बाथरूम बन रहा है लोगों के लिए ‘पर्सनैलिटी स्पेस’, Gen Z के बीच पॉपुलर है ट्रेंड
Bathroom Camping: बाथरूम में घंटों वक्त गुजारने की आदत का नाम बाथरूम कैंपिंग है जो स्ट्रेस से बचने का खास तरीका होता है।ये चलन समय गुजरने के साथ तेजी से वायरल होता जा रहा है और कई लोग इसे अपना रहे है।
- Written By: दीपिका पाल
बाथरूम कैंपिंग (सौ. सोशल मीडिया)
Bathroom Camping: वक्त बदल रहा है तो लोगों के बीच कई तरह के ट्रेंड्स पॉपुलर होते जा रहे है। जेन जी के बीच ही एक खास तरह का ट्रेंड चर्चा में चल रहा है जिसे बाथरूम कैंपिंग कहा जाता है। इस ट्रेंड का चलन नए युवा वर्ग के लोगों में सर चढ़कर बोल रहा है। मोबाइल की दुनिया में रहने वाले लोगों को इस बात का पता नहीं होता है कि, वे कहां है और क्या कर रहे है।
बाथरूम में घंटों वक्त गुजारने की आदत का नाम बाथरूम कैंपिंग है जो स्ट्रेस से बचने का खास तरीका होता है।ये चलन समय गुजरने के साथ तेजी से वायरल होता जा रहा है और अब कई लोग इसे अपना रहे हैं। यह लोगों के बीच इंसान को सुरक्षित महसूस कराता है।
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अच्छी तरह जानिए क्या होता है बाथरूम कैंपिंग
आपको बताते चलें, युवाओं के बीच पॉपुलर यह खास तरह के ट्रेंड का नाम बाथरूम कैंपिंग है। बिना किसी जरूरत के लंबे समय तक बाथरूम में रहना इसे ही बाथरूम कैंपिंग का नाम दिया गया है। बाथरूम में लोग मोबाइल लेकर जाते है और म्यूजिक सुनते है। सोशल मीडिया पर स्क्रॉल करते हैं और खुद के साथ वक्त बिताते हैं। बताया जाता है कि यह ट्रेंड टिक टॉक के जमाने से पॉपुलर हुआ है।
इसे लेकर एक यूजर ने बताया है जब भी वह बहुत ज़्यादा ओवरस्टिम्युलेट हो जाता है, चाहे पार्टी में हो या घर पर, वो बाथरूम में जाकर रिलैक्स करता है। ये चलन समय गुजरने के साथ तेजी से वायरल होता जा रहा है और अब कई लोग इसे अपना रहे हैं। लोग खुद को बाथरूम में काफी सुरक्षित मानते है और कोई उन्हें डिस्टर्ब भी नहीं करता है।
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जानिए ट्रेंड को लेकर क्या कहते है एक्सपर्ट
यहां पर इस पॉपुलर ट्रेंड को लेकर लिसुन (LISSUN) नाम की मेंटल हेल्थ कंपनी के क्लिनिकल साइकोलॉजिस्ट ध्रुव रावत ने बताया है। वे बताते है कि, “आजकल लोगों को एक ऐसी जगह चाहिए जहां वो खुद के साथ रह सकें. बाथरूम वो जगह बन गई है जहां कोई टोकता नहीं, और फोन यूज करना भी बुरा नहीं माना जाता.” बताया जाता है कि, अगर यह आदत रोज-रोज आप अपनाते है तो, यह एक मेंटल हेल्थ रेड फ्लैग हो सकता है इससे बचना चाहिए। बाथरूम को लोग अपना पर्सनल स्पेस मानने लगे है। जहां पर फेयरी लाइट्स, फ्लीस के कार्पेट, डेकोर पीस और यहां तक कि नोटबुक्स को सजाया जाता है। कई लोग बाथरूम में खाना भी खा रहे है जो बेहद अनहाइजीनिक होता है। इसे लेकर डॉक्टर्स ने चेतावनी दी है। बाथरूम में ज्यादा देर बैठना न केवल हाइजीन के लिए खतरनाक है, बल्कि इससे हेल्थ इश्यूज़ जैसे बवासीर (piles), पाचन समस्या भी हो सकते हैं।
