

इस संवेदनशील सूचना को गंभीरता से लेते हुए, आरपीएफ पोस्ट बल्लारशाह के प्रभारी निरीक्षक वी. बी. वाघमारे ने अपनी टीम को तुरंत कार्रवाई के लिए निर्देशित किया। निर्धारित समय पर जैसे ही ट्रेन बल्लारशाह स्टेशन पहुंची, मुख्य आरक्षक पवन कुमार ने मोर्चा संभाला। उन्होंने चाइल्ड लाइन बल्लारशाह की महिला सुपरवाइजर त्रिवेणी हाडके के साथ मिलकर संबंधित कोच का गहन निरीक्षण किया।
जांच के दौरान, टीम को दोनों नाबालिग बालिकाएं बिना किसी परिजन या वयस्क के अकेली बैठी मिलीं। चाइल्ड लाइन की प्रतिनिधि द्वारा उनसे सहानुभूति पूर्वक पूछताछ की गई। पूछताछ में यह चौंकाने वाली जानकारी सामने आई कि वे दोनों लड़कियां अपने घर से बिना बताए बाहर काम की तलाश में निकली थीं। यह स्पष्ट होते ही कि वे असुरक्षित स्थिति में हैं, आरपीएफ टीम ने तुरंत दोनों बालिकाओं की सुरक्षा सुनिश्चित की।