- Hindi News »
- Health »
- You Fail Repeatedly With Iui Then Opt For Ivf
बार-बार IUI में मिले असफलता तो IVF अपनाएं, मां बनने की खुशियां पाएं
नेचुरल प्रेगनेंसी नहीं होने पर कृत्रिम गर्भधारण की सबसे पुरानी आईयूआई तकनीक उपचार श्रृंखला की पंक्ति में सबसे आगे दिखाई देती है। नागपुर के बिरला फर्टिलिटी एंड आईवीएफ फर्टिलिटी स्पेशलिस्ट डॉ. प्रियंका शाहणे ने जानकारी दी।
- Written By: दीपिका पाल

बिरला फर्टिलिटी एंड आईवीएफ नागपुर (सौ. सोशल मीडिया)
नागपुर: नेचुरल प्रेगनेंसी में सफल नहीं होने पर दंपति आईयूआई (इंट्रा यूटेराइन इन्सीमिनेशन) उपचार शुरू करवाते समय काफी उम्मीद रखते हैं लेकिन आईयूआई में गर्भधारण की गांरटी नहीं होती है। नेचुरल प्रेगनेंसी नहीं होने पर कृत्रिम गर्भधारण की सबसे पुरानी आईयूआई तकनीक उपचार श्रृंखला की पंक्ति में सबसे आगे दिखाई देती है। यह तकनीक नेचुरल प्रेगनेंसी के समान ही है इस कारण कपल की इच्छा होती है पहला प्रयास आईयूआई के साथ किया जाए। ऐसा ही कुछ 31 वर्षीय प्रिया के साथ हुआ, वह 8 वर्षों से गर्भधारण का प्रयास कर रही थी। वह लेप्रोस्कोपिक डिम्बग्रंथि ड्रिलिंग, मायोमेक्टोमी, 6 ओवुलेशन इंडक्शन चक्र और तीन असफल आईयूआई से गुजर चुकी थी और कई उपचार करवाने के बावजूद वह गर्भधारण में असफल थी, जिस कारण वह मानसिक रूप से थक चुकी थी।
इस सच्चाई को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता कि गर्भधारण के लिए उपचार करा रहे कई कपल असफल होने के बाद भी बार-बार आईयूआई जारी रखते हैं। माना जाता है कि आईयूआई से एक महिला सहजता महसूस करती है और इससे उसे गर्भधारण की आशा भी बनी रहती है। हालांकि नागपुर की बिरला फर्टिलिटी एंड आईवीएफ फर्टिलिटी स्पेशलिस्ट डॉ. प्रियंका शाहणे का कहना है कि अगर 3 बार आईयूआई में असफल हो चुके हैं तो फिर से रीवैल्यूशन की जरूरत होती है, इसके अलावा साइकिल वाल्यूम पर विचार करना जरूरी होता है। इसके बाद भी अगर आप आईयूआई में प्रयास जारी रखते हैं तो अन्य विकल्पों के चुनाव में देरी हो सकती है, इसलिये समय रहते नि:संतान दंपति को सचेत हो जाना चाहिए ओर दूसरे विकल्पों पर भी ध्यान देना चाहिए।
पीसीओएस और एलएच का बढ़ा हुआ स्तर बाधक
डॉ. शाहणे का कहना है कि यदि किसी महिला को पीसीओएस (पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम) है, तो एलएच (ल्यूटिनाइजिंग हार्मोन) का बढ़ा हुआ स्तर ओव्यूलेशन को बाधित कर सकता है। पीसीओएस में एलएच का स्तर सामान्य से अधिक हो सकता है, जिससे ओव्यूलेशन में अनियमितता या कमी आ सकती है। यह अंडे की गुणवत्ता को भी खराब कर सकता है। इसके अलावा पुरुष साथी में अनुकूल शुक्राणु की कमी गर्भावस्था पर असर डाल सकती है। इसके अलावा असामयिक प्रक्रियाएं, प्रयोगशाला की खराब गुणवत्ता, या फाइब्रॉएड जैसी अज्ञात अंतर्निहित गर्भाशय विकृति जैसे कारण भी हो सकते हैं। असामयिक प्रक्रियाएं जैसे गलत तरीके से सैंपल लेना या जांच करना, प्रयोगशाला की खराब गुणवत्ता जैसे गलत उपकरणों का उपयोग करना या उचित तरीके से नमूने का विश्लेषण न करना, और फाइब्रॉएड जैसे अज्ञात अंतर्निहित गर्भाशय विकृति जैसे कि गर्भाशय में ट्यूमर या सूजन भी परिणाम को प्रभावित कर सकते हैं।
सम्बंधित ख़बरें
संभाजीनगर में ऑपरेशन के बाद बिगड़ी तबीयत, प्रसूता की मौत से परिजनों में आक्रोश; डॉक्टर पर केस दर्ज
नागपुर में सुदेश भोसले का ‘अमिताभ’ अंदाज! नवभारत उत्सव में झूमे फैन्स, तालियों से गूंजा सुरेश भट सभागृह
बार-बार पेनकिलर खाना छोड़िए! सिरदर्द और एलर्जी के लिए रामबाण है पान के पत्ते का ये नुस्खा; तुरंत दिखेगा असर!
जमीन भी गई और घर भी नहीं मिला! मौदा के कुंभारी गांव में विकास की भेंट चढ़ा ग्रामीणों का भविष्य
गर्भाशय की जांच प्रक्रिया जरूरी
यदि बार-बार आईयूआई से अच्छे रिजल्ट नहीं मिल रहे हो तो गहन जांच की जरूरत होती है। डॉ. शाहणे का कहना है कि ट्रांसवेजिनल सोनोग्राफी और डायग्नोस्टिक हिस्टेरोस्कोपी करना जरूरी होता है, इससे गर्भाशय की परत की जांच करने में आसानी होती है, साथ ही एंडोमेट्राइटिस या तपेदिक जैसे रोगों को पकड़ा जा सकता है. डायग्नोस्टिक हिस्टेरोस्कोपी गर्भाशय की जांच के लिए एक प्रक्रिया है, जबकि एंटी-मुलरियन हार्मोन (AMH) परीक्षण गर्भाशय के अंडे के आरक्षित (ओवेरियन रिजर्व) की जांच के लिए एक रक्त परीक्षण है। दोनों ही गर्भावस्था की योजना बनाने वाली महिलाओं के लिए उपयोगी हो सकते हैं। इसके अलावा डब्ल्यूएचओ के दिशा-निर्देशों के अनुसार वीर्य विश्लेषण, शुक्राणु की गुणवत्ता के लिए डीएनए विखंडन सूचकांक (डीएफआई) की जांच की जानी चाहिए।
आईवीएफ मार्ग अपनाना लाभदायक
कपल की कैरियोटाइपिंग, आनुवंशिक विसंगतियों का पता लगाने के लिए एक परीक्षण है। यह एक ऐसी प्रक्रिया है जिसमें एक व्यक्ति के कोशिकाओं में गुणसूत्रों की संख्या और संरचना की जांच की जाती है। यह परीक्षण माता-पिता में आनुवंशिक विकारों, जैसे कि बांझपन, गर्भपात, या जन्मजात दोषों का पता लगाने में मदद करता है। यदि अंडे की खराब गुणवत्ता, अत्यधिक डीएनए विखंडन है तो कपल को माइक्रोफ्लुइडिक्स या शुक्राणु सॉर्टर्स का उपयोग करके आईवीएफ मार्ग अपनाना अधिक लाभदायक हो सकता है।
गर्भधारण के लिए नियमित जांच और सही देखभाल को प्राथमिकता दे और ऐसे क्लीनिकों की तलाश करें जो पारदर्शी हों और सही परीक्षण प्रदान करते हों। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि गर्भधारण के लिए अपनी मेंटल हेल्थ पर ध्यान दें, आशावान बनने की भी जरूरत है. प्रिया के मामले में, उन्होंने आईवीएफ का विकल्प चुना, हिस्टेरोस्कोपिक मायोमेक्टोमी और उचित उपचार प्राप्त किया, जिसके बाद उन्हें पहले ही साइकिल में ही खुशखबरी मिल गई। मानसिक तनाव के बजाय सही उपचार की जाने की जरूरत होती है ताकि समय रहते खुशियां आपके दामन में आये।
You fail repeatedly with iui then opt for ivf
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
Topics:
लेटेस्ट न्यूज़
Maharashtra में भ्रष्टाचार के आंकड़े चौंकाने वाले: महसूल विभाग सबसे आगे; 3 महीनों में 183 FIR, 262 गिरफ्तार
Apr 12, 2026 | 10:24 AMBangladesh में मौलाना की हत्या पर भड़के कट्टरपंथी, हिंदुओं पर निकाली भड़ास, घरों और दुकानों पर बोला हमला
Apr 12, 2026 | 10:24 AMसंभाजीनगर में ऑपरेशन के बाद बिगड़ी तबीयत, प्रसूता की मौत से परिजनों में आक्रोश; डॉक्टर पर केस दर्ज
Apr 12, 2026 | 10:21 AMरील्स बनाने से कोई एक्टर नहीं बनता…नागपुर में पंकज कपूर ने युवाओं को दिखाया आईना, शाहिद को लेकर कही बड़ी बात
Apr 12, 2026 | 10:16 AMVadhvan Port को 76,220 करोड़ की मंजूरी, हाईवे कनेक्टिविटी से मिलेगा बड़ा बूस्ट
Apr 12, 2026 | 10:05 AMकेरल में होगा सत्ता परिवर्तन! परिणय फुके ने संभाली कमान, बोले- हर बूथ तक पहुंचेगा BJP का ‘SIR’ प्लान
Apr 12, 2026 | 10:01 AMBaisakhi 2026: सरसो दा साग से लेकर फिरनी तक, घर पर बनाएं ये हैं 5 सदाबहार पंजाबी डिशेज
Apr 12, 2026 | 09:59 AMवीडियो गैलरी

Exclusive: सुदेश भोसले की अनसुनी दास्तान, पोस्टर पेंटर से अमिताभ बच्चन की आवाज तक का सफर; देखें खास इंटरव्यू
Apr 11, 2026 | 10:23 PM
‘धुरंधर 2’ की सफलता के बाद बाबा महाकाल की शरण में सारा अर्जुन! भस्म आरती में भक्ति देख फैंस हुए मुग्ध
Apr 11, 2026 | 01:52 PM
Shamli Hospital में स्वास्थ्य सेवाओं पर सवाल, अस्पताल के बाहर हुई डिलीवरी
Apr 10, 2026 | 10:47 PM
मोनालिसा भोंसले केस में अस्पताल के रिकॉर्ड ने खोली पोल, निकली नाबालिग!
Apr 10, 2026 | 10:40 PM
इंदौर नगर निगम में भिड़े पार्षद, रुबीना ने बताया क्यों नहीं गाया वंदे मातरम
Apr 10, 2026 | 10:29 PM
नीट छात्रा की मौत या हत्या? शंभू गर्ल्स हॉस्टल कांड पर पटना में फिर उबाल, मां ने लगाए गंभीर आरोप- VIDEO
Apr 10, 2026 | 10:03 PM













