Ahilyanagar Pond Drowning: सोनई गांव के तालाब में डूबने से 3 बच्चों की मौत, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
Ahilyanagar Pond Drowning Case: अहिल्यानगर के सोनई गांव में बड़ा हादसा: भंडारण तालाब में डूबने से 3 बच्चों की मौत। एक शव मिला, 2 की तलाश जारी। पूरे इलाके में शोक की लहर।
- Written By: अनिल सिंह
Ahilyanagar Sonai Village Pond Drowning प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स AI)
Ahilyanagar Sonai Village Pond Drowning: महाराष्ट्र के अहिल्यानगर (अहमदनगर) जिले के नेवासा तालुका स्थित सोनई गांव में बुधवार, 1 अप्रैल 2026 को एक हृदयविदारक घटना घटी। गांव के एक गहरे भंडारण तालाब में तैरने गए तीन मासूम बच्चों की पानी में डूबने से दर्दनाक मौत हो गई। मृतकों की उम्र 8 से 12 वर्ष के बीच बताई जा रही है। चिलचिलाती गर्मी से राहत पाने के लिए तालाब में उतरे ये बच्चे पानी की गहराई और कीचड़ का अंदाजा नहीं लगा पाए, जिसके कारण वे सतह पर वापस नहीं आ सके। इस खबर के फैलते ही पूरे सोनई गांव में मातम पसर गया है और स्थानीय प्रशासन राहत कार्य में जुटा हुआ है।
शुरुआती जानकारी के अनुसार, तीनों बच्चे एक ही मोहल्ले के रहने वाले थे और दोपहर के समय बिना किसी बड़े को बताए तालाब की ओर चले गए थे। तालाब के पास रखे उनके कपड़ों और चप्पलों से ग्रामीणों को अनहोनी की आशंका हुई, जिसके बाद चीख-पुकार मच गई।
स्थानीय लोगों और पुलिस का रेस्क्यू ऑपरेशन (Ahilyanagar Pond Drowning)
जैसे ही बच्चों के डूबने की सूचना मिली, सोनई और आसपास के ग्रामीण बड़ी संख्या में तालाब के पास जमा हो गए। स्थानीय तैराकों ने तुरंत पानी में छलांग लगाकर बच्चों की तलाश शुरू की। सूचना मिलते ही सोनई पुलिस और राजस्व विभाग की टीम भी मौके पर पहुँच गई। पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से सघन तलाशी अभियान चलाया, जिसमें काफी मशक्कत के बाद पहले प्रयास में एक बच्चे का शव बरामद कर लिया गया। शव को तुरंत एम्बुलेंस के जरिए ग्रामीण अस्पताल में पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
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दो बच्चों की तलाश और बचाव दल की तैनाती
फिलहाल, अन्य दो बच्चों की तलाश अभी भी जारी है। पानी की गहराई और नीचे जमी गाद (कीचड़) के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन में बाधा आ रही है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन ने विशेष बचाव दल (SDRF) को भी मौके पर बुलाया है। गोताखोरों की मदद से तालाब के हर कोने को खंगाला जा रहा है, ताकि शेष दोनों शवों को जल्द से जल्द निकाला जा सके। जैसे-जैसे समय बीत रहा है, तालाब के किनारे जमा भीड़ की चिंता और परिवार वालों का धैर्य टूटता जा रहा है।
अहिल्यानगर में शोक की लहर और पुलिस की अपील
इस दुखद घटना ने अहिल्यानगर जिले में सनसनी फैला दी है। पुलिस प्रशासन ने पीड़ित परिवारों को ढांढस बंधाया है और ग्रामीणों से अपील की है कि वे धैर्य रखें और बचाव कार्य में बाधा न डालें। साथ ही, प्रशासन ने अभिभावकों को चेतावनी दी है कि वे अपने बच्चों को गर्मी के मौसम में अकेले जलाशयों या तालाबों के पास न जाने दें। इस मामले में पुलिस ने आकस्मिक मृत्यु का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है कि क्या तालाब के पास सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम थे या नहीं।
