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Mutual Funds निवेश में न करें ये बड़ी गलतियां, पोर्टफोलियो की ग्रोथ बढ़ाने के लिए अपनाएं सही रणनीति
Mutual Fund Mistakes: म्यूचुअल फंड में निवेश करते समय जोखिम क्षमता को नजरअंदाज करना, दूसरों की नकल करना और बाजार को टाइम करने जैसी गलतियां ग्रोथ को रोक सकती हैं, इसलिए सतर्क रहना बहुत जरूरी है।
- Written By: प्रिया सिंह

म्यूचुअल फंड निवेश में न करें ये बड़ी गलतियां (सोर्स-सोशल मीडिया)
Common Mistakes In Mutual Funds: म्यूचुअल फंड को आज के समय में निवेश का एक बहुत ही सुलभ और लाभदायक माध्यम माना जाता है। लेकिन सही जानकारी के अभाव में निवेशक अक्सर ऐसी गलतियां करते हैं जिनसे रिटर्न कम हो जाता है। सफल निवेश के लिए केवल पैसा लगाना ही पर्याप्त नहीं है बल्कि इसमें धैर्य रखना भी अनिवार्य है। म्यूचुअल फंड में आम गलतियों से बचकर ही आप अपने वित्तीय लक्ष्यों को समय पर प्राप्त कर सकते हैं।
लक्ष्य और जोखिम की अनदेखी
निवेश करने से पहले अपना वित्तीय लक्ष्य तय करना बहुत ही जरूरी प्रक्रिया मानी जाती है। बिना जोखिम क्षमता को समझे स्मॉल कैप फंड्स में पैसा लगाना भविष्य में नुकसानदेह हो सकता है। हमेशा अपने लक्ष्यों के अनुसार ही फंड का चुनाव करें ताकि निवेश का उद्देश्य पूरा हो।
दूसरों की नकल से बचें
अक्सर निवेशक अपने परिचितों या सोशल मीडिया को देखकर किसी भी फंड में पैसा लगा देते हैं। हर व्यक्ति की आय, जिम्मेदारियां और जोखिम सहन करने की शक्ति पूरी तरह से अलग होती है। नकल करने के बजाय अपनी खुद की वित्तीय स्थिति समझकर ही अपना निजी पोर्टफोलियो बनाना चाहिए।
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पिछले रिटर्न का भ्रम
कई निवेशक केवल पिछले एक साल का प्रदर्शन देखकर निवेश करने का गलत फैसला ले लेते हैं। इसे बाजार की भाषा में रेसेंसी बायस कहा जाता है जो कभी भी सही नहीं होता। हमेशा कम से कम 5 साल या उससे अधिक के प्रदर्शन का गहन विश्लेषण करना चाहिए।
बाजार को टाइम करने की भूल
बाजार गिरने पर खरीदना और चढ़ने पर बेचना सुनने में काफी आसान और सही लगता है। लेकिन बाजार की चाल का सटीक अनुमान लगाना किसी भी निवेशक के लिए लगभग असंभव है। मार्केट टाइमिंग के बजाय ‘टाइम इन द मार्केट’ और सिप के जरिए नियमित निवेश पर ध्यान दें।
गिरावट में घबराहट से बचें
बाजार में उतार-चढ़ाव होना एक बहुत ही सामान्य प्रक्रिया है जिसे निवेशकों को समझना होगा। गिरावट देखकर घबराकर पैसा निकाल लेने से आप भविष्य की रिकवरी का लाभ खो देते हैं। अगर आपकी निवेश रणनीति सही है तो बाजार के खराब दौर में भी निवेश जारी रखें।
जरूरत से ज्यादा फंड न रखें
पोर्टफोलियो में बहुत ज्यादा फंड रखने से डाइवर्सिफिकेशन के बजाय शेयरों की पुनरावृत्ति होने लगती है। एक ही श्रेणी के कई फंड रखने से प्रबंधन कठिन होता है और रिटर्न घटता है। हमेशा कम संख्या लेकिन बेहतर गुणवत्ता वाले फंड्स का चुनाव करने पर ही ध्यान केंद्रित करें।
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पोर्टफोलियो की नियमित समीक्षा
एक बार निवेश करने के बाद उसे पूरी तरह भूल जाना सबसे बड़ी गलती मानी जाती है। समय-समय पर अपने निवेश की समीक्षा करना जरूरी है ताकि संतुलन को सही बनाया जा सके। अपने लक्ष्यों के अनुसार पोर्टफोलियो की री-बैलेंसिंग करते रहें जिससे बेहतर रिटर्न सुनिश्चित हो सके।
जानकारी और अनुशासन की शक्ति
अधूरे ज्ञान और जरूरत से ज्यादा आत्मविश्वास की वजह से पोर्टफोलियो उम्मीद मुताबिक नहीं बढ़ता। निवेशकों को बाजार की बारीकियों को समझने के लिए लगातार वित्तीय शिक्षा हासिल करनी चाहिए। अनुशासन और सही जानकारी ही म्यूचुअल फंड में सफलता दिलाने का सबसे प्रभावी और एकमात्र मंत्र है।
Mutual fund investment mistakes to avoid for better growth results
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