देवास फैक्ट्री ब्लास्ट मामले में अधिकारियों पर गिरी गाज, एसडीएम और नायब तहसीलदार सस्पेंड
3 Officials Suspended in Factory Blast: देवास फैक्ट्री ब्लास्ट के बाद सरकार ने 3 अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया है। इन अधिकारियों पर लापरवाही और उदासीनता का आरोप है, जिसके चलते हादसा हुआ।
- Reported By: सुधीर दंडोतिया | Edited By: प्रीतेश जैन
फैक्ट्री (फोटो सोर्स- सोशल मीडिया)
Dewas factory blast Update: देवास की पटाखा फैक्ट्री विस्फोट मामले में प्रशासनिक लापरवाही और जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका पर उठ रहे सवालों के बीच प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। शनिवार को एसडीएम संजीव सक्सेना और नायब तहसीलदार रवि शर्मा को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। इसके साथ ही सरकार ने साथ ही SDO(पुलिस) दीपा मांडवे को भी सस्पेंड किया है।
प्रशासन द्वारा जारी निलंबन आदेश में कहा गया है कि तीनों अधिकारियों ने विस्फोटक सामग्री से जुड़े नियमों के पालन और प्रशासनिक निरीक्षण में गंभीर लापरवाही बरती। जांच में यह भी सामने आया कि पटाखा फैक्ट्री की नियमित जांच नहीं की जा रही थी, जबकि अधिकारियों की जिम्मेदारी हर महीने यह सुनिश्चित करना थी कि फैक्ट्री में लाइसेंस के अनुरूप ही विस्फोटक सामग्री रखी जा रही है या नहीं।
हादसे में 5 की मौत, कई घायल
गौरतलब है कि फैक्ट्री ब्लास्ट में अब तक 5 मजदूरों की मौत हो चुकी है, जबकि कई अन्य मजदूर गंभीर रूप से झुलसे हुए हैं और अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहे हैं। हादसे के बाद से ही फैक्ट्री संचालन और प्रशासनिक निगरानी को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे थे।
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जिम्मेदारों ने समय रहते कार्रवाई नहीं की
रिपोर्ट्स में सामने आया कि फैक्ट्री में कम बारूद क्षमता के लाइसेंस पर बड़े पैमाने पर विस्फोटक सामग्री जमा की गई थी। इसके बावजूद जिम्मेदार विभागों ने समय रहते कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की। मजदूरों से भी बिना पर्याप्त सुरक्षा इंतजामों के काम कराया जा रहा था।
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अधिकारियों की उदासीनता के कारण हुआ हादसा
प्रशासन का मानना है कि अधिकारियों की उदासीनता और नियमों की अनदेखी के कारण यह बड़ा हादसा हुआ। हादसे के बाद अब फैक्ट्री प्रबंधन और संबंधित विभागों की भूमिका की विस्तृत जांच जारी है। प्रशासन का कहना है कि मामले में दोषी पाए जाने वाले अन्य अधिकारियों और जिम्मेदार लोगों पर भी कार्रवाई की जाएगी।
