सीमा कुमारी
नई दिल्ली: भगवान ‘श्री कृष्ण’ के जन्मोत्सव ‘कृष्ण जन्माष्टमी’ (Shri Krishna Janmashtami 2023) इस वर्ष 6 सितंबर 2023, बुधवार के दिन मनाई जाएगी। शास्त्रों के अनुसार, इस दिन भगवान श्रीकृष्ण के बाल रूप लड्डू गोपाल की पूजा-अर्चना की जाती है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, कृष्ण जी का जन्म रात्रि में हुआ था, इसलिए उनके जन्म के समय ही पूजा करना शुभ माना जाता है। जन्माष्टमी के शुभ अवसर पर आप भगवान श्री कृष्ण को उनके पसंदीदा भोग लगा सकते हैं। आइए जानें इस बारे में-
लड्डू गोपाल को मक्खन मिश्री बेहद प्रिय है, इसलिए जन्माष्टमी के अवसर पर उन्हें माखन-मिश्री (Makhan Mishree) का भोग जरूर लगाएं। साथ ही इस प्रसाद को बनाना बहुत ही आसान है। इसे बनाने के लिए केवल सफेद मक्खन और मिश्री की ही आवश्यकता होती है।
जानकारों के अनुसार, किसी भी धार्मिक कार्य में पंचामृत का प्रयोग विशेष रूप से किया जाता है। ऐसे में जन्माष्टमी पर पंचामृत के बिना कान्हा की पूजा अधूरी मानी जाती है। इस दिन पंचामृत से लड्डू गोपाल का अभिषेक किया जाता है और फिर प्रसाद रूप में इसे बांटा जाता है।
जन्माष्टमी पर विशेष रूप से पंजीरी बनाई जाती है। कान्हा को भोग लगाने के बाद इसी प्रसाद से व्रत खोला जाता है और इसे अन्य लोगों में बांटा जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, आटे की पंजीरी भी लड्डू गोपाल को बहुत पसंद है, इसलिए धनिया और आटे दोनों की पंजीरी का भोग कान्हा को जरूर लगाना चाहिए।
मखाने की खीर भी कान्हा के पसंदीदा भोग में से एक है। जन्माष्टमी पर कन्हैया को मखाने और मेवे वाली खीर का भोग लगाना बहुत ही शुभ माना जाता है। इस बात का ध्यान रखें कि कोई भी प्रसाद कान्हा जी को चढ़ाएं उसमें तुलसी का पत्ता अवश्य डालें।