20% कमीशन लेने वाला नेता कौन? परिणय फुके ने दिए इशारे से मचा बवाल, छिड़ा सियासी संग्राम

Maharashtra News: महाराष्ट्र के भंडारा जिले में एक सम्मेलन के दौरान विधायक डॉ. परिणय फुके ने नगर परिषद में चल रहे भ्रष्टाचार पर ध्यान आकर्षित कराया।
Maharashtra News: महाराष्ट्र के भंडारा जिले में एक सम्मेलन के दौरान विधायक डॉ. परिणय फुके ने नगर परिषद में चल रहे भ्रष्टाचार पर ध्यान आकर्षित कराया।
डॉ. परिणय फुके (सौजन्य-एक्स)
Published on
Updated on

Bhandara News: भंडारा नगर परिषद में पिछले चार वर्षों से भ्रष्टाचार का बोलबाला रहा है, यह आरोप विधायक डॉ. परिणय फुके ने लगाया। उन्होंने कहा कि बिना प्रशासकीय स्वीकृति के 20 करोड़ रुपये के ठेके निकाले गए और एक नेता ने इन कार्यों से 20 प्रतिशत कमीशन लिया। उनके इस बयान के बाद पूरे भंडारा जिले में खलबली मच गई है और हर जगह यह चर्चा है कि आखिर वह 20 प्रतिशत कमीशन लेने वाला नेता कौन है।

राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले और गृह राज्यमंत्री पंकज भोयर की उपस्थिति में भाजपा कार्यकर्ताओं का दिवाली स्नेहमिलन कार्यक्रम आयोजित किया गया था। कार्यक्रम में विधायक डॉ. फुके ने जोशपूर्ण भाषण देकर आगामी नगर परिषद, जिला परिषद और पंचायत समिति चुनावों के लिए कार्यकर्ताओं में जोश भर दिया और चुनावी बिगुल भी फूंक दिया।

भोयर ने रद्द की निविदाएं

डॉ. फुके ने कहा कि एक नेता ने बिना प्रशासकीय स्वीकृति के 20 करोड़ रुपये की निविदा जारी कर कार्यों का बंटवारा किया और 20 प्रतिशत कमीशन भी लिया। इस प्रकरण की जानकारी जब राज्यमंत्री पंकज भोयर को दी गई तो उन्होंने तत्काल निविदाएं रद्द कर दीं। डॉ. फुके ने कहा कि इस प्रकार से काम करने वाले अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।

फुके के बयान ने मचाई हलचल

उन्होंने भंडारा नगर परिषद में पिछले चार वर्षों में हुए करोड़ों रुपये के भ्रष्टाचार की भी ओर ध्यान दिलाया। उनका कहना था कि भंडारा शहर में हुए विकास कार्यों में 25 से 30 प्रतिशत तक राशि भ्रष्टाचार में गई है। इसलिए नगर परिषद में भाजपा का अध्यक्ष और नगरसेवक चुना जाना आवश्यक है ताकि भ्रष्टाचारमुक्त विकास संभव हो सके। डॉ. फुके के इस भाषण से भंडारा शहर में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। नागरिकों में भी भ्रष्ट नेताओं को बेनकाब करने और उन्हें शहर से बाहर करने की मांग उठ रही है।

Navbharat Live
navbharatlive.com