कांग्रेस नेता शशि थरूर, (सोर्स- सोशल मीडिया)
Shashi Tharoor On Islamabad Talk: पश्चिम एशिया में जारी जंग को रुकवाने के लिए पड़ोसी देश पाकिस्तान अपने आप को लाइमलाइट में लाने की कोशिश कर रहा है। अमेरिका और ईरान के प्रतिनिधिमंडल इस वक्त सीजफायर पर वार्ता करने के लिए इस्लामाबाद में मौजूद है। इसी बीच कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने पाकिस्तान के ऊपर तंज कसा है। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान और अमेरिका के बीच में जिस किस्म का रिश्ता है। वह रिश्ता केवल पाकिस्तान ही रख सकता है।
न्यूज एजेंसी एएनआई से बातचीत में कांग्रेस सांसद ने कहा कि ईरान की सीमा सीधे पाकिस्तान से मिलती है। इसलिए यह मुद्दा पाकिस्तान के लिए और भी ज्यादा महत्वपूर्ण हो जाता है। थरूर ने कहा कि पाकिस्तान के साथ ईरान की लंबी सीमा है।
थरूर ने आगे कहा कि ऐसे में अगर इस युद्ध की वजह से कल के दिन शरणार्थी संकट शुरू होता है, तो फिर यह पाकिस्तान के लिए एक बड़ी परेशानी बन सकता है। इस सीजफायर वाले मसले पर भारत और पाकिस्तान के बीच में कोई होड़ नहीं है। हमारे लिए इस मुद्दे के यथार्थ अलग हैं, पाकिस्तान के लिए इस मुद्दे के यथार्थ अलग हैं।
कांग्रेस सांसद ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ द्वारा पोस्ट किए गए एक ट्वीट का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान और अमेरिका के बीच में जिस तरह के रिश्ते हैं, वह केवल पाकिस्तान ही रख सकता है। ऐसे आरोप भी लगे हैं कि पाकिस्तानी पीएम ने सीजफायर को लेकर जो पोस्ट किया था, वह भी व्हाइट हाउस से ही लिखकर आया था। जैसे मैं या भारत में कोई प्रधानमंत्री को पत्र लिखेगा, तो वह उसमें भारत के प्रधानमंत्री शब्द का उपयोग नहीं करेगा। वह सीधा प्रधानमंत्री शब्द से संबोधित करेगा।
पाकिस्तानी पीएम के पोस्ट में ड्राफ्ट फोर पाकिस्तान पीएम लिखा हुआ था। यह पोस्ट वाइट हाउस की तरफ से लिखा गया था। क्योंकि इसमें कुछ वाक्य ऐसे भी थे, जो कुछ घंटे पहले ही डोनाल्ड ट्रंप ने इस्तेमाल किए थे। अमेरिका के साथ ऐसे रिश्ते पाकिस्तान ही रख सकता है।
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बता दें, शशि थरूर पाकिस्तानी प्रधानमंत्री के ईरान सीजफायर की वार्ता के ऐलान के लिए किए गए पोस्ट का जिक्र कर रहे हैं। इस पोस्ट में सबसे ऊपर ‘ड्रॉफ्ट फोर पाकिस्तानी पीएम’ लिखा हुआ था। इसकी वजह से सोशल मीडिया पर लोगों के बीच में यह बहस चली कि शहबाज के लिए यह पोस्ट सीधा व्हाइट हाउस से लिखा गया है। अमेरिकी मीडिया ने भी इस बात का दावा किया कि अमेरिका की तरफ से ही शहबाज को यह पोस्ट भेजा गया था। इसके बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर इसे पोस्ट किया।