Hindi news, हिंदी न्यूज़, Hindi Samachar, हिंदी समाचार, Latest Hindi News
X
  • देश
  • महाराष्ट्र
  • विदेश
  • खेल
  • मनोरंजन
  • नवभारत विशेष
  • वायरल
  • धर्म
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • करियर
  • टेक्नॉलजी
  • यूटिलिटी
  • फैक्ट चेक
  • हेल्थ
  • ऑटोमोबाइल
  • वीडियो

  • वेब स्टोरीज
  • फोटो
  • होम
  • विडियो
  • फटाफट खबरें

2 अप्रैल को है ‘शीतला अष्टमी’, जानिए पूजा का शुभ मुहूर्त और इस विशेष अष्टमी की महिमा

एक थाली में एक दिन पहले बनाए गए पकवान जैसे मीठे चावल, रोटी आदि रख लें। साथ ही पूजा के लिए एक थाली में आटे के दीपक, रोली, हल्दी, अक्षत, वस्त्र बड़कुले की माला, मेहंदी, सिक्के आदि रख लें। इसके बाद शीतला माता की पूजा करें।

  • Written By: दीपिका पाल
Updated On: Mar 19, 2025 | 03:19 PM
Follow Us
Close
Follow Us:

सीमा कुमारी

नवभारत लाइफस्टाइल डेस्क: स्वच्छता और आरोग्यता की देवी मां शीतला को समर्पित ‘शीतला अष्टमी’ (Sheetala Ashtami 2024) इस साल 2 अप्रैल, मंगलवार को मनाया जाएगा। सनातन धर्म में शीतला अष्टमी की पूजा का बड़ा महत्व है। पंचांग के अनुसार, होली से आठवें दिन शीतला अष्टमी व्रत किया जाता है। इस व्रत की शुरुआत सप्तमी तिथि के साथ होती है।

ज्योतिषियों के अनुसार, शीतला अष्टमी की पूजा हर साल चैत्र मास की अष्टमी तिथि के दिन की जाती है। ऐसी मान्यता है कि शास्त्रों के अनुसार, मां शीतला की आराधना बच्चों को दुष्प्रभावों से मुक्ति दिलाती हैं। माता शीतला की आराधना से व्यक्ति को बीमारियों से मुक्ति मिलती है। इस दिन शीतला माता को बासी भोजन का भोग लगाने की परंपरा है। ऐसे में आइए जान लीजिए शीतला अष्टमी डेट, शुभ मुहूर्त और पूजा विधि के बारे में।

सम्बंधित ख़बरें

कब रखा जाएगा शीतला सप्तमी व्रत? जानें सही तिथि और शुभ मुहूर्त एक क्लिक में

किडनी के मरीज़ इन सब्जियों से तुरंत कर लें तौबा, वरना बढ़ जाएगी परेशानी

सूर्य ग्रहण क्यों होता है गर्भवती महिलाओं के लिए बड़ा खतरा? जानिए क्या सावधानी बरतें

आ गई ‘रंगभरी एकादशी’ की सबसे सटीक तिथि, जानिए इस विशेष एकादशी की विधिवत पूजा से क्या मिलेगा

शुभ मुहूर्त

कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि प्रारंभ- 1 अप्रैल को रात 9 बजकर 9 मिनट से शुरू

अष्टमी तिथि समाप्त- 2 अप्रैल को रात 8 बजकर 8 मिनट तक।

ऐसे में शीतला अष्टमी का पर्व 2 अप्रैल को मनाया जाएगा।

पूजा विधि

शीतला अष्टमी के दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान करें। इसके बाद एक थाली में एक दिन पहले बनाए गए पकवान जैसे मीठे चावल, रोटी आदि रख लें। साथ ही पूजा के लिए एक थाली में आटे के दीपक, रोली, हल्दी, अक्षत, वस्त्र बड़कुले की माला, मेहंदी, सिक्के आदि रख लें। इसके बाद शीतला माता की पूजा करें।

माता शीतला के समक्ष दीपक जलाएं और उन्हें जल अर्पित करें। अब सच्चे मन से जीवन में सुख-शांति के लिए मां शीतला से प्रार्थना करें। इसके बाद मां शीतला को विशेष चीजों का भोग लगाएं। शास्त्रों की मानें तो शीतला अष्टमी के दिन मां शीतला के भोग में बासी भोजन को शामिल किया जाता है। भोग को सप्तमी तिथि की शाम को बनाया जाता है। इसमें चावल, मीठे पुए, आदि चीजें बनाई जाती है।

Shitala ashtami is on 2nd april

Get Latest   Hindi News ,  Maharashtra News ,  Entertainment News ,  Election News ,  Business News ,  Tech ,  Auto ,  Career and  Religion News  only on Navbharatlive.com

Published On: Mar 26, 2024 | 05:18 AM

Topics:  

  • Lifestyle News
  • Religion
  • Sheetala Ashtami

Popular Section

  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • वेब स्टोरीज़

States

  • महाराष्ट्र
  • उत्तर प्रदेश
  • मध्यप्रदेश
  • दिल्ली NCR
  • बिहार

Maharashtra Cities

  • मुंबई
  • पुणे
  • नागपुर
  • ठाणे
  • नासिक
  • अकोला
  • वर्धा
  • चंद्रपुर

More

  • वायरल
  • करियर
  • ऑटो
  • टेक
  • धर्म
  • वीडियो

Follow Us On

Contact Us About Us Disclaimer Privacy Policy Terms & Conditions Author
Marathi News Epaper Hindi Epaper Marathi RSS Sitemap

© Copyright Navbharatlive 2026 All rights reserved.