट पर 175 ATVM फैसिलिटेटर्स की भर्ती, 10वीं पास कर सकते हैं आवेदन
आखिरकार बुआई को मिली गति, यवतमाल में मानसून की वापसी से किसानों को राहत
नवेगांवबांध में पुलिस की मोहल्ला बैठक, चोरी और साइबर फ्रॉड से बचाव के दिए अहम सुझाव
आंदोलनकारियों को प्रवेश द्वार पर ही रोका
आंदोलन करते समय शुरूआत में पुलिस ने आंदोलकारियों को प्रवेश द्वार पर ही रोका। इसके बाद महिला व बाल अस्पताल के वैद्यकीय अधीक्षक डा. के. डी. मडावी ने आंदोलकारियों से चर्चा की, उन्होंने उपसंचालक से संवाद भी कराया, लेकिन पदभर्ती संदर्भ में ठोस आश्वासन नहीं मिलने से कार्यकर्ताओं ने अस्पताल को ताला जड़ने का निर्णय कायम रखा, इस दौरान उक्त अस्पताल में डिफ्युटेशन पर 6 चिकित्सकों की नियुक्ति होने की जानकारी मिली, लेकिन आंदोलनकर्ताओं ने पूर्णकालीन चिकित्सक देने की मांग करते हुए 30 जून से बेमियादी अनशन शुरू किया है।
