Amravati News: मकर संक्रांति का पर्व हर्षोल्लास से मनाया गया, भक्तों ने मंदिरों में की पूजा-अर्चना

Sankranti Festival Celebration: अमरावती शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में मकर संक्रांति का पर्व श्रद्धा और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया, जहां मंदिरों में पूजा-अर्चना, दान-पुण्य और तिलगुल वितरण के आयोजन हुए।
Sankranti Festival Celebration
Sankranti Festival Celebration:अमरावती शहर (सोर्सः सोशल मीडिया)
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Makar Sankranti Amravati: अमरावती शहर सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में मकर संक्रांति का पर्व हर्षोल्लास और श्रद्धा के साथ मनाया गया। सुबह से ही श्रद्धालुओं ने पवित्र स्नान कर दान-पुण्य का शुभारंभ किया। मंदिरों में विशेष पूजा-अर्चना के साथ श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखी गई, वहीं विभिन्न धार्मिक आयोजन भी संपन्न हुए।

मकर संक्रांति के अवसर पर लोगों ने दान-पुण्य करते हुए गायों को हरा चारा खिलाया तथा गरीब और जरूरतमंद लोगों को भोजन व वस्त्रों का वितरण कर पुण्य लाभ अर्जित किया। इस पर्व पर तिल और गुड़ के प्रसाद का विशेष महत्व होता है। इसी कारण शहर में तिल के लड्डू, गुड़-तिल की गजक सहित अन्य पारंपरिक मिठाइयों की जमकर बिक्री हुई। महिलाओं ने घरों में तिल और गुड़ से बनी मिठाइयाँ तैयार कर मंदिरों में भगवान को भोग अर्पित किया और दर्शन कर मनोकामनाएं मांगी।

वस्त्रों का वितरण

मकर संक्रांति के दिन शहर में कई स्थानों पर गरीब व असहाय लोगों को गर्म पकौड़े और अन्य पकवान खिलाने के साथ-साथ वस्त्रों का वितरण भी किया गया, जिससे सामाजिक समरसता और सेवा भावना का परिचय मिला।

पोटे पाटिल इंटरनेशनल स्कूल में संक्रांति उत्सव

पी. आर. पोटे पाटिल इंटरनेशनल स्कूल में मकर संक्रांति का पर्व अत्यंत उत्साह और उल्लासपूर्ण वातावरण में मनाया गया। विद्यालय परिसर को आकर्षक रंगोलियों से सजाया गया था। विद्यार्थियों ने पारंपरिक परिधान पहनकर कार्यक्रम में उत्साहपूर्वक भाग लिया।

“तिलगुल लो, मीठा-मीठा बोलो”

कार्यक्रम की शुरुआत मकर संक्रांति के धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक महत्व पर आधारित प्रस्तावना भाषण से हुई। विद्यार्थियों ने तिलगुल के महत्व पर भाषण, कविताएं और पर्व से संबंधित जानकारियाँ प्रस्तुत कीं। “तिलगुल लो, मीठा-मीठा बोलो” के संदेश के माध्यम से आपसी प्रेम, सौहार्द और सद्भाव बनाए रखने का संदेश दिया गया।

शिक्षकों ने विद्यार्थियों को मकर संक्रांति से जुड़ी परंपराओं और ऋतु परिवर्तन के महत्व की जानकारी दी। कार्यक्रम के अंत में सभी विद्यार्थियों को तिलगुल वितरित कर समारोह का समापन किया गया। विद्यालय प्रबंधन ने कहा कि इस प्रकार के आयोजनों से विद्यार्थियों में भारतीय त्योहारों और परंपराओं के प्रति जागरूकता और सम्मान की भावना विकसित होती है।

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