प्लॉट सौदे में 1.33 करोड़ की ठगी, संभाजीनगर में सेवानिवृत्त PSI से धोखाधड़ी; छह आरोपियों पर केस
Sambhajinagar Plot Fraud: संभाजीनगर में प्लॉट दिलाने के नाम पर एक सेवानिवृत्त पुलिस उपनिरीक्षक से 1.33 करोड़ रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। सिटी चौक पुलिस ने 6 आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया ।
- Written By: अंकिता पटेल
Chhatrapati Sambhajinagar Retired PSI Fraud Case ( सोर्स : शोसल मीडिया )
Chhatrapati Sambhajinagar Retired PSI Fraud Case: छत्रपति संभाजीनगर प्लॉट के सौदे के नाम पर एक सेवानिवृत्त पुलिस उपनिरीक्षक को 1 करोड़, 33 लाख रुपए का चूना लगाने का प्रकरण सामने आया है। समझा जाता है कि 15 से 20 फरवरी 2024 के बीच दिल्ली गेट क्षेत्र स्थित सलमान हॉल में हुई घटना में प्लॉट बेचने का लालच देकर राशि लेने के बाद पंजीकृत बिक्री पत्र (सेल डीड) करने से टालमटोल की गई।
बाउंस हुए चेक, जीपीए व फर्जी करारनामों के आधार पर धोखाधड़ी का आरोप है। शेख इरफान शेख शफीक, शेख सलमान शेख शफीक, गौसिया बेगम शेख शफीक, शेख शफीक उर्फ शेख साहब (सभी निवासी सलमान हॉल, दिल्ली गेट), शेख जमील शेख गुलाम रसूल (34, ईदगाह झोपड़पट्टी, रोजेबाग) व शेख इमरान शेख गफ्फार (कैसर कॉलोनी) के खिलाफ सिटी चौक पुलिस थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।
पुलिस उपनिरीक्षक पद से सेवानिवृत्त व एकता नगर निवासी गोरख चव्हाण (60) ने शिकायत दर्ज कराई कि वर्तमान में वे जिला न्यायालय में वकालत कर रहे हैं। वर्ष 2023 में उनकी पहचान यासीन खान के जरिए शेख इरफान से हुई थी।
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इरफान ने खुद को जमीन खरीद-फरोख्त का व्यवसाय करने वाला बताते हुए हिमायतबाग क्षेत्र के चाऊस कॉलोनी में गट नंबर 19/1 की 18।7 आर जमीन बिक्री के लिए होने की जानकारी दी।
यह जमीन शेख जमील के नाम पर होने की बात कहकर इरफान व उसके परिवार ने चव्हाण का विश्वास जीत लिया 2 करोड़ रुपये में सौदा तय होने के बाद चव्हाण ने 20 लाख रुपये आरटीजीएस के जरिए दिए, जबकि उनके मित्र यासीन खान ने अलग-अलग तारीखों में कुल 1 करोड़ 33 लाख रुपये इरफान को दिए गए, इस राशि की प्राप्ति इरफान ने अपने हस्ताक्षर से रजिस्टर में दर्ज की थी।
जमीन का पंजीकृत बिक्री करने से टालमटोल
बड़ी राशि लेने के बाद भी इरफान ने जमीन का पंजीकृत बिक्री पत्र करने से टालमटोल की। पैसे वापस मांगने पर जुलाई 2024 में समझौते का करार कर 40 लाख रुपए के तीन चेक दिए गए, जिनका भुगतान नहीं हो सका, यही नहीं, खाता बंद होने से अन्य चेक भी भुने नहीं गए, रकम लौटाने में असमर्थता जताते हुए आरोपी ने हिमायतनगर क्षेत्र के प्लॉट नंबर 83 से 86 देने का वादा किया, पर वास्तविक बिक्री पत्र करने के बजाए महज पंजीकृत मुख्तारनामा (जीपीए) दिया व प्लॉट का कब्जा भी नहीं दिया।
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इसके बाद दिल्ली गेट स्थित सलमान हॉल की 2 दुकानों की बिक्री का करार किया गया। दुकान का कब्जा लेने जब चव्हाण व उनके साझेदार पहुंचे, तो शेख शफीक उर्फ शेख साहब ने बंदूक तानते हुए दोबारा आने पर गोली मारने की धमकी दी।
आर्थिक अपराध शाखा में शिकायत
इसके बाद आरोपियों ने सातारा क्षेत्र के 1 रो-हाउस की बिक्री का अस्थायी करार किया, पर उस संपत्ति के सह-मालिक के यह बयान कि इरफान ने कोई राशि नहीं दी है, से घोखाधड़ी का खुलासा हुआ। तदुपरांत आर्थिक अपराध शाखा में शिकायत दी गई। सिटी बौक पुलिस थाने में केस दर्ज किया गया है। जांच आर्थिक अपराध शाखा के निरीक्षक संभाजी पवार कर रहे है।
