विदर्भ में उद्योगों के लिए मिलेगी अतिरिक्त 10 हजार एकड़ जमीन, मंत्री उदय सामंत ने किया ऐलान

विदर्भ में बढ़ते निवेश को देखते हुए राज्य सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। उद्योगों के लिए जमीन की समस्या न हो इसलिए विदर्भ में लगभग 10 हजार एकड़ जमीन को मंजूरी देने का ऐलान मंत्री उदय सामंत ने किया है...
विदर्भ में उद्योगों के लिए मिलेगी अतिरिक्त 10 हजार एकड़ जमीन, मंत्री उदय सामंत ने किया ऐलान
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उद्याेग मंत्री उदय सामंत (सोर्स: एक्स@samant_uday)
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नागपुर: विदर्भ के चंद्रपुर, भंडारा, गड़चिरोली व अन्य भागों में उद्योग के लिए निवेश दिनों-दिन बढ़ता जा रहा है। उद्योगों के लिए जमीन की समस्या न हो, उद्योगपूरक वातावरण तैयार हो, इसलिए क्षेत्र में लगभग 10 हजार एकड़ जमीन संपादित की जाएगी। जानकारी महाराष्ट्र के उद्योग मंत्री उदय सामंत ने दी। उन्होंने बताया कि इसमें से 4 हजार एकड़ जमीन संपादन के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इसके लिए निर्णय लिया है।

मंत्री उदय सामंत ने कहा कि दावोस में 15.70 लाख करोड़ का निवेश हुआ है। इसके अतिरिक्त एडवाटेंज विदर्भ में भी अनेक उद्यमी निवेश का सामंजस्य करार कर रहे हैं। उनके लिए भविष्य में जमीन की जरूरत पड़ने वाली है। इसलिए अतिरिक्त भूसंपादन का निर्णय लिया गया है।

उद्योग नगरी बनेगी गड़चिरोली

गड़चिरोली में लायड्स का बड़ा निवेश है। भविष्य में यह जिला उद्योग नगरी के रूप में पहचाना जाएगा। उद्योगपति जोशी ने 10 हजार करोड़ का निवेश किया है। सज्जन जिंदल ने भी बड़े निवेश का निर्णय लिया है। महायुति के काल में विदर्भ में 50 हजार करोड़ का निवेश हो रहा है। अनेक सामंजस्य करार हो रहे हैं। करार के अमल की गारंटी भी ली जा रही है। लगभग 85 से 90 फीसदी करार पर अमल हो रहा है।

ये सारे निवेश दीर्घकालीन हैं जिन्हें लगने वाले एनओसी देने के कार्य शुरू है। उन्होंने कहा कि विदर्भ में बड़े पैमाने पर निवेश से यहां के लाखों युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे। विविध क्षेत्रों में निवेश हों, इसके लिए सरकार प्रयत्नशील है।

अमरावती में वस्त्रोद्योग परिषद आयोजित की गई है। वस्त्रोद्योग हब तैयार करने के लिए वहां 1000 एकड़ जमीन संपादित की गई है। सेना ने कपास खरीदी का प्रस्ताव रखा है। गोला-बारूद तैयार होने के बाद पैकेजिंग के लिए कपास का उपयोग बड़े पैमाने पर होता है। नागपुर में वाइनरी उद्योग के लिए मांग है।

हर जिले में उद्योग भवन

निवेश के बाद तेजी से उद्योग स्थापित करने के लिए अनेक एनओसी लगते हैं। तेज गति से एनओसी हेतु उद्योग महामंडल व उपक्रम एक ही जगह पर हों, इसके लिए हर जिले में उद्योग भवन स्थापित किये जाएंगे। भवन में खादी ग्रामोद्योग, सिडकाम व अन्य विभागों के कार्यालय होंगे।

नये उद्योगों को 30 दिनों में अनुमति देना अनिवार्य है। अगर इसमें जानबूझकर टालमटोल किया गया तो संबंधित अधिकारी पर कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा उद्यमियों को धमकाने वालों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की चेतावनी उन्होंने दी।

कामठी में महिला एमआईडीसी

कामठी में महिला एमआईडीसी शुरू करने की घोषणा सरकार ने की है। इस संदर्भ में कार्य अंतिम चरण में है। इसके लिए उच्चाधिकार समिति स्थापित की गई है। उन्होंने बताया कि देश में उद्योग में एआई का उपयोग किया जाएगा। इसके लिए देश में पहली एआई नीति महाराष्ट्र की होगी। इसके लिए समिति भी स्थापित करने की जानकारी उन्होंने दी। बिजनेस से जुड़ी अन्य खबरें पढ़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें

इतिहास पर टिप्पणी टालें सोलापुरकर

नागपुरी में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान छत्रपति शिवाजी महाराज व डॉ. बाबासाहब आंबेडकर पर विवादास्पद टिप्पणी करने वाले अभिनेता राहुल सोलापुरकर के सवाल पर मंत्री सामंत ने कहा कि उन्हें इतिहास पर टिप्पणी करने को टालने की सलाह मैंने दी है। वे वरिष्ठ अभिनेता व इतिहास के अभ्यासक हैं। इतिहास के संदर्भ में कुछ अलग बोलने से वाद निर्माण होता है। इसलिए वे न बोलें।

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