LIC निवेश पर वित्त मंत्री का बड़ा बयान: ‘अदाणी ग्रुप में निवेश SOP के तहत, कोई सरकारी दबाव नहीं’
LIC-Adani Investment: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में स्पष्ट किया कि LIC के निवेश पर सरकार का कोई दबाव नहीं है। अदाणी ग्रुप में निवेश LIC की बोर्ड-अप्रूव्ड पॉलिसी और SOPs के अनुसार किया।
- Written By: प्रिया सिंह
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (सोर्स- सोशल मीडिया)
Finance Minister Nirmala Sitharaman On LIC-Adani Investment: देश की सबसे बड़ी बीमा कंपनी लाइफ इंश्योरेंस कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (LIC) द्वारा अदाणी समूह की कंपनियों में किए गए निवेश को लेकर पिछले कुछ दिनों से मीडिया और सोशल मीडिया पर कई तरह की चर्चाएं थीं। यह सवाल बार-बार उठ रहा था कि क्या LIC ने यह निवेश सरकार के दबाव में किया था। अब, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इन सभी अटकलों पर विराम लगाते हुए संसद में एक बड़ा और निर्णायक बयान दिया है।
LIC निवेश पर वित्त मंत्री का बड़ा बयान
हाल के दिनों में, खासकर वॉशिंगटन पोस्ट की एक रिपोर्ट के बाद, सोशल मीडिया पर यह बहस तेज हो गई थी कि क्या LIC ने अदाणी कंपनियों में निवेश वित्त मंत्रालय के निर्देश पर किया था। इस बीच, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में एक लिखित जवाब देकर स्थिति को पूरी तरह स्पष्ट कर दिया है। उन्होंने साफ कर दिया कि वित्त मंत्रालय देश की सबसे बड़ी इंश्योरेंस कंपनी LIC को किसी भी तरह का कोई निर्देश या सलाह जारी नहीं करता है। वित्त मंत्री के अनुसार, LIC के निवेश से जुड़ा हर एक फैसला उसका खुद का फैसला होता है और सरकार इसमें किसी भी प्रकार का हस्तक्षेप नहीं करती है। इस बयान से उन सभी खबरों और अफवाहों पर रोक लग गई है, जो LIC के निवेश पर सरकारी दबाव की बात कह रही थीं।
अदाणी ग्रुप में निवेश की प्रक्रिया और पारदर्शिता
वित्त मंत्री ने अपने लिखित जवाब में यह स्पष्ट किया कि अदाणी समूह में एलआईसी का निवेश पूरी तरह से उनकी बोर्ड-अप्रूव्ड पॉलिसी और स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर्स (SOPs) के मुताबिक हुआ है। उन्होंने जोर देकर कहा कि निवेश से पहले जांच-परख (Due Diligence) और सभी जरूरी दस्तावेजीकरण का पालन किया गया था। यह दर्शाता है कि LIC एक स्वतंत्र संस्था के रूप में अपने निवेश के फैसले लेती है और हर फैसला पारदर्शिता के साथ लिया जाता है। वित्त मंत्री का यह बयान निवेशकों के बीच भी विश्वास बढ़ाने का काम करेगा, क्योंकि यह स्पष्ट करता है कि LIC अपने पॉलिसीधारकों के पैसे को सुरक्षित रखने के लिए कड़े नियमों का पालन करती है।
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अदाणी ग्रुप में LIC का मौजूदा निवेश
वित्त मंत्री ने निवेश का ब्यौरा भी सदन के सामने रखा। उन्होंने बताया कि LIC ने अदाणी समूह की करीब छह लिस्टेड कंपनियों में शेयर खरीदे हैं। इन शेयरों की कुल बुक वैल्यू 38,658.85 करोड़ रुपये है। इसके अलावा, LIC ने मई 2025 में अदाणी पोर्ट्स एसईजेड (Adani Ports SEZ) द्वारा जारी किए गए 5,000 करोड़ रुपये के सिक्योर्ड नॉन-कन्वर्टिबल डिबेंचर (NCD) में भी निवेश किया है। वित्त मंत्री ने दोहराया कि यह सभी निवेश पूरी जांच-परख और LIC की निवेश पॉलिसी के अनुसार ही किए गए थे। यह विवरण निवेश की मात्रा और प्रक्रिया दोनों को लेकर बनी भ्रामक स्थिति को साफ करता है।
