30 के बाद शरीर में होने वाले ये बदलाव हैं बड़े खतरे की घंटी! कहीं आप तो नहीं कर रहे इन्हें इग्नोर?
Health Tips: 30 की उम्र के बाद शरीर में कई तरह के बदलाव आने लगते हैं, जिन्हें अक्सर लोग सामान्य समझकर नजरअंदाज कर देते हैं। लेकिन कुछ संकेत भविष्य में बड़ी स्वास्थ्य समस्याओं की चेतावनी दे सकते हैं।
- Written By: प्रीति शर्मा
स्वास्थ्य समस्या को लेकर चिंतित व्यक्ति (सौ. एआई)
Health Tips After 30: आज की भागदौड़ भरी जिंदगी और करियर की अंधी दौड़ में लोग अक्सर अपनी सबसे बड़ी पूंजी यानी सेहत को पीछे छोड़ देते हैं। अक्सर 30 की उम्र का पड़ाव पार करने के बाद शरीर में कई आंतरिक और जैविक बदलाव होने शुरू हो जाते हैं। मेडिकल रिसर्च के अनुसार 30 के बाद का समय वह अलर्ट पीरियड है जब शरीर धीरे-धीरे कई बीमारियों की ओर बढ़ने लगता है।
अगर इन शुरुआती संकेतों को सामान्य समझकर नजरअंदाज किया गया तो ये भविष्य में किसी बड़ी चिकित्सीय समस्याओं का कारण बन सकते हैं। ऐसे में जीवनशैली में थोड़ा सा अनुशासन और समय पर जांच आपको सालों तक स्वस्थ रख सकती है। आइए जानते हैं उन 5 बीमारियों के बारे में जिनका खतरा 30 के बाद सबसे ज्यादा बढ़ जाता है।
हाई ब्लड प्रेशर
30 की उम्र के बाद बढ़ते तनाव, नींद की कमी और असंतुलित खान-पान के कारण ब्लड प्रेशर का स्तर बिगड़ना आम बात हो गई है। इसे साइलेंट किलर इसलिए कहा जाता है क्योंकि शुरुआती दौर में इसके कोई स्पष्ट लक्षण नहीं दिखते। यदि लंबे समय तक इसे अनियंत्रित छोड़ दिया जाए तो यह स्ट्रोक, हार्ट अटैक और किडनी फेलियर जैसी जानलेवा स्थितियों को जन्म दे सकता है। बचाव के लिए नमक का सेवन कम करें और नियमित अंतराल पर बीपी की जांच करवाते रहें।
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डायबिटीज
जैसे ही आप 30 की उम्र में कदम रखते हैं शरीर का मेटाबॉलिज्म धीमा होने लगता है। शारीरिक गतिविधि की कमी और जंक फूड का अधिक सेवन शरीर में शुगर लेवल को अनियंत्रित कर देता है। डायबिटीज का सीधा असर आपकी आंखों की रोशनी, किडनी की कार्यक्षमता और नसों पर पड़ता है। संतुलित आहार और रोजाना 30 मिनट का व्यायाम इस खतरे को टालने का सबसे कारगर तरीका है।
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हाई कोलेस्ट्रॉल
ज्यादा तला-भुना और सैचुरेटेड फैट युक्त भोजन शरीर में खराब कोलेस्ट्रॉल की मात्रा बढ़ा देता है। यह कोलेस्ट्रॉल धीरे-धीरे खून की नलियों में जमा होकर रुकावट पैदा करने लगता है जिससे हृदय तक रक्त का संचार प्रभावित होता है। अपनी डाइट में नट्स, बीज, अलसी और हरी सब्जियों को शामिल करके आप इस जोखिम को कम कर सकते हैं।
कमजोर होती हड्डियों की चेतावनी
उम्र बढ़ने के साथ हड्डियों का घनत्व कम होना शुरू हो जाता है। महिलाओं में यह समस्या पुरुषों की तुलना में अधिक और जल्दी देखी जाती है। कैल्शियम और विटामिन-D की कमी से हड्डियां इतनी नाजुक हो जाती हैं कि हल्की चोट भी फ्रैक्चर का कारण बन सकती है। रोजाना सुबह की 10-15 मिनट की धूप और डेयरी उत्पादों का सेवन हड्डियों के लिए अनिवार्य है।
फैटी लिवर और किडनी की समस्याएं
शारीरिक निष्क्रियता और तैलीय भोजन का सीधा असर लिवर और किडनी पर पड़ता है। फैटी लिवर की समस्या आजकल युवाओं में तेजी से बढ़ रही है। चूंकि किडनी और लिवर की बीमारियां शुरुआती चरण में बहुत कम संकेत देती हैं इसलिए डॉक्टर सलाह देते हैं कि 30 के बाद समय-समय पर लिवर फंक्शन टेस्ट और किडनी टेस्ट जरूर करवाएं।
