- Hindi News »
- Maharashtra »
- Gadchiroli Nagar Parishad Election After Seven Years Local Governance
7 साल बाद लौटा लोकतंत्र, गड़चिरोली नप चुनाव संपन्न, प्रशासकीय शासन में अटके रहे विकास कार्य
Gadchiroli Elections: गड़चिरोली में करीब 7 साल बाद नगर परिषद चुनाव संपन्न हुए। प्रशासकीय शासन के कारण रुका विकास अब रफ्तार पकड़ेगा। नवनिर्वाचित नगराध्यक्ष व पार्षद जल्द कार्यभार संभालेंगे।
- Written By: अंकिता पटेल

प्रतीकात्मक तस्वीर ( सोर्स: सोशल मीडिया )
Gadchiroli Municipal Council Elections: गड़चिरोली लगभग 7 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद नगर परिषदों के चुनाव संपन्न हुए हैं और स्थानीय स्वशासन की लोकतांत्रिक प्रक्रिया को पुनः गति मिली है। इस अवधि के दौरान नगर परिषदों पर प्रशासकों का शासन रहा।
परिणामस्वरूप शहरों की मूलभूत नागरिक समस्याओं की ओर अपेक्षित ध्यान नहीं दिया जा सका। सड़कों की बदहाल स्थिति, नालियों की अव्यवस्था, पेयजल संकट, बढ़ता अतिक्रमण, स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी तथा नगर परिषद संचालित विद्यालयों में बुनियादी सुविधाओं का अभाव जैसी समस्याएं और अधिक गंभीर होती चली गईं।
प्रशासनिक शासन के दौर में निर्णय प्रक्रिया सीमित रही। निर्वाचित जनप्रतिनिधियों के अभाव में नागरिकों की शिकायतें प्रभावी ढंग से सामने नहीं आ सकीं, जिससे कई विकास कार्य फाइलों में ही अटके रह गए। योजनाओं के क्रियान्वयन में निरंतरता न होने का सीधा असर नगरों के समग्र विकास पर पड़ा।
सम्बंधित ख़बरें
जलसंकट से गुस्साया मनेगाव, तहसील पर ‘हंडा मोर्चा’, सड़क निर्माण में टूटी पाइपलाइन, 22 गांव प्रभावित
Nashik News: एक हजार ग्राम पंचायतों में होगा ‘प्रशासक राज’; सरपंच परिषद ने जताई आपत्ति
मेट्रो-9 के ‘बॉटल नेक’ फ्लाईओवर का डिवाइडर हटाया जा रहा, फिलहाल केवल दो लेन से शुरू होगा यातायात
पुणे: 40 साल बाद प्रशासन की बड़ी कार्रवाई; टाकली हाजी में ग्राम पंचायत की जमीन भू-माफियाओं से मुक्त
अब चुनाव प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, आगामी सप्ताह में नवनिर्वाचित नगराध्यक्ष और पार्षद अपना कार्यभार संभालेंगे। किंतु उनके समक्ष पिछले 7 वर्षों की लंबित समस्याओं का बड़ा बैकलॉग मौजूद रहेगा। केवल नई योजनाएं बनाना ही नहीं, बल्कि रुके हुए कार्यों को गति देना, नागरिकों का विश्वास पुनः अर्जित करना और प्रशासन को जवाबदेह बनाना उनकी प्रमुख जिम्मेदारी होगी।
विशेष रूप से यह भी देखा गया है कि बीते 7 वर्षों में नगर परिषदों में जनप्रतिनिधियों की अनुपस्थिति के कारण कुछ स्थानों पर प्रशासनिक अधिकारियों व कर्मचारियों में मनमाने कार्यशैली की प्रवृत्ति बढ़ी। अब जनप्रतिनिधियों की वापसी से इस पर अंकुश लगने की उम्मीद नागरिकों द्वारा जताई जा रही है।
नप केवल एक प्रशासनिक इकाई नहीं, बल्कि जनता की समस्याओं की आवाज है। इस भावना को फिर से स्थापित करना आवश्यक होगा। आने वाले समय में यह स्पष्ट होगा कि नवनिर्वाचित प्रतिनिधि विकास को प्राथमिकता देते हैं या फिर राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप तक ही सीमित रहते हैं। 7 वर्षों की प्रतीक्षा के बाद नगरवासियों को अब केवल आश्वासन नहीं, बल्कि ठोस और धरातल पर दिखने वाले कार्यों की अपेक्षा है।
मुद्दों को लेकर नए नगराध्यक्ष के सामने अनेक समस्याएं
जिले की तीनों नगर परिषद में एक बार फिर भाजपा की सत्ता स्थापित हुई है। हालांकि सत्ता वही रही, लेकिन अध्यक्ष पद सहित कई नए पदाधिकारियों को अवसर मिला है। ऐसे में शहर की पुरानी और जटिल समस्याओं को लेकर जनता की उम्मीदें भी बढ़ गई हैं।
पिछले कार्यकाल में गडचिरोली शहर में भाजपा के पदाधिकारियों द्वारा लगभग सौ करोड़ रुपये की लागत से भूमिगत नाली निर्माण का कार्य शुरू किया गया था। कार्यकाल समाप्त हो गया, लेकिन आज भी यह काम अधूरा है।
इस कारण नवनिर्वाचित अध्यक्ष के सामने यह सवाल प्रमुखता से उठाया जाएगा कि इस योजना पर हुए भारी खर्च के बावजूद काम क्यों पूरा नहीं हो सका। इसके अलावा वार्ड-वार्ड में विकसित किए गए उद्यानों की बदहाल स्थिति, पेयजल आपूर्ति की जर्जर पाइपलाइन तथा अन्य बुनियादी सुविधाओं की समस्याएं भी गंभीर बनी हुई है।
यह भी पढ़ें:- BJP का वर्चस्व, कांग्रेस ने दी कड़ी टक्कर, आगामी चुनावों में सियासी घमासान होने के संकेत
इन सभी मुद्दों का समाधान करना नई नगराध्यक्ष के लिए बड़ी चुनौती होगा। राज्य और केंद्र दोनों स्तरों पर भाजपा की सरकार होने के कारण गड़चिरोली शहर का चेहरा मोहरा बदलने का अवसर नवनिर्वाचित अध्यक्ष को मिला है। अब देखना यह होगा कि वे इन लंबित समस्याओं को कितनी प्राथमिकता देकर शहर के समग्र विकास की दिशा में ठोस कदम उठाती है,
नगर परिषद के समक्ष तात्कालिक चुनौतियां
- सड़कों व नालियों की मरम्मत
- नियमित और स्वच्छ पेयजल आपूर्ति
- बढ़ते अतिक्रमण पर प्रभावी कार्रवाई
- स्वास्थ्य एवं स्वच्छता सेवाओं में सुधार
- नगर परिषद विद्यालयों की आधारभूत सुविधाओं का विकास
- प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर सख्त नियंत्रण
Gadchiroli nagar parishad election after seven years local governance
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
लेटेस्ट न्यूज़
पापा के निधन से टूटे सिद्धार्थ मल्होत्रा, शेयर की इमोशनल पोस्ट, बोले- मैं जो कुछ भी हूं, आपकी वजह से हूं
Feb 18, 2026 | 06:48 AMBirthday Horoscope: 18 फरवरी को जन्मे लोगों के लिए कैसा होगा साल 2026? जानें किन राशियों की चमकेगी किस्मत!
Feb 18, 2026 | 06:46 AMसमुद्र में अमेरिकी सेना का बड़ा एक्शन: ड्रग तस्करी में शामिल 3 नावें तबाह और 11 लोगों की मौत
Feb 18, 2026 | 06:36 AM55 की उम्र में दिखेगा 25 जैसा ग्लो! किचन की इन 6 चीजों में छिपा है जवानी का खास नुस्खा
Feb 18, 2026 | 06:23 AMक्या आपका फोन आपकी बातें सुन रहा है? नई रिपोर्ट ने बढ़ाई चिंता, जानिए सच क्या है
Feb 18, 2026 | 03:31 AMआज का राशिफल 18 February 2026: कर्क और वृश्चिक राशि वालों को होगा धन लाभ, मकर राशि वाले रहें सावधान!
Feb 18, 2026 | 12:05 AMवर्ल्ड कप में जीत के लिए नेपाल ने 12 साल का किया इंतजार, अब SCO को दी ऐसी हार कि हिला डाली पूरी प्वाइंट्स टेबल
Feb 17, 2026 | 11:53 PMवीडियो गैलरी

खाकी हुई शर्मसार! ट्रेन के AC कोच से तकिया-चादर चुराते पकड़ा गया UP पुलिस का सिपाही, देखें यह VIDEO
Feb 17, 2026 | 09:58 PM
क्या ट्रेन में सुरक्षित नहीं हैं महिलाएं? मनचले ने सरेआम किया अश्लील बर्ताव, युवती की हिम्मत ने कर दिया बेनकाब
Feb 17, 2026 | 09:52 PM
प्रेमानंद महाराज की शरण में फिर पहुंचे विराट कोहली और अनुष्का, तुलसी की माला पहने दिखीं अभिनेत्री- VIDEO
Feb 17, 2026 | 09:20 PM
सोने की कीमतों में ऐतिहासिक गिरावट! क्या 2027 तक ₹1 लाख से नीचे आएगा गोल्ड? रूस की एक खबर ने हिलाया बाजार
Feb 17, 2026 | 09:14 PM
सिर्फ रील्स पर नहीं, काम पर होगा वोट! ‘जेन-जी’ युवाओं ने नेताओं को दी सीधी चेतावनी- VIDEO
Feb 17, 2026 | 09:07 PM
‘देश का बच्चा-बच्चा मेरे साथ’, जेल से बाहर आते ही राजपाल यादव ने तोड़ी चुप्पी; देखें क्या कहा- VIDEO
Feb 17, 2026 | 08:59 PM














