ट्विशा शर्मा केस: गिरिबाला सिंह की अग्रिम जमानत रद्द मामले पर 3 घंटे तक बहस; हाईकोर्ट ने फैसला रखा सुरक्षित
Twisha Sharma Case Update: गिरिबाला सिंह को मिली अग्रिम जमानत को लेकर हाईकोर्ट में लंबी बहस चली। फिलहाल अदालत ने अपना फैसला सुरक्षित रखा है। ऐसा माना जा रहा है कि इस मामले पर आज ही फैसला आ सकता है।
- Written By: सजल रघुवंशी
गिरिबाला सिंह (सोर्स- सोशल मीडिया)
Jabalpur High Court Giribala Singh Bail Hearing: ट्विशा शर्मा मामले में पूर्व जज गिरिबाला सिंह को भोपाल कोर्ट से मिली अग्रिम जमानत को निरस्त कराने की मांग को लेकर बुधवार को जबलपुर हाईकोर्ट में लंबी सुनवाई हुई। दोपहर 2:30 बजे से शाम 5:20 बजे तक चली सुनवाई में दोनों पक्षों ने अपने-अपने तर्क रखे।
याचिकाकर्ता पक्ष ने अदालत में दलील दी कि अग्रिम जमानत जल्दबाजी में दी गई है, इसलिए इसे निरस्त किया जाना चाहिए। उनका आरोप था कि पूर्व जज होने के कारण गिरिबाला सिंह अपने प्रभाव का इस्तेमाल कर सकती हैं। पक्ष ने यह भी कहा कि मामले में अपराध दर्ज होने के महज 24 घंटे के अंदर उन्हें अग्रिम जमानत मिल जाना कई सवाल खड़े करता है।
कोर्ट ने निर्णय रखा सुरक्षित
दूसरी ओर, गिरिबाला सिंह की ओर से अदालत में पक्ष रखते हुए कहा गया कि उन्हें अग्रिम जमानत पूरी कानूनी प्रक्रिया और नियमों के तहत प्रदान की गई है, इसलिए उसका विरोध करना उचित नहीं है। बचाव पक्ष ने याचिका को निराधार बताते हुए जमानत को सही ठहराया। दोनों पक्षों की दलीलें पूरी होने के बाद हाईकोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया। अदालत ने संकेत दिए हैं कि मामले में निर्णय आज ही जारी किया जा सकता है।
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हाईकोर्ट ने गिरिबाला सिंह को दिया था दो दिन का समय
मध्यप्रदेश सरकार और ट्विशा शर्मा के पिता नवनिधि शर्मा ने गिरिबाला सिंह को दी गई अग्रिम जमानत का विरोध करते हुए अदालत में आपत्ति दर्ज कराई थी। इससे पहले 25 मई को हुई सुनवाई में गिरिबाला सिंह के वकील की ओर से जवाब दाखिल करने के लिए अतिरिक्त समय मांगा गया था। इस पर हाईकोर्ट ने उन्हें अपना पक्ष प्रस्तुत करने के लिए दो दिन का समय प्रदान किया था।
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सीबीआई इस मामले की नए एंगल से कर रही जांच
सीबीआई इस मामले में मौत की परिस्थितियों, कथित प्रताड़ना, दहेज उत्पीड़न और अन्य आरोपों की विभिन्न पहलुओं से जांच कर रही है। जांच एजेंसी डिजिटल साक्ष्यों के साथ कॉल डिटेल, चैट रिकॉर्ड और परिजनों के बयानों की भी पड़ताल कर रही है। सूत्रों के मुताबिक, सीबीआई पूरे घटनाक्रम की विस्तृत टाइमलाइन तैयार करने में जुटी है, जिससे ट्विशा की मौत से पहले और बाद की परिस्थितियों को स्पष्ट रूप से समझा जा सके।
