
भारतीय सेना (फोटो- सोशल मीडिया)
नवभारत डेस्क: भारत पाकिस्तान के बीच तनाव के बीच 10 मई की शाम पांच बजे के सीजफायर का ऐलान कर दिया है। नियम के मुताबिक अब दोनों देशों के बीच किसी भी प्रकार की गोलाबारी नहीं होगी। इस बात की जानकारी खुद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने एक्स अकाउंट के जरिए दी है।
ट्रंप ने अपने एक्स अकाउंट में लिखा है कि संयुक्त राज्य अमेरिका की मध्यस्थता में एक लंबी रात की बातचीत के बाद, मुझे यह घोषणा करते हुए खुशी हो रही है कि भारत और पाकिस्तान पूर्ण और तत्काल युद्धविराम पर सहमत हो गए हैं। दोनों देशों को सामान्य बुद्धि और महान बुद्धिमत्ता का उपयोग करने के लिए बधाई। इस मामले पर आपके ध्यान के लिए धन्यवाद!
लेकिन पाकिस्तान का इतिहास बताता है कि पीठ पीछे से वार करने में भरोसा करता है। जम्मू कश्मीर में वो आएदिन सीजफायर का उल्लंघन करते हुए दिखाई देता है। लेकिन अब भारत ने साफ कर दिया है कि यदि भविष्य में पाकिस्तान के द्वारा भारत में कोई भी आतंकी हमला कराया जाता है तो वो इसे युद्ध की शुरुआत मानेगा। ऐसे में यदि भारत पाकिस्तान के बीच भविष्य में युद्ध होता है तो आप इन शब्दों को सुन सकते हैं।
आपने वैसे कई बार न्यूज सुनने के दौरान LOC का नाम तो जरूर सुना होगा। LOC का पूरा नाम ‘लाइन ऑफ कंट्रोल’ है। ये भारत-पाकिस्तान के बीच की नियंत्रण रेखा है। इसे साल 1971 के युद्ध के बाद शिमला समझौते के तहत बनाया गया था। बता दें कि एसओसी एक अस्थाई सैन्य सीमा है। ये सीमा दोनों देशों के नियंत्रण वाले क्षेत्र को अलग करती है। ये जम्मू से लेकर सियाचीन ग्लेशियर तक फैली है।
LAC का पूरा नाम ‘लाइन ऑफ एक्चुअल कंट्रोल’ है। ये भारत और चीन के बीच की सीमा है। ये सीमा करीब 3, 488 किलोमीटर से भी अधिक अनौपचारिक सीमा है। इसको ही वास्तविक नियंत्रण रेखा माना जाता है। ये सीमा हिंदुस्तान के लद्दाख से लेकर पूर्व अरुणायल प्रदेश तक फैली है। गौरतलब है कि साल 2020 में गलवान घाटी में एलएसी पर भारत-चीन के सैनिकों में यहां पर झड़प भी हुई थी।
ये दोनों सीमाओं को भारत चीन और पाकिस्तान के साथ साझा करता है। भारत LAC को चीन के साथ, जबकि LOC को पाकिस्तान के साथ शेयर करता है। इस दौरान LAC अनौपचारिक और अस्पष्ट है, जबकि LOC अस्थाई है, लेकिन परिभाषित है। इसके साथ ही LOC इंटरेशनल बॉर्डर स्थाई और कानूनी रूप से मान्य है।






