मनपा अस्पताल विवाद( सोर्स: सोशल मीडिया )
Sambhajinagar CIDCO Police Case: छत्रपति संभाजीनगर खुद को एमआईएम के जनप्रतिनिधि बताते हुए जांच के नाम पर 5 लोगों ने एन-8 सिडको स्थित स्वाधीनता सेनानी विनायक दामोदर सावरकर मनपा अस्पताल में आकर स्वास्थ्य अधिकारी के केबिन में जाकर हंगामा किया।
दवाइयों के भंडारण व सुविधाओं के बारे में सवालों की बौछार करते हुए बगैर अनुमति अहम दस्तावेज व कुछ दवाइयां ले जाने की खबर है। बारे में असरार अहमद (रहेमानिया कॉलोनी), इमरान सालार (बुड्डीलेन) व उनके तीन सहयोगियों के खिलाफ सिडको पुलिस थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।
स्वास्थ्य अधिकारी मेधा जोगदंड ने शिकायत दर्ज कराई कि 9 अप्रैल की सुबह 11 बजे 5 लोग अस्पताल में आए व मनपा में विपक्ष के नेता का नाम बताते हुए दवाइयों, इंजेक्शन, कफ सिरप का स्टॉक, कर्मचारियों की संख्या आदि मुद्दों पर आक्रामक रुख अपनाते हुए पूछताछ शुरू की। यही नहीं, पूछने लगे कि एंटी रेबिज इंजेक्शन की उपलब्धता क्यों नहीं है।
शिकायत में कहा गया है कि आरोपियों ने स्टाफ की सूची, दवाइयों की जानकारी, विभिन्न रिपोर्ट, पीएमएसएमए योजना के सोनोलॉजिस्ट सूची देखने के लिए कब्जे में ली। कफ सिरप, डायक्लोफेनैक जेल, कैल्शियम की गोलियां देखने के लिए लेने के बाद वह नहीं लौटाई।
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एक शख्स ने अस्पताल के विभिन्न कक्षों में घूमकर मोबाइल पर वीडियो शूटिंग भी की। इससे ओपीडी सेवा चरमरा गई। मरीजों व छोटे बच्चों को ताकते रहने की नौबत आई। घटना के बाद आला अफसरों से संपर्क साधने पर संबंधित व्यक्ति के नगरसेवक नहीं होने का खुलासा हुआ। जांच जमादार शिवाजी भोसले कर रहे हैं।