Talodhi Naik Water Crisis: चिमूर के तलोधी नाइक गांव में जलापूर्ति योजना ठप; नलों से आ रहा गंदा पानी
Talodhi Naik Water Crisis: चिमूर के तलोधी नाइक गांव में गंदे और अनियमित पानी सप्लाई से लोग परेशान हैं। महिलाओं ने ग्राम पंचायत को 2 दिन का अल्टीमेटम देते हुए साफ पानी की मांग की है
- Written By: केतकी मोडक
प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स - सोशल मीडिया)
Chimur Talodhi Naik Water Crisis: चंद्रपूर जिले के चिमूर तालुका के तलोधी नाइक गांव में, जिसकी आबादी करीब तीन हजार है, ग्रामीण जलापूर्ति योजना के फेल होने की एक तस्वीर सामने आई है। पिछले कुछ दिनों से गांव के नलों में गंदा पानी आ रहा है और कई इलाकों में तो बिल्कुल भी पानी नहीं आ रहा है, जिससे लोगों को बहुत परेशानी हो रही है। यह हालत तब और भी खराब हो गई है जब गर्मी के मौसम में पानी की जरूरत ज्यादा होती है।
ग्राम पंचायत कार्यालय पर महिलाओं का हल्ला बोल
गांव की महिलाओं को पीने के पानी के लिए रोजाना भटकना पड़ता है। और गंदे पानी से सेहत से जुड़ी परेशानियां भी हो रही हैं। गांववालों ने आरोप लगाया है कि इस बारे में ग्राम पंचायत को बार-बार हिदायत देने के बावजूद प्रशासन उनकी अनदेखी कर रहा है। इसी वजह से गुस्साई महिलाओं ने सोमवार सुबह ग्राम पंचायत कार्यालय पर दस्तक देकर अपना असंतोष जाहिर किया। महिलाओं ने अपनी भावनाएं जाहिर करते हुए कहा कि उन्हें साफ और नियमित पानी मिलना चाहिए। गंदे पानी से उनके परिवार की सेहत पर असर पड़ रहा है।
उन्होंने यह भी कहा कि कुछ इलाकों में नल से आने वाला पानी गंदा और बदबूदार है। इस बीच, चिमूर ग्राम पंचायत प्रशासन को चेतावनी दी है कि अगर उसने इस समस्या पर गंभीरता से ध्यान नहीं दिया तो महिलाओं के साथ नागरिक तीव्र आंदोलन करेंगे, महिलाओं ने चेतावनी दी है कि अगर दो दिन के अंदर नियमित और साफ पानी की आपूर्ती शुरू नहीं की गई, तो वे ग्राम पंचायत कार्यालय को ताला लगा देंगी।
सम्बंधित ख़बरें
यवतमाल में मातृ व बाल मृत्यु दर पर चिंता: आंकड़े डराने वाले, स्वास्थ्य व्यवस्था पर उठे सवाल
Chandrapur Forest Fire: नवरगांव के जंगलों में भयंकर आग, सावली में कचरा जलाते समय भड़की भीषण आग
मुंबई-आगरा हाईवे पर दर्दनाक हादसा, नासिक में पिकअप-बाइक टक्कर में युवक की मौतच अवैध पार्किंग पर उठे सवाल
Sambhajinagar Municipal Corporation: 3 हजार में बन रहा फर्जी जन्म प्रमाणपत्र! संभाजीनगर में बड़ा रैकेट उजागर
यह भी पढ़ें:-Chandrapur Forest Fire: नवरगांव के जंगलों में भयंकर आग, सावली में कचरा जलाते समय भड़की भीषण आग
ग्रामीण भागों में नियोजन की कमी
इस घटना से गांव में जलापूर्ति व्यवस्था का गंभीर मुद्दा सामने आ गया है और लोग प्रशासन से तुरंत कदम उठाने की मांग कर रहे हैं। लोगों का कहना है कि इतनी कड़ी धूप में महिलाओं को पानी के लिए मिलों भटकना पडे, यह प्रशासन की विफलता का प्रतिक है। हर घर जल का नारा यहां बेमानी साबित हो रहा है।
यदि यंत्रणा में कोई कमी थी तो ग्रीष्मकाल से पूर्व इसपर ठोस काम क्यों नहीं किया गया? गंदे पानी की सप्लाई का कारण क्या है? जैसे सवालों को लेकर ग्राम पंचायत प्रशासन को घेरनेवाले लोगों ने प्रशासन को दो दिनों का अल्टीमेटम दिया है। अब इस पर प्रशासन क्या उपाययोजना करता है इस ओर सभी का ध्यान लगा है। यह तस्वीर केवल तलोधी नाईक की नहीं बल्कि पूरे जिले के ग्रामीण भागों में नियोजन की कमी के यहीं हालात नजर आ रहे है, ऐसा लोगों का कहना है।
