-
गुरु, 18 जून 2026 ई-पेपर
- Hindi News »
- India »
- Why Bjp Proved Ineffective In Tamil Nadu K Annamalai Resignation Raises Questions
Explainer: तमिलनाडु में अब तक क्यों बेअसर साबित हुई बीजेपी? अन्नामलाई की इस्तीफे के बीच उठ रहे सवाल
- Written By: मनोज आर्या
Tamil Nadu BJP: 2026 विधासभा चुनाव में गठबंधन के साथ बीजेपी चुनाव लड़ी थी। बावजूद इसके पार्टी महज एक सीट पर जीत दर्ज कर सकी। चुनाव के ठीक बाद अन्नामलाई के इस्तीफे के बीच कई सवाल उठने लगे हैं।

तमिलनाडु में बीजेपी क्यों बेअसर? (सोर्स- AI)
Tamil Nadu BJP Political Crisis: तमिलनाडु में विधानसभा चुनावों के साथ शुरू हुई सियासी खेल अभी भी खत्म होता नजर नहीं आ रहा। पहले चुनावी नतीजे और अब इस्तीफे की घोषणाओं ने राज्य के सियासी तापमान को और बढ़ा दिया है। बीजेपी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष के अन्नामलाई ने अपना इस्तीफा पार्टी को सौंप दिए हैं। ऐसा कहा जा रहा है कि पिछले कुछ समय से वह पार्टी से नाराज चल रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स में ऐसा भी दावा किया जा रहा है कि बीजेपी का शीर्ष नेतृत्व उन्हें मनाने का कोशिश की है। खबर यह भी है कि अमित शाह उनसे मुलाकात कर सकते हैं और इस्तीफा वापस लेने का दबाव बना सकते हैं।
दक्षिण भारतीय राज्य तमिलनाडु में बीजेपी के लिए अपने संगठन का विस्तार करना और जीत हासिल करना अन्य राज्यों की तुलना में काफी चुनौतीपूर्ण रहा है। उत्तर भारत से पश्चिम भारत तक चुनाव दर चुनाव पार्टी ने खुद को काफी तेजी से मजबूत किया है। हालांकि, तमिलनाडु में ऐसा नहीं हो सका है। पिछले कुछ समय से पीएम मोदी और अमित शाह समेत पार्टी संगठन और बीजेपी से जुड़े फ्रंटल संगठनों ने इस राज्य में पार्टी के विस्तार के विस्तार करने की कोशिश की है।
अन्नामलाई के इस्तीफे की बीच उठ रहे सवाल
हाल में संपन्न हुए विधासभा चुनाव में एनडीए गठबंधन के तहत बीजेपी चुनावी मैदान में उतरी थी। बावजूद इसके पार्टी महज एक सीट पर जीत दर्ज कर सकी। चुनाव के ठीक बाद अन्नामलाई के इस्तीफे के बीच कई सवाल उठने लगे हैं। आखिर वो कौन से कारण हैं, जो तमिलनाडु में बीजेपी का जादू नहीं चल पाया, राज्य में भगवा पार्टी के सामने किस तरह की चुनौतियां हैं। आइए सबकुछ विस्तार से समझते हैं।
सम्बंधित ख़बरें
मुंबई में CM फडणवीस की अध्यक्षता में हुई बैठक, इचलकरंजी की स्थायी जलापूर्ति पर जल्द होगा निर्णय
Gite Brothers की अफवाहों से महायुति में मची खलबली, सोशल मीडिया पर मतपत्र वायरल होने से मचा हड़कंप
‘सुनी अंतरात्मा की आवाज…’, BJP विधायकों ने की क्रॉस वोटिंग, MLC चुनाव में ‘संकटमोचक’ बने DK ने पलटी बाजी
अतिरिक्त शिक्षकों की मुंबई में ही नई नियुक्ति, 1176 अतिरिक्त शिक्षकों के समायोजन पर चर्चा
तमिलनाडु में हिंदुत्व और राष्ट्रवाद बड़ा खतरा
तमिलनाडु एक ऐसा राज्य है जहां का इतिहास द्रविड़ राजनीति से जुड़ा है। यहां द्रविड़ियन पार्टियों का वर्चस्व रहा है। पार्टी गठन के बाद ही डीएमके और एआईएडीएमके ने तमिलनाडु में समाजिक न्याय, तमिलों की अलग पहचान को आगे रखा है, जबकि भारतीय जनता पार्टी ने हिंदुत्व और राष्ट्रवाद के सहारे राज्य में सियासी जमीन तलाशने की कोशिश की है। शुरुआती सालों में, तमिलनाडु में बीजेपी की मौजूदगी लगभग न के बराबर थी। इस राज्य में बीजेपी को हमेशा से उत्तर भारतीय की पार्टी या बाहर की पार्टी के रूप में पहचान देने की कोशिश की गई है।

कन्याकुमारी में हिंदुत्व राजनीतिक की शुरुआत
साल 1982 में कन्याकुमारी जिले के मंडाइकडू में हुई सांप्रदायिक हिंसा के बाद राज्य हिंदुत्व की राजनीति को जोर मिला। इसके बाद 1984 में हुए विधानसभा चुनाव में हिंदू मुन्नानी संगठन समर्थित निर्दलीय प्रत्याशी वी. बालाचंद्रन ने पद्मनाभपुरम सीट पर 28,465 वोटों से जीत दर्ज की थी। उस चुनाव में बीजेपी के ज्यादातर प्रत्याशी चुनाव हार गए थे, लेकिन कोलाचेल सीट से एम. आर . गांधी ने 32,000 से अधिक वोट हासिल किए। उन्हें सिर्फ 589 वोटों से हार का सामना करना पड़ा था। इस नतीजे ने इस बात के संकेत दिए थे कि कन्याकुमारी में हिंदुत्व की राजनीति शुरुआती कदम बढ़ा चुकी है। कन्याकुमारी जिला केरल से लगा हुआ है।
1996 में पहली बार विधानसभा में मिली एंट्री
तमिलनाडु की राजनीति में जगह बनाने के लिए बीजेपी को काफी लंबा इंतजार करना पड़ा। साल 1996 के विधानसभा चुनावों में पद्मनाभपुरम सीट से सी. वेलाथुयन पहली बार बीजेपी के टिकट पर चुनाव जीतकर विधायक बनें। इसके साथ ही विधानसभा में पार्टी को एंट्री मिली। इस चुनाव में उन्होंने 4,540 वोटों से जीत हासिल की थी। यह जीत पार्टी के लिए एक अहम टर्निंग प्वाइंट था, जब कन्याकुमारी जिले के नागरकोइल, कोलाचेल और किल्लूर की सीटों पर वह दूसरे नंबर की पार्टी बनकर सामने आई।
इसके बाद पार्टी ने गठबंधन के सहारे तमिलनाडु की राजनीति में कदम आगे बढ़ाया। बीजेपी ने एआईडीएमके और डीएमके के साथ मिलकर चुनाव लड़ा। 1998 में एआईडीएमके और 1999 में डीएमके के साथ चुनावी मैदान में उतरी।
2001 में बीजेपी के चार उम्मीदवारों की जीत
तमिलनाडु में बीजेपी के लिए साल 2001 काफी सुखद रहा, जहां उसके चार उम्मीदवारों ने चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचे। इस चुनाव में डीएमके के साथ गठबंधन के तहत पार्टी ने कुल 21 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारे थे। जहां बीजेपी को 3.19% वोट मिले थे। 2021 में मिली सफलता से गदागद बीजेपी 2006 के चुनावों में बिना किसी गठबंधन अकेले चुनाव लड़ने का फैसला किया। हालांकि, पार्टी की प्रदर्शन बहुत ही खराब रहा। कुल 225 सीटों पर लड़ने वाली बीजेपी एक भी सीट जीतने में सफल नहीं हो पाई थी। वहीं, 221 सीटों पर पार्टी का जमानत भी जब्त हो गया था। 2011 और 2016 के चुनावों में भी पार्टी का खाता नहीं खुल सका।
20 साल बाद तमिलनाडु में फिर खुला खाता
2006, 2011 और 2016 के विधानसभा चुनावों में मिली असफलता के बाद बीजेपी ने अपनी रणनीति में बदलाव करते हुए 2021 के चुनाव में फिर से गठबंधन का सहारा लिया। एआईडीएमके के साथ मिलकर पार्टी ने 20 सीटों पर चुनाव लड़ा और पार्टी को चार सीटों पर जीत मिली। इन चार नेताओं में बीजेपी के मौजूदा प्रदेश अध्यक्ष नैनार नागेंद्रन तिरुनेलवेली से, एम. आर. गांधी नारकोइल से, वनथी श्रीनिवासन कोयंबटूर साउथ से, और सी. सरस्वती मोदकुरिची से जीत दर्ज की। इस दौरान बीजेपी को कुल 2.62% वोट मिले थे।
2026 में गठबंधन के साथ BJP ने लड़ा चुनाव
हाल में संपन्न हुए 2026 के विधानसभा चुनावों में बीजेपी ने गठबंधन के तहत चुनावी मैदान में उतरी थी। एनडीए गठबंधन में एआईएडीएमके, जी.के. वासन की तमिल मनिला कांग्रेस (मूपानार) और बी. जॉन पांडियन की तमिलगा मक्कल मुन्नेत्र कषगम शामिल थीं। कुल 33 विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ते हुए बीजेपी के केवल एक ही सीट पर जीत दर्ज कर सकी। वहीं, इस चुनाव में बीजेपी के वोट शेयरिंग 2.97 प्रतिशत रहा था।
बीजेपी के लिए अन्नामलाई ने बहाया पसीना
तमिलनाडु में बीजेपी के विस्तार के लिए पिछले कुछ प्रदेश अध्यक्षों- तमिलिसाई सौंदरराजन, एल. मुरुगन और के. अन्नामलाई ने काफी खून-पसीना बहाया। इन नेताओं ने पार्टी और आम लोगों के बीच बनी दूरी को कम करने का काम किया। खासतौर पर अन्नामलाई के अध्यक्ष रहते हुए बीजेपी ने जमीन पर काफी सक्रियता दिखाई और सोशल मीडिया पर भी अन्नामलाई पार्टी के बड़े चेहरे के रूप में उभरे। उन्होंने पूरे तमिलनाडु में यात्रा निकाली और राज्य की तत्कालीन डीएमके सरकार को घेरा।

यह भी पढ़ें: अन्नामलाई ने छोड़ी BJP, नितिन नबीन को सौंपा इस्तीफा…मनाने में जुटे अमित शाह, बनाएंगे नई पार्टी?
तमिलनाडु में बीजेपी के सामने चुनौतियां
तमिलनाडु में बीजेपी पर हिंदी भाषा थोपने की कोशिश का आरोप लगता रहा है। दक्षिण भारत के इस राज्य में बीजेपी अपना आधार मजबूत बनाने के लिए सहयोगी दलों पर निर्भर रहने को मजबूर है। हिंदी बनाम तमिल का सवाल तमिलनाडु में हमेशा गूंजता रहा है। नई शिक्षा नीति, हिंदी भाषा थोपने, केंद्र द्वारा तमिलनाडु के साथ भेदभाव का आरोप लगाकर विरोधी दल बीजेपी के लिए मुश्किलें खड़ी करते रहे हैं। हालांकि बीजेपी के सामने चुनौतियां काफी हैं लेकिन वह धीरे-धीरे अपना आधार बढ़ाने में जुटी है।
Why bjp proved ineffective in tamil nadu k annamalai resignation raises questions
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
Topics:
लेटेस्ट न्यूज़
यकीन नहीं होता, लेकिन यह सच है! लद्दाख में मौजूद फोन में दिखने लगा चीन का टाइम जोन, वीडियो देख रह जाएंगे दंग
Jun 18, 2026 | 11:09 PMलाख स्टार्टअप्स, UPI और AI…पेरिस में PM मोदी ने दुनिया को दिखाया भारत का दम, जानें क्या कुछ कहा
Jun 18, 2026 | 11:08 PMशहडोल में बोतल में तेल नहीं मिला तो पेट्रोल पंप बना रणभूमि; कर्मचारियों पर चप्पल और अग्निशमन यंत्र से हमला
Jun 18, 2026 | 10:57 PMमालवणी में ‘स्कूल जिहाद’ पर बवाल! किरीट सोमैया ने लगाए गंभीर आरोप, 14 स्कूलों के नाम आए सामने; FIR दर्ज
Jun 18, 2026 | 10:56 PMरेलवे ट्रैक पर खड़े होकर शख्स ने रोकी ट्रेन, लोको पायलट के हॉर्न के बाद भी नहीं हटा, VIDEO वायरल
Jun 18, 2026 | 10:55 PMटैक्स कलेक्शन में बंपर उछाल! मात्र 75 दिनों में सरकारी खजाने में बरसे 5.21 लाख करोड़, टूट गए कई रिकॉर्ड
Jun 18, 2026 | 10:51 PM16 गेंद में फिफ्टी, 34 गेंद में सेंचुरी…फिर बना दिया 306 रन का महारिकॉर्ड, 15 साल की अक्षरा ने रचा इतिहास
Jun 18, 2026 | 10:50 PMवीडियो गैलरी

गर्लफ्रेंड से बात नहीं हुई तो टावर पर चढ़ा प्रेमी, 3 घंटे तक चला हाई वोल्टेज ड्रामा, देखें VIDEO
Jun 18, 2026 | 10:27 PM
सपा में होने वाली है बड़ी बगावत? ओमप्रकाश राजभर के दावे से मची हलचल, देखें VIDEO
Jun 18, 2026 | 10:18 PM
पेपर नहीं, पूरा आंसर लीक, राजस्थान यूनिवर्सिटी में छात्रों को उत्तर पत्र मिलने पर बवाल; VIDEO वायरल
Jun 18, 2026 | 09:54 PM
मॉल नहीं, ये तो पूरा हिंदुस्तान है, महाकाल की नगरी में ₹284 करोड़ से बन रहा अनोखा PM एकता मॉल; देखें VIDEO
Jun 18, 2026 | 09:28 PM
RSS को सर्टिफिकेट की जरूरत नहीं… खड़गे के बयान पर विश्वास सारंग का पलटवार, कांग्रेस की खोली पोल; देखें VIDEO
Jun 18, 2026 | 09:15 PM
क्या शिवसेना में बगावत बन चुकी है परंपरा? 1991 से 2026 तक विद्रोह की पूरी टाइमलाइन- VIDEO
Jun 17, 2026 | 11:04 PM














