Chandrapur ST Bs Issue (सोर्सः सोशल मीडिया)
MSRTC Concession Scheme: महाराष्ट्र राज्य परिवहन निगम (ST) के 13 फरवरी के आदेश के बाद रियायती दर पर बस यात्रा करने वाले यात्रियों के सामने नई परेशानी खड़ी हो गई है। पहले रियायती यात्रा के लिए यात्री अपना आधार कार्ड दिखाकर टिकट ले सकते थे, लेकिन अब रियायत का लाभ लेने के लिए NCMC कार्ड बनवाना अनिवार्य कर दिया गया है।
इस कार्ड को बनवाने के लिए यात्रियों को 200 रुपये जमा करने पड़ते हैं, जिससे खासकर बुजुर्ग यात्रियों की परेशानी बढ़ गई है। कई बुजुर्गों को इस नई व्यवस्था की पूरी जानकारी नहीं है, जिसके कारण यह योजना उनके लिए सिरदर्द बन गई है। कार्ड के बिना रियायती टिकट नहीं देने के आदेश जारी होने से लाभार्थियों में भ्रम की स्थिति पैदा हो गई है।
ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग ST बसों से यात्रा करते हैं। इनमें से कई यात्रियों के पास मोबाइल फोन या ऑनलाइन लेन-देन की सुविधा नहीं होती। ऐसे में रियायती दर पर यात्रा करना उनके लिए मुश्किल बन गया है, ऐसा कई बुजुर्ग यात्रियों का कहना है।
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पहले यात्री आधार कार्ड दिखाकर रियायती दर पर टिकट ले सकते थे। लेकिन अब सरकार ने यह सुविधा केवल NCMC कार्ड के माध्यम से ही देने का निर्णय लिया है। इसके कारण बस स्टैंडों पर NCMC कार्ड बनवाने के लिए खासकर बुजुर्ग यात्रियों की भीड़ लग रही है और उन्हें घंटों लाइनों में खड़ा रहना पड़ रहा है।
NCMC कंसेशन कार्ड बनवाने के लिए पहले फॉर्म भरना पड़ता है। इसके बाद फिंगरप्रिंट मशीन पर अंगूठा या उंगली लगानी होती है और मोबाइल नंबर पर आने वाले OTP के जरिए प्रक्रिया पूरी की जाती है। हालांकि कई बुजुर्गों के फिंगरप्रिंट साफ नहीं आने के कारण प्रक्रिया में परेशानी हो रही है। इससे OTP वेरिफिकेशन में भी दिक्कत आती है और कार्ड बनने में देरी हो जाती है। इस वजह से अन्य रियायतधारकों को भी अपनी बारी आने के लिए कई घंटों तक इंतजार करना पड़ रहा है। परिणामस्वरूप हर डिपो में लोगों की भीड़ दिन-ब-दिन बढ़ती जा रही है।