नेशनल स्टॉक एक्सचेंज 13 अप्रैल से शुरू करेगा ग्लोबल ब्रेंट क्रूड ऑयल फ्यूचर्स कॉन्ट्रैक्ट्स
Brent Futures: NSE 13 अप्रैल से प्लेट्स डेटेड ब्रेंट बेंचमार्क पर आधारित नए क्रूड ऑयल फ्यूचर्स कॉन्ट्रैक्ट्स लॉन्च करेगा जिससे भारतीय निवेशकों को वैश्विक तेल कीमतों के जोखिम प्रबंधन में मदद मिलेगी।
- Written By: प्रिया सिंह
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (सोर्स-सोशल मीडिया)
Global Brent Crude Oil Trading: नेशनल स्टॉक एक्सचेंज यानी एनएसई ने भारतीय कमोडिटी मार्केट में एक बड़ा कदम उठाने की घोषणा की है। आगामी 13 अप्रैल से एक्सचेंज ग्लोबल बेंचमार्क से जुड़े कच्चे तेल के फ्यूचर्स कॉन्ट्रैक्ट्स को आधिकारिक तौर पर लॉन्च करेगा। वैश्विक ब्रेंट कच्चा तेल व्यापार के क्षेत्र में यह पहल घरेलू निवेशकों के लिए नए अवसर और वित्तीय सुरक्षा प्रदान करने वाली है। सेबी से मंजूरी मिलने के बाद प्लेट्स डेटेड ब्रेंट आधारित इन कॉन्ट्रैक्ट्स की शुरुआत की जा रही है।
नए फ्यूचर्स कॉन्ट्रैक्ट्स की शुरुआत
एनएसई के इस नए उत्पाद का नाम ‘बीआरक्रूडऑयल’ रखा गया है जो मासिक आधार पर ट्रेडिंग के लिए उपलब्ध होगा। यह कॉन्ट्रैक्ट पूरी तरह से नकद में निपटाया जाएगा जिसका मतलब है कि व्यापारियों को तेल की फिजिकल डिलीवरी नहीं लेनी होगी। निवेशक सोमवार से शुक्रवार तक सुबह 9:00 बजे से लेकर देर रात तक इसमें सक्रिय रूप से व्यापार कर सकेंगे।
वैश्विक मानकों का पालन
इन फ्यूचर्स कॉन्ट्रैक्ट्स की कीमत का निर्धारण एसएंडपी ग्लोबल एनर्जी के प्लेट्स डेटेड ब्रेंट असेसमेंट के आधार पर किया जाएगा। यह बेंचमार्क विश्व स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों को ट्रैक करने के लिए सबसे सटीक और विश्वसनीय माना जाता है। एनएसई ने स्पष्ट किया है कि यह कॉन्ट्रैक्ट अंतरराष्ट्रीय गुणवत्ता मानकों और वैश्विक बाजार की प्रथाओं का पूरी तरह पालन करेगा।
सम्बंधित ख़बरें
8th Pay Commission: कर्मचारियों के लिए बड़ी खबर, 8वें वेतन आयोग पर आया अपडेट; क्या जल्द बढ़ने वाली है सैलरी?
Indo-MIM IPO: निवेशक हुए फिदा, अंतिम दिन 4 गुणा से ज्यादा सब्सक्राइब; जानें कितना पहुंचा लेटेस्ट GMP
Share Market: सावन से पहले शेयर मार्केट में लौटी हरियाली, 600 अंक उछला सेंसेक्स; मालामाल हुए निवेशक
Share Market: लौटेगी तेजी या फिर गिरावट की मार, सोमवार को कैसा रहेगा बाजार? ये फैक्टर्स तय करेंगे चाल
जोखिम प्रबंधन के लिए उपयोगी
अब तक कई भारतीय कंपनियां अंतरराष्ट्रीय तेल कीमतों में होने वाले उतार-चढ़ाव के जोखिम को प्रबंधित करने के लिए विदेशी एक्सचेंजों पर निर्भर थीं। एनएसई के इस प्लेटफॉर्म के माध्यम से अब घरेलू स्तर पर ही अंतरराष्ट्रीय कीमतों से जुड़े जोखिमों को कम किया जा सकेगा। यह नया उपकरण हेजिंग और सटीक मूल्य निर्धारण के लिए भारतीय व्यापारियों हेतु एक वरदान साबित होने वाला है।
निपटान और विनिमय दर
अंतिम निपटान मूल्य की गणना करते समय प्लेट्स डेटेड ब्रेंट की कीमतों के मासिक औसत का उपयोग पारदर्शी तरीके से किया जाएगा। इसके बाद प्राप्त मूल्य को भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा प्रकाशित आधिकारिक एक्सचेंज रेट्स का उपयोग करके भारतीय रुपए में बदला जाएगा। इस प्रक्रिया से व्यापारियों को मुद्रा विनिमय और अंतरराष्ट्रीय मूल्य निर्धारण की स्पष्टता एक साथ प्राप्त हो सकेगी।
कमोडिटी मार्केट में विस्तार
इस लॉन्च के साथ एनएसई का उद्देश्य भारतीय कमोडिटी डेरिवेटिव्स मार्केट में निवेशकों को निवेश के अधिक और बेहतर विकल्प प्रदान करना है। वैश्विक व्यापार में उपयोग किए जाने वाले वास्तविक तेल मूल्य को यह कॉन्ट्रैक्ट बहुत अधिक सटीकता के साथ दर्शाता है। इससे बाजार में तरलता बढ़ेगी और घरेलू प्रतिभागियों को वैश्विक ऊर्जा बाजार के साथ सीधे जुड़ने का अवसर मिलेगा।
ट्रेडिंग समय और सुविधा
व्यापारी अमेरिकी डेलाइट सेविंग टाइम के अनुसार रात 11:30 बजे या 11:55 बजे तक अपनी पोजीशन पर काम कर सकते हैं। यह लचीला समय भारतीय निवेशकों को अंतरराष्ट्रीय बाजारों की गतिविधियों के साथ तालमेल बिठाने में काफी मदद करता है। इस पहल से भारतीय डेरिवेटिव सेगमेंट में एक लंबे समय से चली आ रही महत्वपूर्ण कमी अब पूरी हो जाएगी।
यह भी पढ़ें: पश्चिम एशिया तनाव: सीआईआई ने सरकार की सराहना की और 12 सूत्रीय एजेंडा पेश किया
भविष्य की मजबूत रणनीति
घरेलू व्यापारियों के लिए अंतरराष्ट्रीय तेल मूल्य के उतार-चढ़ाव से जुड़े जोखिमों को प्रबंधित करना अब काफी आसान और सुलभ हो जाएगा। इस नए उत्पाद के आने से भारतीय बाजार में वित्तीय स्थिरता और पारदर्शिता का एक नया दौर शुरू होने की उम्मीद है। एनएसई का यह कदम वैश्विक बाजार प्रथाओं के साथ घरेलू निवेशकों को जोड़ने में सहायक होगा।
