
(फोटो सोर्स सोशल मीडिया)
देहरादून: एक बड़ी खबर के अनुसार उत्तराखंड के केदारनाथ मंदिर की आय पिछले चार सालों में 2.3 गुना बढ़ गई है। वहीं मंदिर को मिलने वाले दान, चढ़ावे और विभिन्न सेवाओं से होने वाली आय साल 2020-21 में 22.04 करोड़ रुपये थी, जो 2023-24 में बढ़कर 52.9 करोड़ रुपये हो गई। इस बाबत जानकारी श्री बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति ने एक सूचना के अधिकार (RTI) आवेदन के जवाब में दी गई है।
जी हां चढ़ावे, दान और श्रद्धालुओं को दी गयी विभिन्न सेवाओं से केदारनाथ मंदिर की आय साल 2021 से दोगुनी से भी अधिक हो गयी है। सूचना के अधिकार (आरटीआई) अधिनियम के तहत एक आवेदन पर यह जानकारी सामने आयी है।
इस बाबत उत्तर प्रदेश के नोएडा के RTI कार्यकर्ता अमित गुप्ता द्वारा आरटीआई कानून के तहत मांगी गयी जानकारी के जवाब में श्री बदरीनाथ केदारनाथ मंदिर समिति ने बताया कि 2020-21 में केदारनाथ मंदिर की आय 22।04 करोड़ रुपये थी जो 2023-24 में बढ़कर 52।9 करोड़ रुपये हो गयी।
इसका विस्तृत विवरण देते हुए मंदिर समिति ने बताया कि गढ़वाल हिमालय में स्थित बाबा केदार के मंदिर की आय 2021-22 में कोविड-19 के दौरान घटकर 16।52 करोड़ रुपये रह गयी लेकिन उसके अगले साल 2022-23 में यह बढ़कर 29।67 करोड़ रुपये और 2023-24 में 52।9 करोड़ रुपये हो गयी। वर्ष 2020-21 से 2023—24 की अवधि में मंदिर की आय में बढ़ोत्तरी 2।3 गुना है ।
कोविड महामारी के मद्देनजर 2021 में श्रद्धालुओं के लिए मंदिर को देरी से खोले जाने, आरटी-पीसीआर परीक्षण रिपोर्ट को अनिवार्य किए जाने, मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं की दैनिक संख्या को सीमित किए जाने, मास्क पहनने और सामाजिक-दूरी बनाए रखने के मानदंडों के अनुपालन के कारण काफी कम संख्या में तीर्थयात्री मंदिर के दर्शन के लिए पहुंचे।
हांलांकि, जैसे-जैसे कोविड मामले कम हुए, यात्रा प्रतिबंधों में ढील दी गई, अगले साल से तीर्थयात्रियों की संख्या में वृद्धि होती गयी और मंदिर की कमाई एक बार फिर बढ़ गई। मंदिर की आय श्रद्धालुओं द्वारा दिए गए चढ़ावे और दान के साथ-साथ हेलीकॉप्टर से आने वाले लोगों को दी जाने वाली प्राथमिकता दर्शन की सुविधाओं से होती है जिसके लिए समिति द्वारा अतिरिक्त शुल्क लिया जाता है।
(एजेंसी इनपुट के साथ)






