महुआ से हारे तेज प्रताप यादव, लेकिन परसा से जीत गईं उनकी साली करिश्मा; तेजस्वी ने बनाया था उम्मीदवार

Tej Pratap Yadav: बिहार विधानसभा चुनाव की मतगणना के शुरुआती रुझान में एनडीए को प्रचंड बहुमत मिलता हुआ नजर आ रहा है। महागठबंधन को बड़ा झटका लगा है। वहीं, तेज प्रताप यादव भी चुनाव हार रहे हैं।
Karishma Rai And Tej Pratap Yadav
करिश्मा राय और तेज प्रताप यादव ( फाइल फोटो)
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Bihar Assembly Elections 2025 Result: बिहार विधानसभा चुनाव में तेज प्रताप यादव की जनशक्ति जनता दल खाता भी नहीं खोल पाई है। वह खुद वैशाली जिले के महुआ विधानसभा सीट पर 20वें राउंड की गिनती के बाद करीब 39 हजार वोटों से पीछे चल रहे हैं। लेकिन उनकी चचेरी साली डॉ करिश्मा राय परसा विधानसभा सीट से जीत की ओर कदम बढ़ा रही हैं। तेजस्वी यादव ने बड़े भाई तेज प्रताप यादव की साली को RJD से उम्मीदवार बनाया था। वहीं, तेज प्रताप की पार्टी जनशक्ति जनता दल ने अन्य कई  सीटों पर प्रत्याशी उतारे थे।

कौन हैं करिश्मा राय ?

पेशे से डेंटिस्ट करिश्मा राय, बिहार के पूर्व CM दरोगा राय की पोती हैं और तेज प्रताप की पत्नी ऐश्वर्या राय की चचेरी बहन हैं। बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री दारोगा राय के दो बेटे चंद्रिका राय और विधानचंद्र राय हैं। करिश्मा राय चंद्रिका राय के बड़े भाई विधानचंद्र राय की बेटी हैं। लालू प्रसाद के बड़े बेटे तेज प्रताप की पत्नी ऐश्वर्या राय की वह बड़ी बहन हैं।

चुनाव से पहले RJD में शामिल हुईं थी करिश्मा

तेजस्वी ने विधानसभा चुनाव से पहले करिश्मा को RJD में शामिल कराया था। करिश्मा पेशे से डेंटिस्ट हैं। चर्चा थी कि जदयू परसा सीट पर ऐश्वर्या राय के पिता चंद्रिका राय को टिकट देने वाली है, लेकिन हाल ही में राजद से शामिल हुए छोटेलाल राय को परसा से कैंडिडेट बनाया गया था। छोटेलाल राय परसा विधानसभा सीट से राजद के विधायक है। उन्होंने पिछले चुनाव में चंद्रिका राय को 17,000 मतों से पराजित किया था।

दोपहर दो बजे तक 23% वोट शेयर

इस हाहाकारी हार के बीच वोट शेयर के आकंड़े आरजेडी के जख्म पर मरहम लगा सकते हैं। पार्टी इस चुनाव में वोट शेयर के मामले में सबसे बड़े दल के रूप में उभरी है। 2 बजे तक गिने गए वोटों के आधार पर आरजेडी को करीब 23 पर्सेंट वोट शेयर मिला है। सीटों के लिहाज से सबसे बड़ी पार्टी बनी भाजपा को 21 फीसदी के करीब वोट हासिल हुआ है। वहीं, जेडीयू को 18.92 फीसदी वोट मिला है। कांग्रेस को 8.15 फीसदी वोट मिले हैं।

50 सीटों के भीतर ही सिमटी महागठबंधन

बिहार विधानसभा चुनाव की मतगणना के शुरुआती रुझान में एनडीए को प्रचंड बहुमत मिलता हुआ नजर आ रहा है। वहीं, महागठबंधन को बड़ा झटका लगा है। राजद-कांग्रेस मिलकर भी 50 सीटों पर जीत हासिल करने के लिए संघर्ष कर रही है। इस बीच सवाल उठ रहा है कि अगर इस चुनाव में भी राजद को हार का सामना करना पड़ता है, तो तेजस्वी का राजनीतिक भविष्य क्या होगा? सियासत उनकी रगों में दौड़ती है, क्योंकि उनके पिता और मां दोनों बिहार के मुख्यमंत्री रह चुके हैं।

तेजस्वी के राजनीतिक भविष्य पर उठा सवाल

तेजस्वी यादव आरजेडी के युवराज हैं और उन्हें 2025 के विधानसभा चुनाव में भावी सीएम माना जा रहा था, लेकिन बिहार के नतीजों ने उन्हें निस्तेज कर दिया है। बात हो रही है तेजस्वी यादव की, जिनके जीत के तमाम दावों को बिहार की जनता से सिरे से नकार दिया है। अब सवाल उठता है कि क्या यह चुनावी हार तेजस्वी यादव का राजनीतिक तेज खत्म कर देगी? इन नतीजों के बाद आरजेडी के युवराज का भविष्य कैसा होगा?

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