Work Life Balance: ऑफिस, तनाव और थकान से हैं परेशान, गुरूदेव श्री श्री रविशंकर के विचारों से मिलेगा मोटिवेशन
Work Life Management: भागदौड़ भरी जिंदगी में हर व्यक्ति उलझा हुआ है, ऐसे में सब कुछ बैलेंस करना एक टास्क हो गया। आचार्य श्री श्री रविशंकर बता रहे है कुछ ऐसे टिप्स, जिसे अपनाकर आप भी रहेंगे हैप्पी।
- Written By: रीता राय सागर
वर्क लाइफ बैलेंस (सौ. पिंटरेस्ट)
Work life Balance Shri Shir Ravishankar Quotes: हर वर्किंग प्रोफेशनल को वीकली ऑफ का इंतजार रहता है। हफ्ते भर काम करने के बाद इंसान थक जाता है। इसके साथ ही उसके निजी जीवन में भी कई चीजें होती है जिसे मैनेज करना होता है। ऐसे में जरूरी है- वर्कलाइफ बैलेंस।
हर व्यक्ति को कामयाब होना है और कामयाबी बिना मेहनत के नहीं मिलती है। यदि आप अपने पर्सनल और प्रोफेशनल लाइफ के बीच संतुलन नहीं बनाएंगे, तो यह आपके लिए मेंटल स्ट्रेस का कारण बन सकता है। यह चैलेंजिंग जरूर है, लेकिन यदि आप इसे सकारात्मक रूप से मैनेज करेंगे, तो नामुमकिन नहीं है। इससे फिजिकल हेल्थ, मेंटल हेल्थ, रिलेशनशिप और जॉब सेटिस्फेक्शन भी मिलता है।
इस संबंध में श्री श्री रविशंकर ने अपने विचार साझा किए हैं, जिन्हें अपनाकर आप भी कार्य व निजी जीवन में संतुलन बना सकेंगे।
सम्बंधित ख़बरें
Lord Shiva: सावन 2026: भगवान शिव को कौन-कौन से फूल अर्पित करें? जानिए किन पुष्पों से प्रसन्न होते हैं भोलेनाथ
बिपत्तारिणी पूजा 2026: क्यों की जाती है मां बिपत्तारिणी की आराधना? जानिए तिथि, पूजा-विधि और इसका महत्व
Sawan 2026: सावन के शुभारंभ से पहले घर में रखें ये 6 पवित्र वस्तुएं, शिव कृपा के साथ बढ़ेगी सकारात्मकता
Tuesday New Clothes : मंगलवार को नए कपड़े पहनने से क्यों बचते हैं लोग? जानिए इसके पीछे छिपी धार्मिक मान्यता
क्या कहते है आध्यात्मिक गुरू
- यदि आप अपने काम पर अधिक दबाव डालते हैं, तो काम की दक्षता कम हो जाती है।
- काम और आराम के बीच संतुलन बना कर रखें और साथ ही आराम, व्यायाम व खान-पान का विशेष ध्यान रखें। इसके लिए अलग से समय निकालें।
- उन्होंने तनाव से मुक्ति पाने का सबसे अच्छा तरीका अपने आसपास के लोगों के लिए उपयोगी बनना बताया।
- श्री श्री का माना है कि यदि आप अपने मन में बैठा लेंगे कि समय नहीं है, तो यही बात आपकी मानसिकता में घर कर लेगी और बाद में अवरोध पैदा करेगी।
- मन में हमेशा एक विश्वास होना जरूरी है। चाहे कुछ भी हो, सब संभाल लूंगा।
- चेहरे पर मुस्कान और आत्म विश्वास बनाए रखें, यही सफलता की पहचान है।
काम और आराम दोनों के लिए निकालें समय
गुरुदेव श्री श्री रवि शंकर ने एक अलग दृष्टिकोण प्रस्तुत किया। आगे उनका मानना है कि कई लोग अपने दफ्तरों में तो मौजूद होते हैं, लेकिन उनका ध्यान कहीं और होता है। एक छोटे से काम में भी उन्हें 2-3 घंटे लग जाते हैं क्योंकि वे पूरी तरह से एकाग्रचित नहीं होते। ऐसे में काम के लिए पर्याप्त समय और ध्यान की आवश्यकता होती है।
आध्यात्मिक गुरु ने कहा कि जब ऊर्जा खत्म हो, तो आपको रूकना होगा। उनके शब्दों में, गाड़ी रोकनी होगी, पेट्रोल भरवाना होगा और दोबारा शुरू करना होगा। यदि आप कहेंगे कि मेरे पास पेट्रोल भरवाने का समय नहीं है तो रास्ते के बीचों-बीच फंसे रह जाएंगे।
ये भी पढ़ें- PCOS अब कहलाएगा PMOS! क्यों बदल दिया गया महिलाओं से जुड़ी इस बीमारी का नाम? जानिए सबकुछ
कड़ी मेहनत के साथ खुद को करें रीसेट
आर्ट ऑफ लिविंग के संस्थापक श्री श्री कहते है, मेहनत करना एक बात है, लेकिन अपनी ऊर्जा को भी समझना होगा और उसे रीसेट करना होगा। अगर आप अपने लिए समय नहीं निकालेंगे तो आपकी प्रोडक्टिविटी पर असर होगा। आपकी दक्षता इस बात से तय नहीं होती कि आप कितने घंटे अपने डेस्क पर बैठते है बल्कि इस बात से तय होगी कि आपकी क्षमता कितनी है।
