- Hindi News »
- Maharashtra »
- Chattrapati Sambhajinagar »
- Chhatrapati Sambhajinagar Water Supply Pipeline Hydraulic Test Decision
नई जल योजना में बड़ा फैसला, 38 किमी पाइपलाइन की पूरी जांच नहीं, योजना पर भरोसे का दांव
Sambhajinagar Jaikwadi Pipeline: जायकवाड़ी से नक्षत्र वाड़ी तक 38 किमी मुख्य जलवाहिनी की पूरी हाइड्रोलिक जांच नहीं होगी। ठेकेदार की मरम्मत गारंटी के बाद प्रशासन ने फैसला लिया है।
- Written By: अंकिता पटेल

प्रतीकात्मक तस्वीर ( सोर्स: सोशल मीडिया )
Chhatrapati Sambhajinagar water: छत्रपति संभाजीनगर शहर की बहुप्रतीक्षित नई जलापूर्ति योजना से जुड़ा एक महत्वपूर्ण निर्णय सामने आया है। जायकवाड़ी से नक्षत्र वाड़ी के बीच बिछाई गई 38 किलोमीटर लंबी मुख्य जलवाहिनी की संपूर्ण हाइड्रोलिक जांच नहीं कराने का फैसला प्रशासन ने लिया है।
सूत्रों के अनुसार मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की उपस्थिति में हुई समीक्षा बैठक में ठेकेदार कंपनी द्वारा पाइपलाइन में भविष्य में किसी भी प्रकार की रिसाव या टूट-फूट की स्थिति में मरम्मत का पूरा खर्च स्वयं वहन करने की लिखित गारंटी देने के बाद यह निर्णय अंतिम किया गया। शहर की बढ़ती आबादी को ध्यान में रखते हुए लगभग 2740 करोड़ रुपए की लागत से नई जलापूर्ति योजना लागू की जा रही है।
इस परियोजना का क्रियान्वयन महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण के माध्यम से जीवीपीआर कंपनी द्वारा किया जा रहा है। परियोजना के अंतर्गत मुख्य जलवाहिनी, जैकवेल, एमबीआर, जल शुद्धीकरण केंद्र, जलकुंभ तथा 2000, 1500 और 1100 मिमी व्यास की सहायक पाइपलाइनों का कार्य लगभग पूर्ण हो चुका है।
सम्बंधित ख़बरें
अमरावती में खूनी झड़प:गलती से दूसरे कमरे में जाने की कीमत मौत! बिहार के मजदूर की अमरावती में हत्या
अमरावती में पुलिस का बड़ा एक्शन: बाइक सवार युवक के बैग से नंबर प्लेट, हथियार और कैश बरामद
छत्रपति संभाजीनगर में जिप स्कूलों की विशेष जांच कल से; कमियों को सुधारने के लिए त्रिसदस्यीय दल करेगा निरीक्षण
पुणे कृषि महाविद्यालय में ‘अजित दादा पवार देशी गाय केंद्र’ का नामकरण, महिला किसानों के रोजगार पर जोर
जायकवाड़ी से नक्षत्र वाड़ी तक 38 किलोमीटर की दूरी में 2500 मिमी व्यास की मुख्य जलवाहिनी बिछाई गई है। यह कार्य अंतिम चरण में है। प्रारंभिक आठ से नौ किलोमीटर हिस्से की हाइड्रोलिक जांच की गई थी।
पहले चरण में 200 एमएलडी जलापूर्ति
2500 मिमी व्यास जैसी विशाल पाइपलाइन में दबाव जांच गुणवत्ता नियंत्रण की मूल प्रक्रिया मानी जाती है। विशेषज्ञों का मत है कि निर्धारित क्षमता से अधिक दवाव देकर रिसाव और संरचनात्मक मजबूती की पुष्टि करना आवश्यक होता है।
हालांकि प्रशासन का दावा है कि ठेकेदार की गारंटी से आर्थिक जोखिम कम होगा। वास्तविक स्थिति पाइप लाइन चालू होने के बाद ही स्पष्ट होगी। परियोजना के प्रथम चरण के पूर्ण होने पर शहर को प्रतिदिन 200 एमएलडी पानी उपलब्ध कराने का लक्ष्य निर्धारित है। अधिकांश निर्माण कार्य पूर्ण हो चुके हैं और अंतिम परीक्षण तथा कनेक्शन की प्रक्रिया जारी है।
पाइपलाइन बिछाने के बाद उसकी दबाव सहन क्षमता जांचने की प्रक्रिया को हाइड्रोलिक जांच कहा जाता है। निर्धारित क्षमता से अधिक दबाव डालकर रिसाव या कमजोरी की जांच की जाती है।। बड़ी व्यास वाली पाइपलाइन में यह प्रक्रिया अत्यंत महत्वपूर्ण मानी जाती है।
परियोजना की समीक्षा
वाढावीस की अध्यक्षता में परियोजना की समीक्षा की गई। बैठक में महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण के वरिष्ठ अधिकारी और जीवीपीआर कंपनी के प्रतिनिधि उपस्थित थे, कंपनी की ओर से पूर्ण हाइड्रॉलिक जांच आवश्यक न होने का मत रखा गया।
यह भी पढ़ें:-12 फरवरी का इतिहास: महात्मा गांधी की अस्थियों का गंगा में विसर्जन
इस पर मुख्यमंत्री में स्पष्ट किया कि भकिय में यदि जलवाहिनी में रिसाव या क्षति होती है तो उसकी मरम्मत का संपूर्ण खर्च ठेकेदार कंपनी की स्वयं वहन करना होगा, कंपनी द्वारा लिखित गारंटी देने के बाद ही जांच टालने का निर्णय लिया गया इतनी बड़ी और महत्वपूर्ण परियोजना में सपूर्ण हाइड्रोलिक जांच नहीं कराने के निर्णव पर कुछ तकनीकी विशेषज्ञों ने चिंता व्यक्त की है।
Chhatrapati sambhajinagar water supply pipeline hydraulic test decision
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
लेटेस्ट न्यूज़
अमरावती में खूनी झड़प:गलती से दूसरे कमरे में जाने की कीमत मौत! बिहार के मजदूर की अमरावती में हत्या
May 17, 2026 | 03:10 PMMP में ‘डिजिटल न्याय’ का नया दौर, कोर्ट से जमानत मिलते ही 10 मिनट में होगी रिहाई; 1 मिनट में मिलेगी ऑर्डर कॉपी
May 17, 2026 | 03:08 PMअमरावती में पुलिस का बड़ा एक्शन: बाइक सवार युवक के बैग से नंबर प्लेट, हथियार और कैश बरामद
May 17, 2026 | 03:01 PMछत्रपति संभाजीनगर में जिप स्कूलों की विशेष जांच कल से; कमियों को सुधारने के लिए त्रिसदस्यीय दल करेगा निरीक्षण
May 17, 2026 | 02:56 PMKeir Starmer Resign: ब्रिटेन के पीएम स्टार्मर की कुर्सी खतरे में, जानिए कौन हैं नए दावेदार
May 17, 2026 | 02:54 PMCannes में Urvashi Rautela का दिखा ग्लैमरस लुक, सोशल मीडिया पर हुईं ट्रोल, गिगी हदीद के लुक से किया कम्पेयर
May 17, 2026 | 02:54 PMपुणे कृषि महाविद्यालय में ‘अजित दादा पवार देशी गाय केंद्र’ का नामकरण, महिला किसानों के रोजगार पर जोर
May 17, 2026 | 02:52 PMवीडियो गैलरी

लखनऊ में भारी बवाल, वकीलों के अवैध चैंबरों पर गरजा प्रशासन का बुलडोजर, पुलिस ने की लाठीचार्ज, देखें VIDEO
May 17, 2026 | 01:25 PM
शिक्षामंत्री फुंकवाते हैं और स्वास्थ्य मंत्री…बिहार सरकार पर तेजस्वी का तंज, बोले- सरकार ने जनता को ठगा
May 17, 2026 | 01:09 PM
आग का गोला बनी राजधनी एक्सप्रेस! थर्ड AC और SLR कोच जलकर खाक, देखें कैसे बची 68 यात्रियों की जान- VIDEO
May 17, 2026 | 12:54 PM
मेरे लिए बेहद लकी है गोवा…अरविंद केजरीवाल ने बताया कैसे गोवा पहुंचते ही पलट गई शराब घोटाले की बाजी! VIDEO
May 17, 2026 | 12:17 PM
16 मई को ठप हो जाएगी दिल्ली-मुंबई? डिलीवरी बॉय और कैब ड्राइवरों का फूटा गुस्सा, देशव्यापी बंद का ऐलान
May 16, 2026 | 01:25 PM
उनकी पूरी जिंदगी अदालतों के…ममता बनर्जी पर भाजपा नेता का तीखे वार, बोले- चुनावी हिंसा की पुरानी परंपरा बदली
May 16, 2026 | 01:06 PM










