Hindi news, हिंदी न्यूज़, Hindi Samachar, हिंदी समाचार, Latest Hindi News
X
  • देश
  • महाराष्ट्र
  • उत्तर प्रदेश
  • मध्य प्रदेश
  • विदेश
  • चुनाव
  • खेल
  • मनोरंजन
  • नवभारत विशेष
  • वायरल
  • धर्म
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • करियर
  • टेक्नॉलजी
  • यूटिलिटी
  • हेल्थ
  • ऑटोमोबाइल
  • वीडियो
  • गुरु, 25 जून 2026
  • वेब स्टोरीज
  • फोटो
  • ई-पेपर
  • विडियो
  • फटाफट खबरें

हरतालिका तीज 2025: कब और कैसे करें माता पार्वती-शिव की पूजा, जानें पूरी जानकारी

Hartalika Teej 2025: हरतालिका तीज हर वर्ष विशेष रूप से सुहागिनों द्वारा मनाया जाने वाला पावन पर्व है। सुहागिनों के साथ-साथ कुमारी कन्या भी अच्छे वर की आकांक्षा में इसे बड़े ही उत्साह के साथ मनाती हैं।

  • Written By: गीतांजली शर्मा
Updated On: Aug 24, 2025 | 01:01 PM

हरतालिका तीज पूजा (फोटो सोर्स-सोशल मीडिया)

Follow Us
Follow Us:

SHIV- PARWATI POOJA: भारत उत्सवों का देश है। यहां मनाया जाने वाला हर त्योहार सिर्फ पूजा-पाठ तक सीमित नहीं होता, बल्कि उसमें हमारी भावनाएं, रिश्ते, परंपराएं और कहानियां भी जुड़ी होती हैं। इन्हीं त्योहारों में से एक खास त्योहार है- हरतालिका तीज। मुख्य रूप से इस पर्व को सुहागिन महिलाएं मनाती हैं। इस उत्सव में सभी महिलाएं निर्जला रहकर भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा-अर्चना करती हैं। अपने पति की लंबी उम्र की कामना करती हैं। सुहागिनों के साथ ही अविवाहित लड़कियां भी यह व्रत करती हैं, ताकि उन्हें एक अच्छा और मनचाहा जीवनसाथी मिले।

इस साल पंचांग के अनुसार तृतीया तिथि 25 अगस्त को दोपहर 12 बजकर 35 मिनट पर शुरू होगी और 26 अगस्त को दोपहर 1 बजकर 55 मिनट पर समाप्त होगी। ऐसे में उदया तिथि यानी सूर्योदय की तिथि को मानते हुए व्रत 26 तारीख को रखा जाएगा। पूजा का शुभ समय सुबह 5 बजकर 56 मिनट से 8 बजकर 31 मिनट तक है।

सुहागिनें विधि-विधान से करती हैं पूजा

तीज के शुभ दिन पर महिलाएं सुबह जल्दी उठकर स्नान करती हैं। साफ कपड़े पहनती हैं और पूरे मन से तीज व्रत का संकल्प लेती हैं। इस दिन मिट्टी या रेत से भगवान शिव और माता पार्वती की मूर्तियां बनाई जाती हैं। दोनों की मूर्ति को लकड़ी की चौकी पर सजाकर स्थापित किया जाता है।

सम्बंधित ख़बरें

Lord Shiva Tattoo Design: शिव भक्तों के लिए बेस्ट हैं भगवान शिव से जुड़े ये 6 शानदार टैटू डिजाइन

Powerful Shiv Mantra: भगवान शिव के 6 पावन मंत्र, नियमित जाप से परेशानियां होंगी दूर और मिलेगा मानसिक सुकून

Shani Pradosh Vrat 2026: शनि प्रदोष व्रत पर करें ये खास उपाय, दूर हो सकते हैं शनिदेव के अशुभ प्रभाव

Pradosh Vrat Date: जून महीने में कब रखा जाएगा प्रदोष व्रत ? जानें सही डेट और पूजा विधि

उसके बाद अन्य सभी देवी-देवताओं की पूजा की जाती है। फूल, बेलपत्र, चंदन, धूप-दीप, मिठाई, फल और सोलह श्रृंगार की चीजों से भगवान शिव और माता पार्वती को भोग लगाया जाता है। महिलाएं पारंपरिक मंत्रों का जाप करती हैं। हरतालिका तीज की पूरी व्रत कथा सुनती हैं और आरती करती हैं।

यह भी पढ़ें: हरतालिका तीज पर हाथों के पीछे लगाएं ये खूबसूरत मेहंदी डिजाइन, सब करेंगे तारीफ

तीज के पीछे की पौराणिक कथा

यह पूजा अक्सर प्रदोष काल में यानी शाम के समय की जाती है। कई स्थानों पर महिलाएं रातभर जागकर भजन-कीर्तन भी करती हैं। हरतालिका तीज की पौराणिक कथा का भी अपना महत्व है। कथा के अनुसार, जब माता पार्वती विवाह योग्य हुईं तो उनके पिता हिमालय ने उनका विवाह भगवान विष्णु से तय कर दिया। लेकिन माता पार्वती का मन भगवान शिव में बसा था।

ऐसे में उन्होंने अपनी सखियों के साथ वन में जाकर भगवान शिव को प्राप्त करने के लिए घोर तपस्या की और रेत से शिवलिंग बनाकर भगवान शिव की अराधना की। उनके इस कठिन तपस्या से प्रसन्न होकर भगवान शिव ने उन्हें पत्नी रूप में स्वीकार कर लिया। यही वह दिन था, जिसे हर साल तीज के रूप में मनाया जाता है।

Hartalika teej 2025 when how worship goddess parvati shiva know complete details

Get Latest   Hindi News ,  Maharashtra News ,  Entertainment News ,  Election News ,  Business News ,  Tech ,  Auto ,  Career and  Religion News  only on Navbharatlive.com

Published On: Aug 24, 2025 | 01:01 PM

Topics:  

  • Hariyali Teej
  • Hariyali Teej Pooja
  • Lord Shiva

Popular Section

  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • वेब स्टोरीज़

States

  • महाराष्ट्र
  • उत्तर प्रदेश
  • मध्यप्रदेश
  • दिल्ली NCR
  • बिहार

Maharashtra Cities

  • मुंबई
  • पुणे
  • नागपुर
  • ठाणे
  • नासिक
  • अकोला
  • वर्धा
  • चंद्रपुर

More

  • वायरल
  • करियर
  • ऑटो
  • टेक
  • धर्म
  • वीडियो

Follow Us On

Contact Us About Us Disclaimer Privacy Policy Terms & Conditions Author
Marathi News Epaper Hindi Epaper Marathi RSS Sitemap

© Copyright Navbharatlive 2026 All rights reserved.